
नईदुनिया प्रतिनिधि, इंदौर। महिला कारोबारी से हुई एक करोड़ 60 लाख की ठगी में चौकाने वाली जानकारी मिली है। सिमकार्ड मुहैया करवाने के आरोप में गिरफ्तार युवक साइबर गुलाम निकले। उसको लाओस-म्यांमार से संचालित गिरोह द्वारा बंधक बनाकर भारतीयों से ठगी करवाई थी। पुलिस विदेश भेजने वाले दो एजेंट को तलाश रही है।
एडिशनल डीसीपी (अपराध) राजेश दंडोतिया के मुताबिक बिचौली हप्सी क्षेत्र निवासी महिला के साथ एक करोड़ 60 लाख रुपये की धोखाधड़ी हुई थी। पिछले वर्ष साइबर अपराधियों ने महिला को डिजिटल अरेस्ट कर महिला से अवैध वसूली कर ली। इस मामले में पुलिस ने विभिन्न शहरों से 19 आरोपितों को पकड़ा। हाल में दो आरोपित पतरस कुमार उर्फ केलिस (फिरोजपुर) और सौरभसिंह को वापी से पकड़ा है।
पूछताछ में सौरभ ने बताया उसको दिल्ली के दो एजेंट ने लाओस भेजा था। लाओस और म्यांमार, कंबोडिया में हजारों युवक मल्टीनेशनल कंपनी की तर्ज पर ऑफिस संचालित कर भारतीयों के साथ ठगी करते हैं। एडीसीपी के अनुसार सौरभ ने बताया भर्ती के लिए ठग बढ़िया पैकेज, विदेश में ठहरने व खाने की व्यवस्था का झांसा देते हैं। उन्हें डेटा एंट्री का काम बताया जाता है।
विदेश जाने पर आरोपित पासपोर्ट व वीजा हथिया कर बंधक बना लेते हैं। सौरभ ने दिल्ली और महाराष्ट्र के एजेंट की जानकारी भी दी है। आरोपितों ने सौरभ का बाकायदा ऑनलाइन साक्षात्कार करवाया और लाओस भेजा। पुलिस ने उसकी गिरफ्तारी के लिए लुक आउट सर्कुलर जारी किया और विमानतल से गिरफ्तार कर लिया।