Guru Dosh Ke Upay: कुंडली में है गुरु दोष तो जरूर करें ये उपाय, भूलकर भी न करें साफ-सफाई

Updated: | Fri, 24 Sep 2021 10:20 AM (IST)

Guru Dosh Ke Upay: बृहस्पति ग्रह हर इंसान की कुंडली में महत्वपूर्ण स्थान रखता है। इसे सबसे प्रभावशाली ग्रह माना जाता है। कुंडली में बृहस्पति के उच्च भाव में और मजबूत होने पर सब कुछ सही रहता है और उस इंसान को किसी तरह की परेशानी नहीं होती है। ऐसे व्यक्ति लगातार तरक्की करते हैं। साथ ही गुरु वैवाहिक जीवन और भाग्य का कारक ग्रह भी है। इसी वजह से कुंडली में गुरु की स्थिति कमजोर होने पर कई तरह की समस्याएं आती हैं। ऐसे व्यक्ति की शिक्षा बेहतर नहीं हो पाती और उसे आर्थिक समस्याओं का सामना करना पड़ता है। हालांकि हम कुछ उपाय करके और सावधानी रखकर इस परेशानियों को कम कर सकते हैं। यहा हम इसी बारे में बता रहे हैं।

गुरुवार के दिन आप कई तरह के उपाय करके आने वाली परेशानियों से बच सकते हैं। साथ ही इस दिन कुछ गलतियां करने से भी बचना चाहिए। अन्यथा मां लक्ष्मी नाराज हो जाती हैं और गर में दरिद्रता आने लगती है।

अपनी किस्मत चमकाने के लिए करें ये उपाय

भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी संपन्नता के प्रतीक हैं। इसलिए गुरुवार के दिन विष्णु भगवान और माता लक्ष्मी की पूजा करनी चाहिए। संभव हो तो बृहस्पतिवार की व्रत कथा भी पढ़ें। ऐसा करने से दांपत्य जीवन सुखी रहता है और जीवन में सुख-समृद्धि बनी रहती है।

शास्त्रों के अनुसार गुरुवार को आटे की लोई में चने की दाल, गुड़ और हल्दी डालकर जानवरों को खिलाना चाहिए। ऐसा करने से भगवान प्रसन्न होते हैं।

नहाते समय पानी में एक चुटकी हल्दी डाल लें। इससे शुद्धता बनी रहेगी और आपकी परेशानियां दूर होंगे।

गुरुवार के दिन किसी निर्धन को चने की दाल, केला, पीले वस्त्र आदि का दान करना चाहिए।

शिक्षा से जुड़े कार्यों के लिए भी गुरुवार का दिन काफी अच्छा माना जाता है। इसलिए शिक्षा के जुड़े सभी काम इसी दिन शुरू करें।

भूलकर भी न करें ये गलतियां

शास्त्रों के अनुसार गुरुवार के दिन सिर धोने, बाल कटवाने, शेविंग करने और नाखून काटने की मनाही है। ऐसा करने से मां लक्ष्मी नाराज हो जाती हैं और धन संबंधी परेशानियां बढ़ती हैं।

गुरुवार के दिन घर की साफ सफाई भी नहीं करनी चाहिए। हालांकि रोजाना की सफाई से कोई परेशानी नहीं है, लेकिन कोई विशेष सफाई न करें।

गुरुवार के दिन धोबी के पास कपड़े धुलने के लिए या प्रेस के लिए भी नहीं देने चाहिए।

Posted By: Arvind Dubey