- इंदौर अहमदाबाद रोड पर बाइक सवार फिसलकर चोटिल हो रहे

धार। नईदुनिया प्रतिनिधि

नौगांव क्षेत्र में इंदौर अहमदाबाद रोड पर मोदी पेट्रोल पंप के घाटी पर सड़क पर गिटट्ी व चूरी बिखरी पड़ी है। बिखरी चुरी हादसे का कारण बन रही है। रोजाना दो पहिया वाहन चालक फिसल कर चोटिल हो रहे हैं। दरअसल, दूर से बिखरी चूरी वाहन चालक को दिखाई नहीं देती है। नजदीक आने पर वाहनों का संतुलन बिगड़ जाता है। बड़े वाहन भी हादसे का शिकार हो रहे हैं। लेकिन बड़े वाहनों की अगर गति कम हो तो दुर्घटनाओं का अंदेशा कम रहता है, लेकिन स्पीड में वाहन हो तो संभावना बढ़ जाती है। तीन दिन पहले स्पीड में होने के कारण एक स्कॉर्पियों का संतुलन बिगड़ गया था और वाहन हादसे का शिकार हो गया था।

उड़ती धूल से हो सकता है बड़ा हादसा

जिस स्थान पर सड़क पर चूरी बिखरी है। वहां बड़े वाहनों के गुजरने से धूल का गुबार उठने लगता है। इससे पीछे चलने वाले वाहनों को सामने कुछ भी दिखाई नहीं देता है। इससे वाहनों का बेलेंस बिगड़ सकता और वाहन पलट सकता है।

चूरी से गुजरते ही फिसलने लगती है बाइक

बाइक सवार जैसे ही सड़क पर बिखरी चूरी से गुजरता है तो बाइक फिसलने लगती है। अगर संतुलन बिगड़ता है तो बाइक सवार वहीं गिर जाता है।

हादसे के बाद भी जिम्मेदार नहीं दे रहे ध्यान

नौगांव से इस रास्ते से गुजरने वाले लोगों ने बताया कि हमें रोज इसी रास्ते पर खेत पर जाना पड़ता है। रात में भी आना-जाना होता है। हमेशा हादसे की अंदेशा रहता है। बाइक सवार तो गिर ही जाता है। जिम्मेदारों को यहां चूरी हटाना चाहिए। इससे की हादसे ना हो।

छह महीने से अंधेरे में 30 परिवार

पिपल्दा गांव की आदिवासी बस्ती के लोगों ने दिया ज्ञापन

धार। नईदुनिया प्रतिनिधि

30 परिवार 6 महीने से अंधेरे में रहने के मजबूर हैं। पीड़ित परिवार के लोगों ने शनिवार को कलेक्टोरेट में आकर अधिकारी घरों को रोशन करने के लिए गुहार लगाई। इसके लिए उन्होंने प्रशासन के अधिकारी ज्ञापन दिया। आवेदन में उन्होंने बताया कि वे पिपल्दा गांव के निवासी है। पूरे गांव में बिजली है लेकिन उनके 30 परिवार को बिजली देने वाली डीपी खराब हो गई है। 6 महीने से परिवार के साथ अंधेरे में रहने के मजबूर हैं। हमारी कॉलोनी में डीपी को नहीं बदला जा रहा है। हम विभाग के चक्कर काट थक गए हैं। रात में बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है।

चिमनी में रहना मजबूरी

ग्रामीणों ने बताया कि शाम होते ही चिमनी से घर में रोशनी करना पड़ती है। 6 महीने से इस समस्या से जूझ रहे हैं। लेकिन बिजली विभाग के कार्यालय के चक्कर काटने के बाद हमारे क्षेत्र की डीपी नहीं बदली जा रही है। केरोसीन की भी समस्या होती है। आसपास जंगल है। इससे जीव-जंतुओं को भी खतरा बना रहता है। रात में भी बाहर निकलने में डर लगता है। गांव में जाकर मोबाइल रिचार्ज करते हैं।

वृद्धा से छीने आभूषण नकदी भी ले गए चोर

धामनोद। नईदुनिया न्यूज

गुलझरा मुख्य रोड पर अलबेला हनुमान मंदिर के सामने शनिवार सुबह एक मकान में चोरी की वारदात हुई। यहां सो रही एक बुजुर्ग महिला के गले से सोने की चेन, कान की झुमकी बदमाशों ने छीन ली। साथ ही नकदी ले जाने में भी कामयाब रहे। सूचना के बाद पुलिस मौके पर पहुंची।

जानकारी अनुसार ओमप्रकाश मुकाती के मकान के पीछे स्थित मुंडेर लांघकर बदमाश शनिवार अलसुबह 3.30 बजे अंदर दाखिल हुए। बदमाशों ने बड़ी ही चालाकी से पहले घर के दो कमरों में बाहर से ताला लगाया। उसके बाद भागने के लिए घर के मुख्य द्वार के चैनल गेट के ताले को तोड़ दिया। इसके बाद बदमाश घर के एक कमरे में घुसे, जहां सो रही बसुबाई (70) के गले से साढ़े तीन तौले सोने की चेन छीन ली। अलमारी में रखी पांच ग्राम वजनी सोने की कान की झुमकी और नकदी सात हजार रुपए निकाल लिए। इस दौरान बुजुर्ग बसुबाई के चिल्लाने पर पोता संजय और बहन दौड़कर कमरे में आए, तो बदमाश भागने लगे। पूजा ने बदमाशों को भागते भी देखा। परिवार के सभी लोग जागते, तब तक बदमाश फरार हो चुके थे। पुलिस ने प्रकरण दर्ज कर बदमाशों की तलाश शुरू की है।

मिनी ट्रक में भरकर लाए छात्राओं को

मांडू। इंदौर में शुक्रवार को निजी स्कूल की बस व ट्रक की भिड़ंत में चार स्कूली बच्चों की मौत हो गई थी। इसके बावजूद इस घटना से सबक नहीं लिया जा रहा है। विद्यालय बच्चों की सुरक्षा को लेकर जरा भी चिंतित नहीं है। इसी तरह की असुरक्षा का एक नजारा शनिवार को मांडू में तब देखने को मिला, जब शासकीय हाईस्कूल फफूंद की छात्राओं को एक मिनी ट्रक में भरकर लाया गया। मिनी ट्रक एमपी-09, जीई-6931 में स्कूल स्टाफ के सात-आठ लोगों के साथ 40-50 बच्चे मांडू भ्रमण पर आए थे। ठंड के बावजूद चारों ओर से खुले वाहन में बैठाकर छात्राओं को लाया गया। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि अलसुबह अपने गंतव्य से निकली छात्राओं की मांडू पहुंचने तक हालत क्या हुई होगी।

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