धामनोद (धार)। कक्षा तीन में पढ़ने वाली आठ वर्षीय बालिका ने मंगलवार को थाने में आपबीती सुनाई तो वहां मौजूद सभी के होश उड़ा गए। बालिका ने माता-पिता के साथ थाने पर आकर बताया कि पास में ही रहने वाले अंकल विकास जायसवाल ने मेरे साथ छेड़छाड़ कर दुष्कर्म कि या। पुलिस ने मामले में दुष्कर्म व पॉक्सो एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज किया है। आरोपित निजी कॉलेज में प्रोफेसर है।

बालिका ने मासूमियत भरे लहजे में मां को आपबीती सुनाई। जब मां थाने पर बयान दे रही थी तो उसके आंसू लगातार निकलते रहे। बालिका को बयान के लिए न्यायालय में पेश किया गया। थाना प्रभारी दिलीपसिंह चौधरी ने मामले में आगामी कार्रवाई की जा रही है। आरोपित को गिरफ्तार कर लिया है।

थाने पर पीड़िता की मां ने बताया कि उसकी बेटी ने बोला कि मम्मी विकास अंकल गंदे हैं। मैंने पूछा क्यों, इस पर वह बोली कि जब हम लोग मनावर से 18 जून को बुआ की शादी से लौट कर आए थे, तब मैं दो दिन बाद विकास अंकल की बेटी के साथ खेलने गई थी। तभी विकास अंकल ने उसकी साथ गंदी हरकतें की। स्कूल शुरू होने के बाद से मैं अंकल के घर नहीं गई।

उठने लगे विरोध के स्वर

मानव अधिकार संघ के तहसील अध्यक्ष देवराज मल्होत्रा ने बताया कि इस प्रकार मासूम बालिका के साथ कृत्य करने वाले को कड़ी से कड़ी सजा मिलनी चाहिए। इस प्रकार घिनौना कार्य करने वाले को समाज कभी बर्दाश्त नहीं करेगा। इस तरह के लोग समाज में है। ऐसे में माता-पिता को सतर्क रहना होगा। मध्यप्रदेश मानव आयोग में आयोग मित्र के मनोज नाहर ने बताया कि मासूम बच्ची के साथ इस प्रकार का कृत्य निंदा का विषय है।