जबलपुर, नईदुनिया प्रतिनिधि। नौ दिनी नवरात्र पर्व की समाप्ति के बाद दुर्गा प्रतिमाओं के विसर्जन का सिलसिला शुरू हो गया है। दुर्गा समितियां बैंड-बाजों के साथ धूमधाम से मां भगवती की विदाई कर रही हैं। ग्वारीघाट स्थित नर्मदा किनारे बनाए गए भटौली कुंड में 72 और तिलवारा विसर्जन कुंड में बुधवार की देर रात तक 54 प्रतिमाओं का विसर्जन किया गया। कुंडों में बड़ी प्रतिमाएं विसर्जन के लिए पहुंच रही हैं, इसके लिए जबलपुर नगर निगम ने व्यापक इंतजाम किए हैं। दो बड़ी क्रेनों से प्रतिमाओं का विसर्जन किया जा रहा है। इसी तरह आधारताल, गोकुलपुर, सूपाताल, गुलौआ ताल, इमरती तालाब सहित अन्य तालाबों में अब तक 270 से ज्यादा दुर्गा प्रतिमाओं का विसर्जन किया गया। वहीं विसर्जन का सिलसिला शरद पूर्णिमा तक जारी रहेगा।

क्रेन के माध्यम से किया जा रहा बड़ी प्रतिमाओं का विसर्जन :

दुर्गा प्रतिमाओं के विसर्जन करने के लिए नगर निगम ने पूरी तैयारी कर रखी थी। उबड़-खाबड़ सड़कों की मरम्मत कर जहां समतल कर दिया गया है वहीं कुंड में बड़ी प्रतिमाओं का विसर्जन कराने क्रेन की मदद ली जा रही थी। जबकि छोटी प्रतिमाओं के लिए नाव, मोटर वोट का सहारा लिया जा रहा है। प्रतिमा विसर्जन के दौरान समितियों व श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए प्रकाश व्यवस्था के लिए कुंड मार्ग पर एलईडी लगाई गई है। सुरक्षा के लिए गोताखोर, वोट, लाइफ जैकेट की व्यवस्था की गई थी। रामपुर जोन अधिकारी शैलेंद्र मिश्रा और गढ़ा जोन अधिकारी कृष्णपाल सिंह रावत ने बताया कि नर्मदा कुंडों में प्रतिमाओं के विसर्जन के लिए व्यापक तैयारियां की गई है। सुरक्षा के सारे प्रबंध किए गए हैं।

नर्मदा नदी में विसर्जन पर लगा है प्रतिबंध :

विदित हो कि नर्मदा नदी सहित अन्य नदियों में प्रतिमाओं का विसर्जन करने पर प्रतिबंध लगाया गया है। नदियों को प्रदूषण मुक्त रखने के लिए जिला प्रशासन ने करीब आठ वर्ष पूर्व नर्मदा तट के किनारे भटौली और तिलवारा घाट के समीप कुंडों की स्थापना कराई थी। इसमें नर्मदा जल भरा गया है।

----

इन तालाबों में भी किया गया विसर्जन

- अधारताल तालाब

- हनुमानताल तालाब

- गोकुलपुर तालाब

- मानेगांव तालाब

- सुहागी महाराजपुर तालाब

- देवताल तालाब

- सूपाताल तालाब

- अन्य क्षेत्रीय तालाब

Posted By: Mukesh Vishwakarma

NaiDunia Local
NaiDunia Local
  • Font Size
  • Close