भोपाल। छिंदवाड़ा के जिला अस्पताल में मोतियाबिंद के ऑपेरशन के बाद धुंधला दिखने की शिकायत करने वाले चार में से तीन मरीजों को गुरुवार दोपहर हमीदिया लाया गया। इनमें दो महिलाएं और एक पुरुष है। यहां डॉक्टरों की टीम ने इन मरीजों की जांच की है। इसमें सामने आया है कि मरीजों की आंख में संक्रमण नहीं है।

कॉर्निया में हल्की सूजन है। दो-तीन दिन के भीतर इनकी तकलीफ ठीक हो जाएगी। दोपहर तीन बजे के करीब चिकित्सा शिक्षा मंत्री डॉ. विजय लक्ष्मी साधौ भी इन मरीजों से मिलने हमीदिया अस्पताल पहुंचीं। उन्होंने मरीजों को हर संभव मदद का भरोसा दिलाया है।

करीब हफ्ते भर पहले छिंदवाड़ा में इनकी एक-एक आंख के मोतियाबिंद का ऑपरेशन किया गया था। चार दिन पहले इममें से चार मरीजों ने धुंधला दिखने की शिकायत की थी। इनमें तीन को बेहतर इलाज के लिए हमीदिया अस्पताल लाया गया है। बाकी एक की हालत में सुधार दिखने पर उसका छिंदवाड़ा में ही इलाज चल रहा है।

हमीदिया अस्पताल के अधिकारियों ने बताया कि मरीजों की बीएस स्कैन (सूजन पता करने के लिए सोनोग्राफी) किया गया है। अन्य जांचें भी की गई हैं। इसमें सामने आया है कि मराजों की आंख में संक्रमण् नहीं बल्कि किसी चीज से रिएक्शन हुआ है। इसके चलते कॉर्निया में हल्की सूजन है। इलाज के साथ ही दो-तीन दिन में तीनों मरीजों की नजर सामान्य होने की उम्मीद है।

लोगों की आंखों की रोशनी छीन रही सरकार: राकेश सिंह

भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष राकेश सिंह ने छिंदवाड़ा में मोतियाबिंद रोगियों को एक्सपायरी डेट का इंजेक्शन लगाने से आंखों की रोशनी जाने के लिए सरकार को जिम्मेदार ठहराया है। सिंह ने कहा कि प्रदेश में एक बार फिर कांग्रेस सरकार और उसके स्वास्थ्य महकमे ने अपनी लापरवाही के चलते चार रोगियों की आंखों की रोशनी छीन ली। पहले इंदौर और अब मुख्यमंत्री कमलनाथ के गृह जिले छिंदवाड़ा में डॉक्टरों ने जिस तरह की लापरवाही को दोहराया है, उससे जाहिर है कि प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था बुरी तरह चरमरा गई है। मरीजों की जिंदगी को नर्क बनाने वाले डॉक्टरों, कर्मचारियों पर सरकार का किसी तरह का कोई नियंत्रण नहीं है।

Posted By: Hemant Upadhyay