Tokyo Olympics: ( नवदुनिया प्रतिनिधि ) भारतीय महिला हाकी टीम ने ऑस्‍ट्रेलिया जैसी मजबूत टीम पर 1-0 से रोमांचक जीत दर्ज कर टोक्‍यो ओलिंपिक के सेमीफाइनल में प्रवेश किया । भारतीय टीम पहली बार अंतिम चार में पहुंचकर इतिहास रचा है। मैच का एकमात्र गोल गुरजीत कौर से दागा है, लेकिन पूरी ने जोरदार खेल का प्रदर्शन किया है। इसमें मध्‍य प्रदेश के लिए खेल चुकी वंदना कटारिया, सुशीला चानू और मोनिका मलिक ने भी इसमें अपना विशेष योगदान दिया है।

भारतीय टीम ने ओलिंपिक अभियान में अपनी शुरुआत बहुत खराब तरीके से की थी। पहले मैच तीन मैच नीदरलैंडस, जर्मनी और ग्रेट ब्रिटेन के खिलाफ हार का सामना करना पड़ा था। चौथे मैच में आयरलैंड के खिलाफ 1-0 से जीत दर्ज कर भारतीय टीम फिर से लय में लौटी। लीग के अंतिम मुकाबले में दक्षिण कोरिया को 4-3 से हराकर क्‍वार्टर फाइनल की अंतिम सीट बुक की। इसमें भोपाल भारतीय खेल प्राधिकरण( साई) में रह कर मप्र का कई सालों तक प्रतिनिधित्‍व करने वाली वंदना कटारिया ने तीन गोल दागे थे। सोमवार जब भारतीय टीम दूसरे पूल की शीर्ष टीम ऑस्‍ट्रेलिया के खिलाफ मैदान में उतरी तो किसी को उम्‍मीद नहीं थी कि भारतीय टीम इतना सधा हुआ प्रदर्शन करेगी। इस मुकाबले में भी वंदना कटारिया, मध्‍य प्रदेश राज्‍य अकादमी में र‍ह चुक मोनिका मालिक व सुशीला चानू ने भी अपने खेल से प्रभावित किया है।

मध्‍य प्रदेश राज्‍य अकादमी ग्‍वालियर के मुख्‍य कोच परमजीत सिंह ने बताया कि सुशीला चानू 2006 से 2012 तक और मोनिका 20210 से 2011 तक अकादमी में रही है। उन्‍होंने कहा कि भारतीय टीम ने इतिहास रच दिया है। अब पदक की उम्‍मीदें बढ़ गई हैा भारतीय टीम ने जो आज उपलब्धि अर्जित की है, इसमें पूरे देश में हॉकी के लिए किए जा रहे कार्य हैद्य आज मप्र अकादमी, साई के सेंटर और राज्‍यों का हॉकी के लिए किया गया काम भी महत्‍वपूर्ण है।

Posted By: Lalit Katariya

NaiDunia Local
NaiDunia Local