संक्रमण, हानिकारक बैक्टीरिया, रोग आदि को पूरी तरह से खत्म तो नहीं किया जा सकता और न ही इन्हें शरीर में आने से रोका जा सकता है। हम यह जरूर कर सकते हैं कि अपनी रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ा लें। इसके बढ़ने से न केवल इन संक्रमण और बैक्टीरिया से लड़ सकते हैं बल्कि स्वस्थ भी रह सकते हैं। बात योग की करें तो हस्तउत्तानासन बहुत बेहतर आसन है। सावधान या योग मुद्रा में खड़े होकर सांस भरते हुए दोनों हाथ सामने की ओर से ऊपर ले जाएं। भुजाओं को कान से लगाकर सीधा रखें। अब सांस छोड़ते हुए कमर से पीछे की ओर झुकें। 10 श्वास-प्रश्वास तक इसी अवस्था में खड़े रहें। इसके बाद सांस भरते हुए सीधे हो जाएं और सांस छोड़ते हुए हाथ नीचे ले आएं। यह आसन सुबह-शाम दोनों वक्त पांच-पांच बार करें। हस्तउत्तानासन करते वक्त जब हम हाथ ऊपर करते हैं तो अपर और लोअर लंग्स के बीच स्थान बनता है जिससे गहरी सांस लेने पर फेफड़ों को फूलने की जगह मिल जाती है और प्राणवायु अधिक से अधिक मात्रा में शरीर में जाती है। इससे कार्बनयुक्त रक्त ऑक्सीजनयुक्त रक्त में बदल जाता है। शरीर में जब ऑक्सीजन का स्तर बढ़ता है तो रोग प्रतिरोधक क्षमता भी बढ़ जाती है। यह रक्तचाप को भी संतुलित रखता है जिससे हृदयरोग की आशंका कम हो जाती है। जिन्हें अल्सर या हार्निया है, वे इसे सावधानी से करें और उच्च रक्तचाप वाले रोगी धीरे-धीरे सांस लें।

ब्रजेश गुप्ता,

योग विशेषज्ञ

Posted By: Nai Dunia News Network

नईदुनिया ई-पेपर पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करे

नईदुनिया ई-पेपर पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करे

डाउनलोड करें नईदुनिया ऐप | पाएं मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और देश-दुनिया की सभी खबरों के साथ नईदुनिया ई-पेपर,राशिफल और कई फायदेमंद सर्विसेस

डाउनलोड करें नईदुनिया ऐप | पाएं मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और देश-दुनिया की सभी खबरों के साथ नईदुनिया ई-पेपर,राशिफल और कई फायदेमंद सर्विसेस

ipl 2020
ipl 2020