मालवा-निमाड़ में हाईवे और अन्य प्रमुख मार्गों पर लूटपाट की वारदातें थम नहीं पा रही हैं। कहीं गाड़ियों के टायर पंक्चर कर सवारों को लूटा जा रहा है, कहीं चलते ट्रक और बसों के ऊपर से सामान उड़ाया जा रहा है। यही नहीं वाहनों में सवार लोगों के साथ जानलेवा मारपीट भी की जा रही हैं। ये वारदातें तब भी हो रही हैं जब पुलिस प्रमुख मार्गों पर लगातार गश्त का दावा कर रही है। अधिकांश जिलों में कुछ खास स्थानों पर ही वारदातें होती हैं, इसके बावजूद वहां सुरक्षा के इंतजाम बढ़ाकर वारदातें न रोक पाना, पुलिस की कार्यक्षमता पर सवाल खड़े करने वाली है।

जोखिम वाले कुछ स्थानों पर पुलिस रात में तो कानवाई (वाहनों को काफिले में छोड़ना) लगाकर वाहनों को सुरक्षा दे देती है, लेकिन दिन में यह सुविधा नहीं मिल पाती है। इसके अलावा ट्रक कटिंग (चलते ट्रक से सामान चुराना) की वारदातों की कोई गिनती ही नहीं है। पुलिस ट्रक कटिंग के मामलों में इसलिए इत्मीनान से बैठी है, क्योंकि थानों में दर्ज ट्रक कटिंग के मामलों की संख्या बहुत कम है। हकीकत यह है कि वारदातें अक्सर बाहरी राज्यों के ट्रकवालों के साथ होती हैंं। वे इसलिए रिपोर्ट नहीं करते कि पुलिस और कोर्ट की तारीखों के चक्कर में पड़कर कहां नुकसान उठाएंगे! हाल ही में झाबुआ जिले में एक रात में बदमाशों ने दो बसों सहित छह वाहनों से लूटपाट की। लूट और ट्रक कटिंग के अधिकांश मामलों में अब तक आरोपित पुलिस गिरफ्त से दूर हैं।

आधे घंटे में लूट की छह वारदातों को दिया अंजाम

झाबुआ। झाबुआ जिले में लूटपाट का इतिहास पुराना है। पहले की तुलना में वारदातें कम जरूर हो गई हैं, लेकिन लूटपाट का नहीं बदला है। रास्तों पर रापी गाड़कर वाहनों के पहिए पंक्चर किए जाते हैं। ऐसे में वाहन रुकते ही बदमाश सामने आते हैं और मारपीट कर लूटपाट मचा देते हैं। रात के अंधेरे में निकलने वाले वाहन चालकों को लूटपाट का भय बना रहता है। झाबुआ-कल्याणपुरा मार्ग पर फूटिया के समीप, स्टेट हाईवे पर थांदला-मेघगनर के बीच सजेली फाटे पर, झाबुआ से गुजर रहे इंदौर-अहमदाबाद हाइवे, माछलिया घाट, देवझिरी, मसूरिया, पांच का नाका सहित कई स्थान और बदनावर-कुक्षी स्टेट हाइवे पर झाबुआ-रानापुर के बीच आमली फलिया, ढेकल घाट, पाडलवा के समीप लूटपाट की घटनाएं होती रही हैं। लाखों रुपए का सामान और नगदी लूटने के अलावा बदमाशों की मारपीट से कई यात्रियों की जान पर भी बन आती है। घटनाएं बढ़ने पर पुलिस ने कानवाई आरंभ कर दी, एक साथ वाहनों का काफिला निकलने से वारदातों में कमी आई। लेकिन अकेले वाहन आज भी बदमाशों का शिकार हो रहे हैं।

