दीपक सविता, ग्वालियर नईदुनिया। ग्वालियर स्वच्छ सर्वेक्षण में सफाई का बेहद अहम राेल है, लेकिन ग्वालियर में खाली भूखंडाें को लोगों ने डंपिंग ग्राउंड बना दिया है। साथ ही लोगों ने खुले मैदानों को भी शौचालय बना दिया है। मंशापूर्ण हनुमान मंदिर के पास रहने वाले आधा सैकड़ा के करीब भिखारियों ने रेल की पटरी को ही शौचालय में बदल दिया है। वहीं शहर के अधिकांश भूखंड डंपिंग ग्राउंड हैं, जहां से अभी तक कचरा साफ करने की व्यवस्था नहीं की गई है। जबकि फरवरी माह से स्वच्छ सर्वेक्षण 2022 प्रारंभ होने जा रहा है।

सिटी सेंटर जहां सर्वाधिक टैक्स देने वाले लोग रहते हैं, यहां पर स्थित मंशापूर्ण हनुमान मंदिर के पास कचरे का ठीया है। यहां पर प्रतिदिन कचरे को साफ करने की जगह आग लगा दी जाती है। इसी प्रकार एसपी आफिस के पीछे क्वालिटी रेस्टोरेंट है, यहां पर खाली भूखंड को आसपास के रहवासियों, दुकानदारों ने डंपिंग ग्राउंड बना दिया है। यहां पर कई ट्राली कचरा पड़ा हुआ है। यहां भी प्रतिदिन कचरे में आग लगाई जाती है। पटेल नगर मार्ग पर सिल्वर ओक होटल है। यहां पर कचरे का ठीया है, जिसे आज तक खत्म नहीं किया जा सका है। जबकि यहां पर टिपर वाहन कचरा लेने के लिए आते हैं। यहां पर दिनभर गंदगी रहती है, आवारा पशु यहां पर खड़े रहते हैं और गंदगी में भोजन खोजते हैं। जिससे कचरा सड़क तक फैल जाता है। कैलाश विहार में उपभोक्ता फार्म का खाली भूखंड है, यहां पर भी आसपास के लोगों व होटल वालाें ने कचरा डालना शुरू कर दिया है। यहां भी कचरे में आग लगाई जाती है। इसके साथ ही खाली भूखंडाें में रहने वाले मजदूर वर्ग यहां खुले में शौच करता है।

Posted By: vikash.pandey

NaiDunia Local
NaiDunia Local