जबलपुर, नईदुनिया प्रतिनिधि। नवरात्रि के पावन पर्व पर अष्टमी-नवमी तिथि को हवन करने का विशेष महत्व है अत: अगर आप घर पर ही सरल रीति से हवन करना चाहते हैं तो आपको परेशान होने की आवश्यकता नहीं है। हम आपके लिए लेकर आए हैं आसान तरीके हवन करने की विधि। इस सरल हवन विधि द्वारा आप अपने पूरे परिवार के साथ यज्ञ-हवन करके नवरात्रि पूजन को पूर्णता प्रदान कर सकते हैं। माता का हवन ‘ऊं ऐं ह्रीं क्लीं चामुण्डयै विच्चै नमः’ इस बीज मंत्र से 108 बार करें।

चैत्र नवरात्रि में राशि के अनुसार देवी का हवन कर साधना विधानपूर्वक की जाए तो अवश्य ही सफलता प्राप्त होगी। राशि के अनुसार साधना क्रम दिया जा रहा है-

(1) मेष राशि : इस राशि के जातक भगवती तारा, नील-सरस्वती या माता शैलपुत्री की साधना करें।

हवन के लिए बीज मंत्र : श्रीं ह्रीं क्लीं श्रीं प्रीं ह्रां ह्रीं सौं

(2) वृषभ राशि : इस राशि के जातक भगवती षोडशी-श्री विद्या की साधना करें या माता ब्रह्मचारिणी की।

हवन के लिए बीज मंत्र : श्रौं श्रीं ह्सूं हौं ह्रीं अं क्लीं चां मुं डां यैं विं च्चें

(3) मिथुन राशि : इन्हें माता भुवनेश्वरी की या माता चन्द्रघंटा की उपासना करनी चाहिए।

हवन के लिए बीज मंत्र : श्रौं प्रीं ओं ह्रीं ल्रीं त्रों क्रीं ह्लौं ह्रीं श्रीं

(4) कर्क राशि : कर्क राशि के जातकों को माता कमला अथवा माता सिद्धिदात्री की उपासना करनी चाहिए।

हवन के लिए बीज मंत्र : श्रौं ओं त्रूं ह्रौं क्रौं श्रौं त्रीं क्लीं प्रीं ह्रीं ह्रौं श्रौं

(5) सिंह राशि : इन्हें माता पीताम्बरा या माता कालरात्रि की उपासना करनी चाहिए।

हवन के लिए बीज मंत्र : श्रौं रीं रूं क्लीं दुं ह्रीं गूं लां ह्रां गं ऐं श्रौं

(6) कन्या राशि : इन्हें माता भुवनेश्वरी या माता चन्द्रघंटा की उपासना करनी चाहिए।

हवन के लिए बीज मंत्र : श्रौं सां श्रीं जुं हं स:

(7) तुला राशि : इन्हें श्री विद्या में माता षोडशी या माता ब्रह्मचारिणी की उपासना करनी चाहिए।

हवन के लिए बीज मंत्र : श्रौं ओं त्रूं ह्रौं क्रौं श्रौं त्रीं क्लीं प्रीं ह्रीं ह्रौं श्रौं

(8) वृश्चिक राशि : इन्हें भगवती तारा या माता शैलपुत्री की उपासना करनी चाहिए।

हवन के लिए बीज मंत्र : सौः ह्लौं क्रूं सौं

(9) धनु राशि : इन्हें माता कमला या माता सिद्धिदात्री की उपासना करनी चाहिए।

हवन के लिए बीज मंत्र : श्रौं ह्रीं ब्लूं ह्रीं म्लूं ह्रं ह्रीं ग्लीं श्रौं धूं हुं द्रौं श्रीं

(10) मकर राशि : इन्हें माता काली या माता सिद्धिदात्री की उपासना करनी चाहिए।

हवन के लिए बीज मंत्र : ह्रीं ओं श्रीं ईं क्लीं क्रूं श्रूं प्रां क्रूं

(11) कुंभ राशि : इन्हें माता काली या माता सिद्धिदात्री की उपासना करनी चाहिए।

हवन के लिए बीज मंत्र : श्रौं व्रीं ओं औं ह्रां श्रीं श्रां ओं प्लीं सौं ह्रीं

(12) मीन राशि : इन्हें माता कमला या माता सिद्धिदात्री की उपासना करनी चाहिए।

हवन के लिए बीज मंत्र : ओम ऐं ह्रीं क्लीं चामण्डायै विच्चे | ओम ग्लौं हुं क्लीं जूं सः ज्वालय ज्वालय ज्वल ज्वल प्रज्वल प्रज्वल ऐं ह्रीं क्लीं चामुण्डायै विच्चै ज्वल हं सं लं क्षं फट् स्वाहा ||

Posted By: Mukesh Vishwakarma

NaiDunia Local
NaiDunia Local
  • Font Size
  • Close