सरदारपुर (नईदुनिया न्यूज)। पुराने राष्ट्रीय राजमार्ग पर मारू समाज श्रीराम मंदिर में शुक्रवार को भागवत कथा का समापन हुआ। कथावाचक संदीप दवे लाबरिया ने कहा कि भागवत पुराण में व्यासजी ने कहा कि परोपकार करने से पुण्य की प्राप्ति होती है और दूसरे को पीड़ा व कष्ट देने से पाप की भागीदारी होती है।

कथा के अंतिम दिन कथावाचक दवे ने श्रीकृष्ण-सुदामा की मित्रता का वर्णन किया। समापन अवसर पर चल समारोह निकाला गया। इसमें श्रद्धालु बारी-बारी से भागवत एवं जवारों को सिर पर उठाकर तथा आगे श्रद्धालु भजनों पर थिरकते चल रहे थे। जगह-जगह भागवत का श्रद्धालुओं ने पुष्पवर्षा कर स्वागत किया तथा पं. दवे से आशीर्वाद लिया।

भागवत कथा समापन पर निकाला चल समारोह, भंडारे में ग्रहण की प्रसादी

राजगढ़-बड़ौदिया। ग्राम भोपावर के श्रीराम मारू समाज मंदिर में सात दिवसीय भागवत कथा का समापन शुक्रवार को हुआ। महाआरती के बाद चल समारोह निकाला गया। इसमें श्रद्धालुओं द्वारा भागवत पोथीजी का सिर पर उठाकर नृत्य किया। बस स्टैंड पर ग्राम पंचायत की ओर से सरपंच शारदाबाई मखौड़, उपसरपंच हेमंत डांगी, मदन मखौड़ आदि ने स्वागत किया। अंतिम दिन कथावाचक पं. हरीश शर्मा अमझेरा ने सुदामा चरित्र एवं भागवत महात्म्य पर कथा सुनाते हुए कहा कि व्यक्ति को चरित्र का विशेष ख्याल रखना चाहिए, क्योंकि श्रेष्ठ चरित्र वाला व्यक्ति ही संसार में सम्मान का हकदार होता है। आयोजित समिति द्वारा कथावाचक का शाल-श्रीफल भेंट कर सम्मान किया गया। भंडारे में लोगों ने प्रसादी ग्रहण की।

कथा में श्रीकृष्ण जन्मोत्सव मनाया

रिंगनोद। क्षत्रिय सिर्वी समाज श्री योगमाया मंदिर में भागवत कथा का वाचन पं. चेतन व्यास प्रतिदिन प्रातः 10 से शाम पांच बजे तक कर रहे हैं। शनिवार को भगवान श्रीकृष्ण का जन्मोत्सव मनाया गया। श्रीकृष्ण रूपी बालक को टोकरी में बिठाकर वासुदेव बने रतनलाल चौधरी ढोल के साथ मंदिर लाए। महिलाओं ने हल्दी एवं मेहंदी की होली खेली। कथावाचक व्यास ने श्रीकृष्ण को गोदी में लेकर सभी को दर्शन करवाए। उपस्थित लोगों ने पुष्पवर्षा की। महाआरती उतारकर माखन-मिश्री की प्रसादी बांटी गई। बड़ी संख्या में समाजजन उपस्थित थे।

Posted By: Nai Dunia News Network

NaiDunia Local
NaiDunia Local
  • Font Size
  • Close