बोवनी के बाद शुरू होता है सिलसिला

कहा जाता है कि बोवनी निपटते ही अपराध का सिलसिला शुरू हो जाता है। इस साल भी सनसनीखेज वारदातों को लुटेरों ने अंजाम दिया है। मेघनगर-थांदला मार्ग पर हाल ही आधे घंटे में छह वाहनों को लूट लिया गया। अंतिम दो वारदातें तो पुलिस की मौजूदगी में हो गईं। इससे पूर्व वैवाहिक सीजन में रेकी करते हुए झाबुआ-कल्याणपुरा मार्ग पर महिदपुर के एक परिवार को लूट लिया गया था। मारपीट कर दो लाख का सामान बदमाश लूट ले गए थे। बाद में भयभीत परिवार वापस ही नहीं लौटा।

लापरवाहों पर कर रहे कार्रवाई

एसपी विनीत जैन ने कहा कि जिले के सभी रास्तों पर पेट्रोलिंग बढ़ा दी गई है। जगह-जगह पॉइंट बनाकर पुलिसकर्मियों को तैनात किया है। लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर कार्रवाई भी की जा रही है। सजेली फाटक क्षेत्र में हाल ही में हुई लूट के बाद मेघनगर थाना प्रभारी को देरी से पहुंचने पर लाइन हाजिर कर दिया गया है।

मक्सी-शाजापुर के बीच उड़ा देते हैं माल

शाजापुर। जिले में एबी रोड पर दौड़ते वाहनों से माल चोरी की वारदातें लगातार सामने आ रही हैं। तमाम कोशिशों के बावजूद पुलिस इन वारदातों पर न तो लगाम लगा पा रही है और न ही चोरी गया माल बरामद हो रहा है। लूट की रिपोर्ट दर्ज नहीं करने की भी शिकायतें हैं। अगस्त के 15 दिनों ही आधा दर्जन वारदातें सामने आ चुकी हैं। हाल ही में वाहनों से चोरी के एक मामले में पुलिस ने चोरी के मामले में अदमचैक काटकर फरियादी को चलता कर दिया। मामले ने तूल पकड़ा तो वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर एफआईआर दर्ज हो सकी। जिले की सीमा से गुजरे एबी रोड पर चार थाने और एक पुलिस चौकी होने के बावजूद वाहनों से माल चोरी होने की वारदात सामने आ रही हैं। सर्वाधिक वारदातें मक्सी और लालघाटी थाना क्षेत्र में हो रही हैंं।

ताजा घटनाएं

04 अगस्त की रात में मुंबई से कानपुर जा रहे एक कंटेनर से कपड़े की करीब 15 गठानें बदमाशों ने चुरा ली। कंटेनर ड्रायवर प्रमोदकु मार पिता सुरुद्दीन (22) निवासी हनुमानगंज प्रतापगढ़ की शिकायत पर लालघाटी थाने में चोरी की रिपोर्ट दर्ज की गई है। आरोपितों का पता नहीं लग सका है।

12 अगस्त की रात ग्वालियर से मुंबई जा रहे कंटेनर से बदमाशों ने चॉकलेट के करीब 22 कार्टून उतार लिए। कंटेनर चालक बाली की शिकायत पर मक्सी थाने में चोरी की रिपोर्ट दर्ज की गई। बीते वर्ष एक यात्री वाहन को निशाना बनाने के साथ कई माल वाहनों से माल चोरी के मामले हो चुके हैं।

लगातार प्रयास : एसपी शाजापुर पंकज श्रीवास्तव ने बताया कि हाईवे पर सामने आ रही वारदातें चिंता का विषय हैं। हमने हाईवे पर स्थित थानों और चौकी से स्टाफ को हर समय सजग रहने और हाईवे पर पेट्रोलिंग के निर्देश दिए हैं। साथ ही जो वारदातें सामने आई हैं, उनके खुलासे के लिए भी कार्रवाई की जा रही है।

