भोपाल, नवदुनिया प्रतिनिधि। शरीर का शुद्धिकरण करना है तो आपको प्राकृतिक चिकित्सा का सहारा लेना पड़ेगा। यह सस्ती सुंदर और सरल चिकित्सा पद्धति है। अपने खानपान को बदलकर और दिनचर्या में बदलाव लाकर आप हमेशा स्वस्थ रह सकते हैं। संत हिरदाराम नगर में स्‍थित आरोग्य केंद्र में आयोजित प्राकृतिक चिकित्सा शिविर का शुभारंभ करते हुए प्राकृतिक चिकित्सक डॉक्टर गुलाब राय टेवानी ने यह बात कही। शिविर में आए लोगों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि इस शिविर का उदेश्य ही आपको रोग मुक्त करना है। दस दिवसीय शिविर में शरीर का शुद्विकरण कैसे करें, यह सिखाया जाएगा। शरीर का शुद्विकरण होना बहुत ही जरूरी हैं। आप ऐसा आहार व उपचार लें, जिससे आपको अधिक से अधिक स्वास्थ्य लाभ मिल सके। बीमारियों से निजात पा सके।

डा. टेवानी ने कहा कि प्राकृतिक चिकित्सा में खान-पान एवं रहन-सहन की आदतों पर विशेष महत्व दिया जाता है। हमें अपने आहार में बदलाव लाना चाहिए, जिससे कि हमें औषधि लेने की आवश्यकता ही नहीं पड़े। आपको प्राकृतिक व अपक्व आहार लेने की आदत डालनी चाहिए यह स्वादिष्ट, सुपाच्य व स्वास्थ्यवर्धक होता हैं।

अच्छा स्वास्थ्य जरूरी है, न कि स्वाद

डॉ टेवानी ने कहा कि अच्छा स्वास्थ्य चाहिए तो स्वाद को त्यागना ही पडेगा। स्वस्थ जीवन प्राप्त करने के लिए एक ही उपाय है अपनी दिनचर्या में परिवर्तन करना। आप अपनी दिनचर्या में परिवर्तन करेंगे तो ही आप स्वास्थ्य लाभ पा सकेंगे। यहाँ पर आपको ऐसी दिनचर्या व उपचार पद्वति सीखाऐंगे जिससे आप दूसरी बार कभी बीमार नही होंगे।बीमारियों का मुख्य कारण है शरीर में गंदगी का जमा होना। बीमारियों से निजात पाने के लिए एनिमा, उपवास व अपक्वाहार, का विशेष महत्व है। प्राकृतिक चिकित्सा रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाता हैं। साथ ही स्वस्थ जीवन शैली को अपनाकर निरोगी जीवन जीने में सहायक है। प्राकृतिक चिकित्सा में प्राकृतिक भोजन, प्राकृतिक उपचार एवं योग से शरीर का शुद्धिकरण करते हैं। आपको जब भी समय मिले तो स्वास्थ्यवर्धक पुस्तकों का अध्ययन करें जिससे प्राकृतिक चिकित्सा व प्राकृतिक आहार के बारे में आपको और अधिक जानकारी मिल सके।

Posted By: Ravindra Soni

NaiDunia Local
NaiDunia Local
  • Font Size
  • Close