भोपाल (ब्यूरो)। नगरीय निकायों और संविदा शिक्षक भर्ती में 50 फीसद आरक्षण के बाद राज्य सरकार पुलिस भर्ती में भी 30 फीसद पद महिलाओं के लिए आरक्षित करने की तैयारी में है। इसके संकेत मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने सोमवार को एक कार्यक्रम में दिए। वे बोले जब बेटियों के हाथ में डंडा रहेगा तभी गुण्डों की अक्ल ठिकाने आएगी। राजधानी में ममता संकल्प दिवस के कार्यक्रम का विषय प्रदेश में माताओं और शिशुओं की मौत कम करने पर केंद्रित था।

इस पर सीएम ने कहा माताओं और बेटियों की मौत प्रदेश के माथे पर कलंक है। उनके साथ भेदभाव भी अपराध है। प्रदेश में बेटियों की पढ़ाई और खान-पान में भेदभाव किया जाता है। जल्द ही वे महिला पंचायत बुलाकर उनकी समस्याएं सुनेंगे। महिलाओं को हर स्तर पर सशक्त बनाएंगे। पुलिस भर्ती में अभी महिलाओं के लिए 10 फीसद आरक्षण है, इसे बढ़ाकर 30 फीसद किया जाएगा। इससे समाज में महिला सम्मान को लेकर नया संदेश जाएगा। उन्होंने पूरे प्रदेश में ममता सम्मलेन करने को कहा। पहला सम्मेलन अक्टूबर में होगा। ममता अभियान से जनप्रतिनिधियों को भी जोड़ा जा रहा है। मातृ एवं शिशु सुरक्षा के लिए हर पंचायत में 25 सितंबर को विशेष ग्राम सभा बुलाई जाएगी।