जबलपुर। स्कूल बसों में मासूमों की सुरक्षा से खुलेआम खिलवाड़ हो रहा है। किसी बस में फर्स्ट एड बॉक्स गायब है तो किसी में एक्सपायरी डेट की दवाएं रखी हैं। बसों से अग्निशामक भी नदारद हैं। स्कूल प्रबंधन ने अब तक बस ड्राइवरों की आंखों की जांच भी नहीं कराई है। इन खामियां का खुलासा शुक्रवार को पुलिस की जांच के दौरान हुआ है। स्कूलों बसों की जांच कर रही यातायात पुलिस इन खामियों के सामने आने के बाद अपने तेवर तल्ख कर लिए हैं। पुलिस अफसरों ने स्कूल प्रबंधन को दो-टूक लहजे में कह दिया है कि- सोमवार तक बसों को सुधार लें वरना सोमवार से कार्रवाई के लिए तैयार रहें। इस बार कोई मोहलत नहीं दी जाएगी। सीधे एक्शन होगा।

रास्ते में बसों को रोककर चेक की खामियां

शुक्रवार को यातायात पुलिस की टीम ज्ञान गंगा कॉलेज पहुंची। इसके अलावा सड़कों पर भी स्कूल बसों को रोककर उनकी जांच की गई। बसों में बच्चे सवार थे, इसलिए कुछ ही मिनट में चेकिंग कर बसों को छोड़ दिया गया। चेकिंग में कुछ मामूली खामियां पाईं गईं। इन्हें जल्द ठीक कर लेने की हिदायत बस संचालकों और स्कूल प्रबंधन को दी गई है।

बस ड्राइवरों के आंखें की कराएं जांच

गुरुवार को पुलिस की कार्रवाई के बाद शुक्रवार को कुछ फर्क देखने को मिला। शुक्रवार को जांच के दौरान यह बात सामने आई कि ज्यादातर बस ड्राइवरों की आंखों की जांच नहीं कराई गई है। कई बसों का में स्कूल का नाम और नंबर भी नहीं लिखा था। पुलिस ने बस संचालक और स्कूल प्रबंधन को ड्राइवरों की आंखों की जांच कराकर बसों में नाम और नंबर लिखाने की हिदायत दी है।

सर...गैराज में रखा है अग्निशामक

जांच के दौरान कई बसों में अग्निशामक नहीं मिला। पुलिस ने इस बारे में ड्राइवरों से पूछा तो वे बगले झांकने लगे। सख्ती करने पर बताया कि अग्निशामक गैराज में छोड़कर आए हैं। साथ ही वादा किया कि आज ही उसे बस में फिट करा लेंगे।

स्कूल प्रबंधन भी रखे बसों का ख्याल

पुलिस ने स्कूल प्रबंधन को साफ कहा कि लापरवाही करने वाले ड्राइवर पर कार्रवाई वह खुद भी करें। वह खुद भी हर सप्ताह बसों का ध्यान रखें। दो दिन में पूरी बसों को नियमों के अनुरूप लेकर आएं, यदि ऐसा नहीं होता है, तो सख्त कार्रवाई की जाएगी।

.....वर्जन.......

शुक्रवार को भी स्कूल बसों की चेकिंग की गई। इसमें कुछ लापरवाही सामने आई है। स्कूल प्रबंधन को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि वह इसका ख्याल रखें और सुरक्षा मानक के हिसाब से बसों को संचालित कराएं। सोमवार तक का समय दिया गया है। इसके बाद सीधे कार्रवाई की जाएगी।

- मयंक सिंह चौहान, डीएसपी यातायात