इंदौर।मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग (पीएससी) की रविवार को हुई प्रारंभिक परीक्षा में भील समाज को आपराधिक प्रवृत्ति का बताए जाने संबंधी सवाल हटा दिया गया है। मध्‍य प्रदेश लोक सेवा आयोग ने परीक्षा में पांच प्रश्नों को विलोपित करने की अधिसूचना जारी कर दी है।इस मामले में सरकार ने जांच के आदेश दे दिए हैं जबकि मुख्यमंत्री कमलनाथ ने ट्वीट कर कहा था कि परीक्षा को लेकर काफी शिकायतें आईं हैं और दोषियों को दंड मिलना चाहिए। मामले में पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने भी प्रश्न पत्र तैयार करने वाले के खिलाफ कार्रवाई की बात कही थी। उन्‍होंने तो यहां तक कहा था कि यह अंश जिस पुस्तक से लिए गए हैं, उस पुस्तक पर प्रतिबंध लगाया जाना चाहिए। साथ ही उस पुस्तक के लेखक पर भी कार्रवाई की जाना चाहिए।

मध्‍य प्रदेश राज्य सेवा प्रारंभिक परीक्षा में भील समुदाय को लेकर पूछे गए सवाल पर सोमवार को आयोग के अध्यक्ष ने अपनी बात रखते हुए इस सवाल को पीएससी की भूल मानते हुए जानकारी दी थ‍ी कि पेपर सेट करने वाले प्रोफेसर और मॉडरेटर को नोटिस जारी किया गया है। इसके साथ ही राज्‍य लोक सेवा आयोग आयोग की सभी परीक्षाओं के लिए उन्हें ब्लैक लिस्ट भी किया जाएगा।

इधर जय आदिवासी युवा शक्ति (जयस) और अखिल भारतीय छात्र संगठन (एबीवीपी) ने सोमवार को पीएससी मुख्यालय पर प्रदर्शन कर जिम्मेदारों के खिलाफ अनुसूचित जाति/जनजाति अधिनियम के तहत कार्रवाई की मांग की। अध्यक्ष भास्कर चौबे के अनुसार इस मामले में पेपर सेटर और मॉडरेटर से जवाब मिलने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। गोपनीयता बनाए रखने के लिए आयोग के सदस्य परीक्षा होने तक पेपर नहीं देखते हैं। यह कहना सही नहीं है कि गलती पूरी तरह आयोग की है। आयोग की अपनी सीमा है, इसलिए पीएससी किसी के खिलाफ एफआईआर दर्ज नहीं करा सकता। पेपर सेटर को पहले ही बता दिया जाता है कि किसी भी जाति, धर्म, संप्रदाय या व्यक्ति के संबंध में टिप्पणी नहीं की जाए।

यह है मामला

हंगामा भील जनजाति को लेकर आए गद्यांश पर उपजा है। इसके आधार पर सवालों के जवाब देने थे। गद्यांश में लिखा है कि भील निर्धन जनजाति है। भीलों की आर्थिक विपन्नाता का प्रमुख कारण आय से अधिक व्यय करना है। भीलों की आपराधिक प्रवृत्ति का एक प्रमुख कारण यह है कि ये सामान्य आय से अपनी देनदारियां पूरी नहीं कर पाते। फलतः धनोपार्जन की आशा में गैर वैधानिक तथा अनैतिक कामों में भी संलिप्त हो जाते हैं।

Posted By: Hemant Upadhyay

नईदुनिया ई-पेपर पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करे

नईदुनिया ई-पेपर पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करे

डाउनलोड करें नईदुनिया ऐप | पाएं मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और देश-दुनिया की सभी खबरों के साथ नईदुनिया ई-पेपर,राशिफल और कई फायदेमंद सर्विसेस

डाउनलोड करें नईदुनिया ऐप | पाएं मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और देश-दुनिया की सभी खबरों के साथ नईदुनिया ई-पेपर,राशिफल और कई फायदेमंद सर्विसेस