टांडा-कुक्षी मार्ग पर दिनदहाड़े लुट रहे मुसाफिर

धार। राष्ट्रीय राजमार्ग इंदौर-अहमदाबाद पर जिले के राजगढ़ और झाबुआ जिले की सीमा पर लूटपाट की स्थिति अक्सर बनती है। इसके अलावा टांडा से कुक्षी के मार्ग भी लूटपाट की वारदातों को लेकर बदनाम हैं। पिछले दो माह में टांडा-कुक्षी मार्ग पर करीब पांच वारदातें हो चुकी हैंं। इनमें से एक भी वारदात के बारे में पुलिस आरोपितों का पता नहीं लगा सकी है। पूर्व में इंदौर-अहमदाबाद हाईवे पर लूटपाट की वारदातें अधिक होती थीं। ट्रैफिक बढ़ने से वारदातों की संख्या पूर्व की तुलना में कम हो गई है, जबकि राजगढ़ से टांडा होते हुए कुक्षी मार्ग पर वारदातें ज्यादा हो रही हैं।

हालत यह है कि क्षेत्र में दिनदहाड़े ही लूट हो जाती है। आवाजाही के लिए इस मार्ग को क्षेत्र में सुरक्षित नहीं माना जाता है। इस मार्ग पर घाट सेक्शन में वारदातें ज्यादा हो रही है। वाहन की गति धीमी होने का फायदा उठाकर अपराधी वारदात को अंजाम दे देते हैं। लूट की वारदातों में अवैध देसी कट्टों के इस्तेमाल ने चिंता और बढ़ा दी है। बदमाश चोरी की बाइक का वारदात में उपयोग करते हैं। बदमाश बाइक सवार को टक्कर मारकर गिराने के बाद लूट लेते हैं।

यह तरीका अधिकांश वारदातों में सामने आया है। पुलिस का कहना है कि क्षेत्र में पेट्रोलिंग होती है लेकिन कई बार वारदात के बाद पुलिस बुलाने पर भी नहीं पहुंच पाती है। रात में कानवाई के तहत पुलिस सुरक्षा में वाहनों को निकालने की व्यवस्था है, लेकिन यह व्यवस्था सिर्फ रात में होती है।

20 जून को बैंक मैनेजरके परिवार को लूटा : 20 जून 2019 को महाराष्ट्र के नासिक के बैंक मैनेजर गौरीश शुक्ला ट्रांसफर होने पर कार से परिवार के साथ इंदौर जा रहे थे।रात में बदमाशों ने पीथमपुर क्षेत्र में खंडवा के पास हाईवे पर रापी

लगाकर कार का टायर पंक्चर किया। बाद में गौरीश, उनकी पत्नी व मां से ज्वेलरी व नगदी लूट ले गए थे। हालांकि पुलिस ने पांच बदमाशों को गिरफ्तार लूट का माल बरामद कर लिया है।

एक रात में चार वारदात का प्रयास, एक में कामयाब : 13 अगस्त की रात राजगढ़ क्षेत्र में बदमाशों ने रापी गाड़कर चार कारों को निशाना बनाया। झाबुआ के बैंक मैनेजर सर्वजीतसिंह (30) पिता गोविंदसिंह चौहान, पत्नी जिमी शक्तावत, मां लक्ष्मीबाई और भाई अभिजीत के साथ महेश्वर से लौट रहे थे, तभी मोहनखेड़ा ब्रिज पर बदमाशों ने रात करीब12 बजे रापी लगाकर उनकी कार का पहिया पंक्चर कर दिया। कार रुकते ही बदमाशों ने लूट की वारदात कर डाली।

वारदातें कम हुईं

पुलिस अधीक्षक आदित्य प्रताप सिंह ने बताया कि वारदातें रोकने के लिए विशेष ध्यान दे रहे हैं। पेट्रोलिंग भी बढ़ा दी गई है। इससे वारदातों की संख्या में पूर्व की तुलना में कमी आई है।

