भोपाल। विधि संशोधन विधेयक के बहाने कमलनाथ सरकार ने बुधवार को सदन में अपना बहुमत सिद्ध कर दिया। पिछले छह माह में यह चौथा मौका है, जब सरकार ने सदन में बहुमत साबित किया है।

हैरत की बात तो यह है कि सतना के मैहर से भाजपा विधायक नारायण त्रिपाठी और शहडोल के ब्यौहारी से भाजपा विधायक शरद कौल सरकार के साथ आ गए और विपक्ष को पता तक नहीं चला। जबकि उस समय सदन में पार्टी के वरिष्ठ नेता भी मौजूद थे। इस मामले पर जहां मुख्‍यमंत्री कमलनाथ ने कहा कि हमने बहुमत सिद्ध कर दिया वहीं भाजपा ने इसे लोकतंत्र का गला घोंटने वाला कृत्‍य बताया है।

कमलनाथ ने अपनी प्रति‍क्रिया में कहा कि हमने अपना बहुमत सिद्ध कर दिखाया। यह मतदान महज विधेयक पर नहीं, बल्कि बहुमत सिद्धि का मतदान है। हमें आज 122 विधायकों का समर्थन प्राप्त हो गया है। पिछले छह माह से भाजपा रोज कहती रही कि अल्पमत की सरकार आज-कल में जाने वाली है। नेता प्रतिपक्ष ने आज भी कहा कि हमें इशारा मिल जाए तो हम आज सरकार गिरा दें। मैंने उसी समय उन्हें अविश्वास प्रस्ताव के लिए आमंत्रित किया था। मैंने सोच लिया कि हम बहुमत सिद्ध कर देंगे, ताकि दूध का दूध और पानी का पानी हो जाए।

वहीं पूर्व सीएम शिवराज सिंह ने कहा कि लोकतंत्र का गला घोंटा गया, कर्नाटक में हुए उलटफेर के बाद सत्ता पक्ष के लोग घबराए हुए हैं। उन्हें कदम-कदम पर लगता है, अब जाएंगे तब जाएंगे, इसलिए मजबूती दिखाने के लिए ऐसे विधेयक पर मतदान हो गया, जिसका पक्ष-विपक्ष सभी समर्थन कर रहे थे। किसानों की कर्जमाफी पर चर्चा न हो पाए, उसे टालने के लिए यह सब किया गया। सरकार गिरेगी तो अपने अंतर्विरोधों के चलते ही गिरेगी।

यह कर्नाटक का जवाब

यह कर्नाटक का जवाब है, भाजपा विधायक नारायण त्रिपाठी और शरद कोल ने कांग्रेस को समर्थन दिया है। भाजपा की प्रजातांत्रिक विरोधी नीतियों का जनता भी विरोध करेगी।

- डॉ गोविंद सिंह, संसदीय कार्य मंत्री

मैहर के विकास की खातिर दिया समर्थन

मैहर के विकास की खातिर मैंने कमलनाथ सरकार को बिना शर्त समर्थन दिया है। पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने मैहर को लेकर जितनी घोषणाएं की थीं, उन पर कोई काम नहीं हुआ। भाजपा नाटक-नौटंकी करती है। मैं धंधा-व्यापार के लिए राजनीति में नहीं आया। भाजपा में दूसरे दलों से आए लोगों को तिरस्कृत किया जाता है, इसलिए सब छटपटा रहे हैं।

- नारायण त्रिपाठी, विधायक मैहर

दोनों विधायक आज भी हमारे साथ

भाजपा के सभी विधायक एकजुट हैं, समय आने पर कांग्रेस को इसका अंदाजा हो जाएगा। हमारी सूचना है कि दोनों विधायक नारायण त्रिपाठी और शरद कौल आज भी हमारे साथ हैं। ऐसे प्रयोग तो कर्नाटक में भी कई बार हो चुके। भाजपा कई बार कह चुकी कि सरकार गिराने का हमारा इरादा नहीं, सरकार को विकास पर ध्यान देना चाहिए।

- राकेश सिंह, प्रदेश अध्यक्ष, भाजपा मप्र

भाजपा नेताओं को आईना दिखाया

भाजपा के दो विधायकों नारायण त्रिपाठी और शरद कोल को घर वापसी पर बधाई। दोनों विधायकों ने कांग्रेस के पक्ष में मतदान कर सरकार की नीतियों से सहमति जताई है। बार-बार अल्पमत की सरकार कहने वाले भाजपा के नेताओं को आईना भी दिखाया। विश्वास है कि कांग्रेस सरकार मजबूती के साथ अपने विकास कार्यों को आगे बढ़ाएगी।

- ज्योतिरादित्य सिंधिया, पूर्व केंद्रीय मंत्री

दो-तीन विधायकों का मामला पाइप लाइन में

कमलनाथ सरकार को कोई खतरा नहीं है। भाजपा नेता अहंकारपूर्ण बातें जैसे हाईकमान का इशारा हो जाए तो सरकार एक दिन में गिरा देंगे, अब भाजपा के दो विधायक हमारे साथ आ चुके हंै। दो-तीन भाजपा विधायकों का मामला अभी पाइपलाइन में है।

- गोविंद सिंह राजपूत, राजस्व एवं परिवहन मंत्री