भिंड। नईदुनिया प्रतिनिधि

नेशनल हाइवे पर क्वारी नदी पुल के नीचे हुई वारदात को लेकर पुलिस और भाजयुमो नेता के अपने-अपने तर्क हैं। एसआई रोहित गुप्ता का कहना है, भाजयुमो नेता रक्षपाल सिंह सफारी गाड़ी लेकर क्वारी नदी में जा रहे थे। रोकने पर उन्होंने पहले एसआई संदीप चौधरी से गाली-गलौज किया। आगे बढ़े तो मुझसे अभद्रता की। उन्हें अभद्रता करने से रोका तो साथियों ने हमला किया। रक्षपाल ने पिस्टल छीनना चाही। बचाव में पिस्टल से 2 फायर किए। भाजयुमो नेता का कहना है हाइवे पर जाम के हालात बन रहे थे। उन्होंने एसआई गुप्ता से व्यवस्था सुधारने के लिए कहा तो एसआई गालियां देने लगे। गाली देने से रोका तो एसआई ने पिस्टल से पैर पर 3 फायर किए। गोली छूकर निकली।

पुलिस ने एफआईआर में यह लिखा

एसआई गुप्ता के मुताबिक क्वारी नदी पर ड्यूटी के लिए वे एएसआई राजकुमार यादव, हवलदार अजय कुमार, आरक्षक सोनू सिंह तोमर, आरक्षक रामवीर भदौरिया के साथ पंहुचे। दोपहर में 1-1ः30 बजे के बीच सफेद रंग की सफारी गाड़ी से रक्षपाल सिंह अपने भाई बनिया उर्फ विनोद सिंह, जितेंद्र तोमर, श्यामू भारौली और चार अन्य लोगों के साथ पहुंचे थे। गाड़ी को नीचे नदी में उतारने लगे। रोका तो कहा मुझे जानता नहीं है, तेरी नौकरी खा जाउंगा। गालियां देने लगा और गिरेबान पकड़कर मारने लगा। एसआई के मुताबिक विरोध करने पर रक्षपाल अपनी गाड़ी से कुल्हाड़ी लेकर आया। जान से मारने के लिए पीछे से सिर में कुल्हाड़ी से वार किया। इससे सिर में चोट आई है। इस दौरान रक्षपाल के साथ के बाकी लोग लाठी-डंडे लेकर आए। मारपीट करने लगे। बचाने के लिए एसआई संदीप चौधरी, एएसआई राजकुमार यादव, हवलदार अजय कुमार बचाने लगे। एसआई के मुताबिक रक्षपाल उतावला होकर सर्विस पिस्टल छीनने लगा। मैंने दूर भागकर आत्मरक्षा में 2 राउंड हवाई फायर किए।

भाजयुमो नेता ने लूट के आरोप लगाए

भाजयुमो नेता रक्षपाल सिंह की ओर से उनके चाचा नरेश सिंह पुत्र गुलाब सिंह की ओर से आवेदन दिया गया है। रक्षपाल की ओर से कहा गया है कि वह विसर्जन करने के लिए गए थे। एसआई रोहित गुप्ता ने गालियां दी। गाली देने से मना किया तो एसआई गुप्ता ने जान से मारने की नीयत से सर्विस रिवॉल्वर से 3 फायर किए। गोली बाएं हाथ और सिर के ऊपर छूकर निकली। मोबाइल, 10 हजार रुपए, सोने की अंगूठी छीन ली। पटककर बंदूकों के बट और लाठियों से पीटा। शरीर में गंभीर चोटें आईं। सिर फट गया। थाने में बैठे रक्षपाल सिंह ने मीडियाकर्मियों को बताया मैंने उनसे (एसआई संदीप चौधरी से) कहा रास्ते में जाम लग रहा है। एसआई चौधरी ने कहा, मैं दूख लूंगा। एसआई चौधरी ने कहा तुम क्यों नेता बन रहे हो। इसी दौरान एसआई रोहित गुप्ता आए तो उन्होंने गालियां दी। गाली देने से रोका तो उन्होंने रिवॉल्वर से मेरे पैर पर 3 फायर किए। मैंने रिवॉल्वर (पिस्टल) पकड़ ली। इससे वे नीचे गिर गए और उनके सिर में चोट आई। आप उनकी रिवॉल्वर की जांच करवा लो।

