MPPKVV Company: इंदौर, नईदुनिया प्रतिनिधि। बिजली आपूर्ति और समय पर नियमानुसार बिजली बिलों के माध्यम से राजस्व संग्रहण ऊर्जा विभाग एवं कंपनी की प्राथमिकता है। इसे लेकर बिजली वितरण कंपनी के सभी इंजीनियर गंभीरता रखें। शहरों में किसी भी स्थिति में बिजली बिलिंग की इफिशिएंसी 95 प्रतिशत से कम न हो। बिजली कंपनी ने जिलों के प्रभारी इंजीनियरों को यह निर्देश दिए हैं। इस दौरन रबी सीजन की सिंचाई के लिए बिजली की जरुरत और आपूर्ति को लेकर भी समीक्षा की गई। कहा गया किसानों की हर संभव मदद की जाए। कहीं कोई परेशानी हो तो समय पर निदान किया जाए।

मध्य प्रदेश पश्चिम क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी इंदौर के प्रबंध निदेशक अमित तोमर ने ये निर्देश दिए। वे बुधवार को इंदौर-उज्जैन संभाव के सभी 15 जिलों के बिजली इंजीनियरों, अधिकारियों की वीडियो कॉन्फ्रेंस से बैठक ले रहे थे। उन्होंने कहा कि देयकों का समय पर भुगतान प्राप्त किए जाए, किसानों के अंशदान (एफआरटी) पर फोकस रहे। जहां स्थाई कनेक्शन नहीं वहां सिंचाई के लिए अस्थाई कनेक्शन दिए जाए। जिन किसानों ने पहले की तुलना में ज्यादा हार्स पॉवर की मोटर लगा ली है, उनके कनेक्शन में भार वृद्धि दर्ज की जाए।

तोमर ने कहा कि पंपों का जीआईएस आधारित सर्वेक्षण भी समय पर पूर्ण किया जाए। उन्होंने सिंचाई के लिए प्रतिदिन दस घंटे गुणवत्ता के साथ बिजली आपूर्ति के निर्देश दिए। प्रबंध निदेशक तोमर ने निर्देश दिए कि नगर पालिका और नगर निगम वाले शहरों में बिलिंग एफिशिएंसी किसी भी सूरत में 95 फीसदी से कम नहीं हो। जहां कम है, वहां अगले दो माह में रिकॉर्ड सुधारा जाए। उपभोक्ता को सही बिल देने एवं प्रत्येक उपभोक्ता से हर माह बिल में दर्ज राशि वसूलने के को कहा।

बैठक में कार्यपालक निदेशक मनोज झंवर, संजय मोहासे, मुख्य अभियंता एसएल करवाड़िया, पुनीत दुबे, बीएल चौहान ने बात रखी। इस दौरा इंदौर शहर के अधीक्षण यंत्री मनोज शर्मा ने इंदौर की बिलिंग एफिशिएंसी और राजस्व संग्रहण की जानकारी थी। ग्रामीण क्षेत्र में रबी की तैयारियों को लेकर अधीक्षण यंत्री ध्रुवनारायण शर्मा ने प्रेजेंटेंशन और ट्रांसफार्मर की उपलब्धता के बारे में ब्यौरा प्रस्तुत किया।

Posted By: Sameer Deshpande

NaiDunia Local
NaiDunia Local
  • Font Size
  • Close