ग्वालियर, नईदुनिया प्रतिनिधि। सिटी सेंटर स्थित शहर के प्रतिष्ठित अल्फांजो रेस्टोरेंट पर सफेद रसगुल्ले में केरोसिन की बू आने का मामला सामने आया है। जबलपुर मेडिकल यूनिवर्सिटी के एग्जाम कंट्रोलर डॉ. विशाल भार्गव ने यहां से मंगलवार को घर ले जाने के लिए सफेद रसगुल्ले खरीदे और रसगुल्लों को पैक करवाया जब घर पर पैकेट खोला तो केरोसिन की बू आई। यह देख डॉ. भार्गव चौंक गए और सीधे अल्फांजो रेस्टोरेंट पर रसगुल्ले लौटाने पहुंचे। उन्होंने यहां पर दुकानदार से चर्चा की।

कुछ देर बाद दुकानदार ने रसगुल्ले वापस लेने पर सहमति जताई। उन्होंने यहां दुकानदार को केरोसिन की बात बताई जिसके बाद उसने रसगुल्ले वापस लेकर पैसे लौटा दिए। इसके बाद शिकायत कलेक्टर अनुराग चौधरी से की गई और कलेक्टर के निर्देश पर फूड सेफ्टी टीम अल्फांजो रेस्टोरेंट में जांच के लिए पहुंची। यहां सफेद रसगुल्ले व चमचम के सैंपल लिए गए। रेस्टोरेंट पर साफ-सफाई की जांच भी की गई।

सिटी सेंटर स्थित अल्फांजो रेस्टोरेंट की फर्म मनोमय इटरीस प्राइवेट लिमिटेड नाम से है। इसके संचालक संजीव गोयल हैं। सोमवार दोपहर फूड सेफ्टी ऑफिसर आनंद शर्मा व सत्येंद्र धाकड़ की टीम जांच के लिए पहुंची।

यहां अल्फांजो की किचन को चेक किया गया जहां साफ-सफाई ठीक मिली। इसके बाद रसगुल्ले और चमचम के सैंपल लिए गए। फूड ऑफिसर आनंद शर्मा ने बताया कि डॉ. भार्गव की शिकायत के आधार पर यहां सैंपलिंग कराई गई है। रसगुल्ले में ऐसे केरोसिन की उपस्थिति का पता नहीं चला है, लैबोरेटरी में जांच होने के बाद स्पष्ट हो जाएगा।

फूड पॉयजनिंग हो सकती थी

मैने अल्फांजो से सफेद रसगुल्ले खरीदे थे और जब घर पर खोले तो इसमें केरोसिन की बदबू आ रही थी। अल्फांजो जैसे ब्रांड पर ऐसी स्थिति की उम्मीद नहीं थी। मैंने तत्काल रसगुल्ले वापस किए और कलेक्टर को इस मामले की शिकायत की। रसगुल्ले अगर खा लेते तो फूड पॉयजनिंग भी हो सकती थी। डॉ. विशाल भार्गव, शिकायतकर्ता