जबलपुर, नईदुनिया प्रतिनिधि। सरकारी स्कूलों के उन्नयन कर बेहतर शिक्षा देने के लिए चुने गए सीएम राइज स्कूल में एक स्कूल पर ओपन स्कूल बोर्ड ने ऐतराज किया है।

शहर के मध्य महारानी लक्ष्मी बाई स्कूल को सीएम राइज नहीं बनाने के लिए पत्राचार किया है। इसकी वजह ओपन बोर्ड का स्कूल के उन्नयन पर लाखों रुपये खर्च करना है। इधर स्कूल शिक्षा विभाग ने भी इस तर्क को मानकर सीएम राइज की सूची से पृथक करने का निर्णय लिया है।

स्कूल शिक्षा विभाग ने जबलपुर में 11 स्कूलों को सीएम राइज बनाने का निर्णय लिया था। लेकिन अब 10 स्कूल को ही सीएम राइज बनाया जाएगा। नाम हटाने के पीछे तर्क दिया जा रहा है कि ओपन बोर्ड ने एमएलबी सहित प्रदेश के 51 जिलों में आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराई थी इन स्कूलों को कम्प्यूटर लैब सहित आॅनलाइन पढ़ाई की तमाम सुविधाएं मुहैया कराई गई थी। सीएम राइज स्कूल के लिए जब इन स्कूलों का चयन हुआ तो ओपन बोर्ड ने स्कूल शिक्षा विभाग को आपत्ति भेजी जिसमें मांग रखी गई कि जिन स्कूलों में ओपन बोर्ड और पंतजलि बोर्ड द्वारा आधुनिक सुविधाएं दी है। आनलाइन पढ़ाई में उन्हीं के द्वारा उपलब्ध संसाधन से कक्षाएं लगाना संभव हुआ था। स्कूल को 100 कम्प्यूटर एवं 15 लाख रुपये की लागत से कक्ष निर्माण कराया जा रहा है।

तीन किलोमीटर में एक सीएमराइज स्कूल: स्कूल शिक्षा विभाग प्रत्येक तीन किलोमीटर में एक सीएमराइज स्कूल खोलने का प्लान तैयार किया गया है। इस स्कूल में तीन किमी के दायरे में आने वाले अन्य स्कूलों को इसमें मर्ज कर दिया जाएगा। प्रारंभिक तौर पर सीएमराइज स्कूल का चयन किया गया है इसके बाद भवन बनाने का काम शुरू होगा।

सीएम राइज स्कूल का यह है उद्देश्य: सरकारी स्कूल के बच्चे पढ़ाई के मामले में सीबीएसई और आईसीएसई बोर्ड् के बच्चों से मुकाबला कर सकें, इसलिए सरकार प्रत्येक स्कूल पर 20 करोड़ रुपये से अधिक खर्च होगा। ये स्कूल चार स्तर संकुल से नीचे,संकुलए ब्लाॅक और जिला पर तैयार होंगे। शिक्षकों को स्कूल परिसर में ही मकान भी मिलेगा, ताकि उनके अपडाउन में उलझने से बच्चों की पढ़ाई प्रभावित न हो। इन स्कूलों में बच्चों को ड्रेस कोड भी निजी स्कूलों जैसा ही होगा।

सीएम राइज के लिए इन स्कूलों का चयन हुआ था-

- शासकीय उमावि कन्या करौंदीग्राम

-शासकीय उमावि अधारताल

-शासकीय उत्कृष्ट उमावि मझौली

-शासकीय बालक उमावि बरेला

-शासकीय उमावि सिंगौद

-शासकीय उमावि मेडिकल कालेज

-शासकीय उमावि कुंडम

-शासकीय उमावि चरगवां

-शासकीय उत्कृष्ट उमावि पाटन

-शासकीय पं.वि उत्कृष्ट उमावि सिहोरा

------------------------------

स्कूल का नाम सीएम राइज योजना में पहले था लेकिन ओपन स्कूल बोर्ड और पंतजलि बोर्ड की अपत्ति उठाने के बाद इसे सूची से अलग किया गया है। बीते सालों में ओपन बोर्ड से लाखों रुपये के संसाधन स्कूल को मिले है।

प्रभा मिश्रा, प्राचार्य एमएलबी स्कूल

Posted By: Ravindra Suhane

NaiDunia Local
NaiDunia Local