रामकृष्ण परमंहस पाण्डेय

जबलपुर। नईदुनिया प्रतिनिधि

रात में घर में सोने की तैयारी कर रहे हों और पुलिस के सायरन की आवाज सुनाई दे जाए तो आप निश्चिंत हो जाते हैं। आपसे किसी गुंडे ने दुर्व्यवहार किया अथवा कोई आपराधिक घटना कर दी तो आप सीधे पुलिस थाना जाना चाहते हैं क्योंकि आपको भरोसा रहता है कि बिना देर किए पुलिस उस गुंडे की खबर लेगी। पर कभी किसी ने यह जानने का प्रयास नहीं किया कि सामाजिक सुरक्षा का भाव जगाने वाला पुलिस विभाग जवानों की कमी से जूझ रहा है। हालात यह हैें कि करीब 1200 नागरिकों की सुरक्षा की जिम्मेदारी पुलिस के एक जवान के कंधे पर है। हालात यह हैं कि दिनों-दिन आबादी बढ़ी, आबादी क्षेत्र बढ़े, पुलिस थाने बढ़े लेकिन जनसंख्या के अनुपात में पुलिस जवानों की संख्या नहीं बढ़ाई गई। विभाग का मैदानी अमला यानि आरक्षकों पर लोगों की सुरक्षा की जिम्मेदारी रहती है उनकी संख्या 2 हजार 364 है जबकि जिले की आबादी 23 लाख के आंकड़े को पार कर चुकी है। हैरानी की बात यह है नए पदों का सृजन करना तो दूर आरक्षकों के स्वीकृत पदों को भी नहीं भरा जा सका। जानकारों का कहना है कि संयुक्त राष्ट्र द्वारा प्रस्तावित मापदंड के अनुसार प्रति एक लाख जनसंख्या पर 222 पुलिसकर्मी होने चाहिए।

ये हैं हालात-

जबलपुर-अमरकंटक मार्ग स्थित कुंडम थाना के जवानों पर आदिवासी बाहुल्य 199 गांवों के नागरिकों की सुरक्षा की जिम्मेदारी है। थाने में 1 निरीक्षक, 3 उप निरीक्षक, 5 प्रधान आरक्षक तथा 25 आरक्षक पदस्थ किए गए हैं। इस थाने के अधीन बघराजी पुलिस चौकी में 1 एएसआई, 2 प्रधान आरक्षक व 5 आरक्षक सेवाएं दे रहे हैं। डेढ़ लाख से ज्यादा आबादी वाले कुंडम क्षेत्र में मुट्ठी भर पुलिस जवान किस तरह 199 गांवों में सुरक्षा की जिम्मेदारी उठा रहे हैं इसका अंदाजा लगाया जा सकता है। पाटन थाना अंतर्गत गांवों की संख्या 200 से ज्यादा है। यहां 33 आरक्षक, 5 प्रधान आरक्षक, 5 एएसआई, 5 उप निरीक्षक तथा 1 निरीक्षक की पदस्थापना की गई है। जिले के अन्य थानों में भी पुलिस बल की कमी बरकरार है। समूचे जिले की बात करें तो ग्रामीण अंचल में 516 ग्राम पंचायतें व 1134 गांव हैं जहां 12 लाख से ज्यादा लोग निवास करते हैं। शहर के 79 वार्डों की आबादी भी लाखों में है।

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फैक्ट फाइल-

पदनाम स्वीकृत उपलब्ध रिक्त

पुलिस अधीक्षक 1 1 0

अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक 5 3 2

उप पुलिस अधीक्षक 21 22

निरीक्षक 54 44 10

रक्षित निरीक्षक 1 1 0

उप निरीक्षक 274 245 29

सूबेदार 15 15 0

सहायक उप निरीक्षक 427 219 208

प्रधान आरक्षक 792 508 284

आरक्षक 2389 2364 25

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पूर्व की तुलना में जिले में पुलिस बल में इजाफा हुआ है। मौजूदा पुलिस बल मेहनत व लगन से जिम्मेदारियों का निर्वहन कर रहा है। पुलिस बल की कमी को दूर करने के प्रयास शासन स्तर पर जारी हैं।

अमित सिंह, एसपी

Posted By: Nai Dunia News Network