Scindia in Gwalior: ग्वालियर, नईदुनिया प्रतिनिधि। तीन माह के भीतर पेयजल संबंधी ऐसी डीपीआर तैयार करें, इससे पता चल सके कि शहर के सभी 66 वार्डों की किस गली में कहां पर पेयजल लाइन डली है और कहां पर चैंबर बने हैं। इस जानकारी के आधार पर उन गली, मोहल्लों व घरों तक पानी पहुंचाने की पुख्ता व्यवस्था की जा सके, जल वितरण की पूरी मैपिंग की जाए। यह 300 करोड़ की योजना बनेगी। वहीं वर्ष 2050 तक 467 एमएलडी पानी ग्वालियर को मिलेगा, इसकी समीक्षा की गई। लगभग 225 करोड़ रुपये लागत की इस योजना के तहत चंबल नदी और कोतवाल बांध से कुल मिलाकर 180 एमएलडी पानी शहर को मिलेगा। चंबल नदी से मुरैना तक पेयजल लाइन डालने के टेंडर हो चुके हैं। इसी पेयजल लाइन को आगे बढ़ाकर ग्वालियर तक पानी लाया जाएगा। साथ ही इसी लाईन से कोतवाल डैम का पानी भी ग्वालियर पहुंचेगा। विजन डाक्यूमेंट की बैठक में गुरुवार को नागरिक उड्डयन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने यह निर्देश अफसरों को देते हुए पूरी परियोजना की समीक्षा की। कलेक्ट्रेट के सभागार में शहर विकास के कार्यों की यह समीक्षा बैठक जिले के प्रभारी एवं जल संसाधन मंत्री तुलसीराम सिलावट, ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर व सांसद विवेक नारायण शेजवलकर की मौजूदगी में आयोजित हुई। बैठक में नगरीय विकास एवं आवास राज्य मंत्री ओपीएस भदौरिया व लोक निर्माण राज्य मंत्री सुरेश धाकड़, पूर्व मंत्री अनूप मिश्रा, पूर्व विधायक मदन कुशवाह व मुन्नालाल गोयल, भाजपा जिला अध्यक्ष कमल माखीजानी सहित अन्य जनप्रतिनिधित उपस्थित थे।

बैठक के विशेष बिंदुः

-साड़ा क्षेत्र को गति देने के लिए केंद्रीय मंत्री सिंधिया जल्द ही गृह मंत्री से आइटीबीपी व एसएसबी की गतिविधियां शुरू करने के लिए करेंगे बात।

-ठाठीपुर पुनर्घनत्वीकरण योजना के टेंडर पांच अक्टूबर को खुलेंगे। दिसंबर में शुरू होगा काम।

-मेडिकल यूनिवर्सिटी के लिए पद स्वीकृति और धनराशि दिलाने में केंद्रीय मंत्री करेंगे मदद।

-जीवाजी विश्वविद्यालय के अटल सभागार का प्रतिदिन का किराया अब एक लाख के स्थान पर 50 हजार रुपये होगा।

-वेस्टर्न बायपास के कार्य को गति देने पर केंद्रीय मंत्री ने दिया जोर। कहा- पुराने प्लान पर भी विचार करें, जिससे कम लागत में यह बायपास बनकर तैयार हो सके।

Posted By: vikash.pandey

NaiDunia Local
NaiDunia Local