नईदुनिया पड़तालः यह कहानी आई सामनेः

भाजयुमो नेता रक्षपाल सिंह अपने परिवार और साथियों के साथ गणेश प्रतिमा विसर्जन के लिए क्वारी नदी के पुल पर गए थे। यहां देहात थाने के एसआई संदीप चौधरी से कहासुनी हुई। आगे बढ़े तो एसआई रोहित गुप्ता से सामना हुआ। दोनों में कहासुनी हुई। गाली-गलौज की नौबत आई तो एसआई ने रक्षपाल में चांटा मारा। पीछे से एसआई को धक्का मारा गया। एसआई गुप्ता ने पिस्टल से रक्षपाल के पैर पर गोली चलाई। गोली पैर में लग नहीं पाई। रक्षपाल ने पिस्टल पर झपट्टा मारा। पिस्टल लोड थी, एसआई गुप्ता ने उसे कसकर पकड़ लिया। रक्षपाल ने एसआई के बाएं हाथ में काट लिया। एसआई की पिस्टल पर पकड़ ढीली हुई। पिस्टल रक्षपाल और एसआई गुप्ता के हाथ में आ गई। अनहोनी रोकने एसआई संदीप चौधरी और अन्य पुलिसकर्मी पिस्टल को कब्जे में लेने आए। इस घटनाक्रम के 1 मिनट 33 सेकंड और 15 सेकंड के दो वीडियो वायरल हुए हैं। दोनों वीडियो में पुलिसकर्मियों की भाजयुमो नेता से गुत्थमगुत्था हो रही है। गोली चलने की आवाज आती है। यह भी कहा जाता है मार गोली। मार गोली।

फूफ थाने में एकत्रित हुए भाजपा नेताः

भाजयुमो जिला मंत्री रक्षपाल सिंह के लिए भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष अवधेश सिंह कुशवाह, मायाराम शर्मा, किसान मोर्चा जिलाध्यक्ष अजय सिंह भदौरिया फूफ थाने पहुंचे। बाद में भाजपा जिलाध्यक्ष नाथू सिंह गुर्जर, भाजयुमो जिलाध्यक्ष धर्मेंद्र गुर्जर, पूर्व जिलाध्यक्ष संजीव कांकर और केशव सिंह भदौरिया भी थाने पहुंचे। थाने के बाहर भाजपा समर्थकों का जमावड़ा रहा। रक्षपाल सिंह के भाई विनोद सिंह और सोनू सिंह ने अपने शरीर पर चोटों के निशान दिखाते हुए कहा कि पुलिस ने उनके साथ भी मारपीट की है।

रक्षपाल से मिलने नेताओं को करना पड़ी मिन्नातें:

- टीआईः विसर्जन को लेकर मारपीट की है। हमने अरेस्ट किया है।

- नाथू गुर्जरः उसको (रक्षपाल) को भी चोट लगी हैं।

- टीआईः पुलिस को मारा है तो पुलिस ने भी मारा ही होगा।

- धर्मेंद्र गुर्जरः केस हमारी ओर से भी करो। उसकी एमएलसी कराओ।

- टीआईः कोर्ट में पेश करें तब करवा लेंगे।

- नाथू गुर्जरः (टीआई पर जोर देते हुए) एमएलसी तो करवा लो।

- टीआईः पुलिस तो अपने तरीके से करेगी। आपके कहने से तो नहीं करेगी। हमारे दरोगा को मारा है। वह आरोपित है। उसको गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश करेंगे। माननीय न्यायालय के जो आदेश होंगे वैसी कार्रवाई करें।

- धर्मेंद्र गुर्जरः हमारा आदमी पिटा है।

- टीआईः आप न्यायालय में लगा सकते हैं। न्यायालय कहेगा तो हम मेडिकल कराएंगे न। पहले गिरफ्तारी होगी।

- संजीव कांकरः चलो इन्हें पेश करने दो।

- धर्मेंद्र गुर्जरः हम लोगों को उससे मिलवा तो दो।

- टीआईः लिखा-पढ़ी चल रही है तब तक तो नहीं मिलवाएंगे।

- नाथू गुर्जरः एमएलसी तो करवा सकते हैं न, उसे कुछ हो गया तो।

- टीआईः हो गया तो पुलिस जिम्मेदार।

- नाथू गुर्जरः वो ही तो कह रहे, आप ऐसी जिम्मेदारी क्यों उठा रहे हैं।

- टीआईः आरोपित को न्यायालय में पेश करने से पहले हम मेडिकल कराएंगे।

- संजीव कांकरः कैसे भी करके आप एमएलसी करवाओ।

- केशव सिंहः दो-एक लोगों से मिल लेने दो।

- टीआईः कार्रवाई तो करने दो।

- अजय सिंहः कार्रवाई तो हो गई, एफआईआर हो गई।

- नाथू गुर्जरः कोई व्यवधान नहीं करेंगे। हम जिम्मेदार लोग हैं। आप विश्वास मानो। नहीं फिर संगठन क्या कहेगा?

- टीआईः अभी हम बाहर ही तो उसे पेश करेंगे।

- केशव सिंहः कोई आतंकवादी तो नहीं है वो।

- अजय सिंहः न कोई क्रिमिनल है। मिल लेने दो।

- टीआईः(पूर्व जिलाध्यक्ष संजीव कांकर, जिलाध्यक्ष नाथू गुर्जर से) आप दोनों मिल लो।

फोटो नंबर 9,10,11,12,15,19,20,22,23 सहितः-