मंडलेश्वर-जामघाट रोड पर हो चुकी हैं वारदातें

खरगोन। ल गभग 18 वर्ष पहले चित्तौड़गढ़-भुसावल राजमार्ग पर औद्योगिक क्षेत्र निमरानी तत्कालीन कलेक्टर अलका उपाध्याय के वाहन पर लुटेरों ने हमला किया था। हमले में कलेक्टर उपाध्याय ने बहादुरी दिखाते हुए हमलावरों को भागने पर मजबूर कर दिया था। इस घटना के बाद शहर के एक बड़े व्यापारी को भी कसरावद के पास ही लुटेरों ने निशाना बनाया था। इसके बाद से पुलिस ने पहले कानवाय व्यवस्था की, धीरे-धीरे मुख्य मार्ग पर बसाहट के लिए अप्रत्यक्ष मंजूरी दी। बस्तियां बनी और चहल-पहल बढ़ने से इस जगह वारदातें बंद हो गईं। लेकिन बदमाशों ने अन्य मार्गों पर वारदातें करना शुरू कर दिया। हाल ही में 26 जुलाई की रात मंडलेश्वर-जामघाट रोड पर दो घटनाएं हो चुकी हैंं। बदमाशों ने घाट में पेड़ गिराकर रास्ता रोका और कार सवारों पर हमला बोल दिया था। चालक सूझबूझ से वहां से बच निकले और पुलिस को सूचना दी। इस मामले में पुलिस ने दो आरोपितों को गिरफ्तार किया था। रास्ता बन जाने से पिछले कुछ समय से क्षेत्रवासी इंदौर जाने के लिए जाम घाट मार्ग का उपयोग कर ने लगे हैं। हरियाली और प्राकृतिक दृश्यों की वजह से एक हजार से अधिक वाहन यहां से हर दिन गुजरते हैं।

हाईवे पर होती है पेट्रोलिंग : एसपी सुनील कुमार पांडेय ने कहा कि जिले की सीमा में हाइवे पर पेट्रोलिंग निरंतर की जाती है। पुलिस टीमों को निर्देश दिए गए हैं कि राजमार्गों पर जाम नहीं लगने पाए। अन्य मार्गों पर पेट्रोलिंग की व्यवस्था की जा रही है।

चौकसी बढ़ाई, वाहनों की लगातार जांच

उज्जैन। इंदौर-अहमदाबाद मार्ग पर दो बस, कार, ट्रक सहित आधा दर्जन वाहनों में सवार यात्रियों से लूट की घटनाओं के बाद उज्जैन पुलिस भी अलर्ट पर है और चौकसी बढ़ा दी गई है। पुलिस अन्य शहरों को जोड़ने वाले सभी मार्गों पर कड़ी निगरानी कर रही है। एसपी सचिन अतुलकर ने डायल-100 को लगातार हाईवे पर गश्त करने के लिए निर्देशित किया है। उज्जैन-इंदौर फोरलेन, बड़नगर, नागदा, देवास हाईवे पर सतत निगरानी की जा रही है। उज्जैन-कोटा मार्ग पर कानवाई लगाकर वाहनों को छोड़ा जा रहा है। इंदौर रोड पर आने-जाने वाले वाहनों की चेकिंग के लिए अधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपी गई है।

नागरिकों से भी आग्रह किया गया है कि कोई भी संदिग्ध दिखाई दे तो तत्काल पुलिस को सूचना दें। 16 जुलाई को इंदौर-उज्जैन मार्ग पर सांवेर थाना क्षेत्र में उज्जैन के युवकों की कार को पंक्चर कर बदमाशों ने लाखों रुपए का माल लूट लिया था। इस घटना से पुलिस अलर्ट पर थी। इसी के चलते 27 जुलाई को इंदौर रोड पर पंथपिपलई के समीप जब एक ग्रामीण के साथ लूट की वारदात हुई तो पुलिस ने बदमाशों को जल्दी ही दबोच लिया।

बाइक सवार भरतलाल कीर निवासी पंथपिपलई को कार से आए बदमाशों ने रोका और पिस्टल दिखाकर लूट लिया। सूचना पुलिस कंट्रोल रूम पहुंची और वायरलेस पर पाइंट चला। पंथपिपलई स्थित ढाबे पर बैठे पुलिसकर्मी ने ग्रामीणों की मदद से कार का पीछा कर अरुण शर्मा, राजू प्रजापत, सूरज साहू को दबोच लिया था।

