फूफ( नईदुनिया प्रतिनिधि)।

फूफ कस्बे के लोगों को पानी खरीदकर पीना पड़ रहा है। नलों से बदबूदार पानी की सप्लाई होने के कारण इसका उपयोग नहाने, कपड़े धोने व अन्य कार्यों में किया जा रहा है। कस्बे की तकरीबन 3 हजार की आबादी इससे प्रभावित है। काफी शिकायत के बाद भी नगर परिषद अधिकारी इस ओर ध्यान नहीं दे रहे हैं। स्थानीय निवासी अब आंदोलन की रणनीति तैयार कर रहे हैं। उनका कहना है कि जल्द ही समस्या को हल नहीं किया गया तो वे सड़कों पर उतरकर विरोध जताएंगे।

कस्बे के सदर बाजार, गायत्री नगर, भदाकुर रोड, बस्ती, सुरपुरा रोड सहित अन्य इलाके के कुछ हिस्से में नलों से बदबूदार पानी आता है। यह स्थिति तकरीबन 2 महीने से हैं। इन इलाकों में पंप हाउस से पानी की सप्लाई होती है और काफी समय से पाइप लाइन नहीं बदलने से यह क्षतिग्रस्त हो गई हैं। इस कारण पानी दूषित हो जाता है और यही पानी नलों के जरिए लोगों के घरों में पहुंचता है। ऐसी स्थिति में स्थानीय निवासियों को पीने के लिए पानी बाजार से खरीदना पड़ता है। सुबह व शाम के समय लोगों को पानी की केन खरीदते आसानी से देखा जा सकता है।

बीमारी फैलने का खतरा :

नलों से दूषित पानी आने के कारण बीमारियां फैलने का खतरा भी मंडरा रहा है। क्योंकि कुछ लोग तो बाजार से पानी खरीद लेते हैं, लेकिन जो समर्थ नहीं है वे इस दूषित पानी का उपयोग करते हैं। दूषित पानी का उपयोग किए जाने से बीमारी फैलने की आशंका बनी हुई है, लेकिन अधिकारी इस ओर ध्यान नहीं दे रहे हैं।

वर्जनः फोटो सहित

हमारे वार्ड में कई महीनों से गंदा पानी आ रहा है। गंदे पानी का मुद्दा परिषद में उटाने के साथ हमनें सीएमओ से भी शिकायत की, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही है।

पप्पू चौबे, स्थानीय निवासी

वर्जनः फोटो सहित

यहां कस्बे में कई दिनों से नलों में गंदा पानी आ रहा हैं। लोगों इस दूषित पानी पीने के लिए मजबूर हैं। इससे मोहल्ले में बीमारियां फैल रही हैं।

भानू राजावत, स्थानीय निवासी

वर्जनः

कस्बे में जर्जर पाइप लाइन का सर्वे करवा रहे हैं। रिपोर्ट आने के बाद हम पाइप लाइनों को सही कराया जाएगा। जिससे लोगों को गंदा पानी नहीं मिले।

प्रदीप कुमार शर्मा, सीएमओ नगर परिषद फूफ।

फोटो सहित क्रमांक 11

Posted By: Nai Dunia News Network