खरगोन। केंद्र सरकार से तीन तलाक कानून पास होने के बाद सोमवार को एक पीड़िता थाने पहुंच गई। आरोप है कि निकाह के चार माह बाद ही शौहर ने तीन बार 'तलाक" बोलकर मुझे घर से भगा दिया। पीड़िता ने कहा कि उसे अब सिर्फ कानून और नरेंद्र मोदी पर भरोसा है।

पीड़िता ने शौहर पर कई गंभीर आरोप लगाकर पुलिस से इंसाफ की गुहार की। तीन तलाक मामले में कानून लागू होने के बाद जिले में यह पहला मामला है। पीड़िता ने यह भी आरोप लगाया कि पुलिस ने आरोपित के खिलाफ तत्काल प्रकरण दर्ज नहीं किया। वह पुलिस अधीक्षक से भी मिली।

सोमवार को पीड़िता अमरीन 19 ने पुलिस अधीक्षक और थाना प्रभारी को लिखित शिकायत की। उसने बताया कि 6 अप्रैल 2019 को उसका विवाह शहर के रंगरेजवाड़ी निवासी सद्दाम से हुआ। शुरुआत से ही मैके निक पति सद्दाम ने मारपीट की और प्रताड़ित किया। यहां तक कि नया गैरेज खोलने के लिए उसके पिता से 1 लाख रुपए की मांग भी की। अमरीन ने जेठानी और परिजन पर भी प्रताड़ना और मारपीट का आरोप लगाया।

पीड़ित अमरीन ने बताया कि 16 अगस्त को वह अपनी चाची साइना बेग के साथ ससुराल पहुंची। वहां पति सद्दाम व बड़े भाई और जेठानी ने अभद्र व्यवहार किया। गला दबाया। विवाद के दौरान सद्दाम ने चाचा रईस को बुलाकर कहा कि वह अब अमरीन को साथ नहीं रखेगा। इसी वक्त उसने तीन बार तलाक बोलकर घर से भगा दिया। यहां तक कि उसने आरोप लगाया कि पति सद्दाम के अन्य रिश्तेदार महिला से अवैध संबंध है। उसका कहना है कि समाज के धर्मावलंबियों से भी मदद मांगी। उन्होंने भी कानून का सहारा लेने की बात कही।