भोपाल। जब से संशोधित मोटर व्हीकल एक्ट लागू हुआ है, तब से ही भारी-भरकम जुर्माने को लेकर इसका विरोध हो रहा है। मध्य प्रदेश, राजस्थान समेत कई राज्यों ने इसे अभी लागू ही नहीं किया है। वहीं गुजरात ने लोगों के विरोध को देखते हुए भारी-भरकम जुर्माने की राशि को आधा कर दिया है। इस बीच मध्य प्रदेश के परिवहन मंत्री गोविंद सिंह राजपूत का बयान सामने आया है। उन्होंने केंद्र सरकार द्वारा लागू किए गए संशोधित मोटर व्हीकल एक्ट को तुगलकी बताते हुए कहा कि, "इस एक्ट के तहत नियमों का पालन नहीं करने पर जो जुर्माना वसूला जा रहा है, उसका बोझ आम आदमी नहीं उठा सकता है। ऐसे में मैं इस विषय पर मुख्यमंत्री कमलनाथ से बात करूंगा और जहां जरूरत होगी, वहां आम आदमी को राहत पहुंचाई जाएगी।"

ये कोई पहला मौका नहीं है, जब मध्य प्रदेश के परिवहन मंत्री ने संशोधित मोटर व्हीकल एक्ट पर सवाल खड़े किए हैं। इससे पहले भी उन्होंने कहा था कि, "केंद्र सरकार के मोटर व्हीकल एक्ट संसोधन को प्रदेश में भी लागू किया जाएगा, यह तय है, लेकिन उसे पहले तर्कसंगत बनाया जाएगा। वर्तमान में विधायकों के साथ ही प्रदेश की जनता भी इसे अव्यवहारिक मान रही है। इस एक्ट के प्रावधानों को व्यवहारिक बनाने सभी से राय लेकर होमवर्क किया जा रहा है।

परिवहन मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने बताया कि केंद्र सरकार ने जुर्माने की राशि इतनी बढ़ा दी है जो लोगों के बूते से बाहर है। इसलिए फिलहाल इसे प्रदेश में लागू नहीं किया गया है। नए मोटर व्हीकल एक्ट को लागू करने के लिए अन्य राज्यों के फॉर्मट का अध्ययन किया जा रहा है। इसके अलावा विशेषज्ञों से राय लेने के साथ ही विधायकों से भी चर्चा की जा रही है। आमजनता की राय भी ली जा रही है।