सतत गश्त से वारदातों पर लगा अंकुश

मं दसौर। जिले से महू-नीमच राजमार्ग, चौमेहला-प्रतापगढ़ स्टेट हाइवे गुजरते हैं। महू-नीमच राजमार्ग का मल्हारगढ़ से बोतलगंज तक का हिस्सा ट्रक कटिंग के लिए पहले काफी बदनाम था। सूठोद और बोतलगंज के पास चढ़ाई और मंदसौर बायपास पर चढ़ाई वाले मार्ग पर ट्रकों की गति धीमी होते ही बदमाश उस पर चढ़ कर सामान नीचे फेंक देते थे। पीछे आ रहे उनके साथ माल उठाकर रफूचक्कर हो जाते थे।

चोरी का माल खरीदने में पिपलियामंडी के कुछ व्यवसायी भी शामिल थे। 2013 में डॉ. जीके पाठक जिले मेंएसपी बने। उन्होंने राजमार्ग पर ट्रक कटिंग की वारदातों को रोकने के लिए रात में लगातार गश्त करवाई। कचनारा से चल्दू तक पुलिस वाहन रात 10 से सुबह छह बजे तक लगातार गश्त करते थे। इससे वारदातों पर अंकुश लगा और पिछले दो सालों से ट्रक कटिंग की रिपोर्ट भी दर्ज नहीं हुई है।

वायडी नगर थाने के तत्कालीन टीआई किशोर पाटनवाला के अनुसार 27 अगस्त 2015 को महू-नीमच राजमार्ग पर गोदरशाह बाबा दरगाह के सामने कालूराम निवासी जौराबपुरा जिला भीलवाड़ा के ट्रक पर बदमाश चढ़े और तिरपाल काटकर सामान फेंकने लगे। कालूराम ने जब उन्हें रोका तो बदमाशों ने चाकू मारकर घायल उसे घायल कर दिया। बदमाश ट्रक से कपड़े की 50 हजार रुपए कीमत की चार गठानें चुरा ले गए। पुलिस ने ट्रक कटिंग गिरोह से माल खरीदने वाले सुनील पिता वरदीचंद पोरवाल निवासी पिपलियामंडी को पकड़कर पूछताछ की तो ट्रक कटिंग करने वालों में विजय उर्फ सोनू बावरी निवासी पिपलियामंडी तथा पहलवान उर्फ गोटू बावरी निवासी सोकड़ी का नाम सामने आया। पुलिस ने तीनों को गिरफ्तार कर माल बरामद कर लिया था।

एसपी हितेश चौधरी ने बताया कि महू-नीमच राजमार्ग सहित प्रमुख मार्गों पर सभी थाना प्रभारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में रात्रि में गश्त बढ़ाने को कहा है। मैं भी रात में आकस्मिक चेकिंग कर रहा हूं।

गवाघाटी में ट्रक कटिंग, प्रकाश की व्यवस्था नहीं

बड़वानी। जिले के बीच से गुजरे राष्ट्रीय राजमार्ग क्रमांक तीन आगरा-मुंबई पर जुलवानिया और बालसमुद के बीच गवा घाटी में ट्रक कटिंग की कई वारदातें हो चुकी हैं। अधिकांश घटनाओं की रिपोर्ट पीड़ित नहीं करवाते। इसकी वजह यह है कि ट्रक वाले अन्य राज्यों के होते हैं, वे पुलिस में रिपोर्ट करवा कर चक्कर से बचना चाहते हैं। गवा घाटी में पुलिस वॉच टॉवर बनाने और पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था की मांग अरसे से की जा रही है, लेकिन कभी भी इस ओर ध्यान नहीं दिया गया। वाहनों पर पथराव की घटनाएं भी अक्सर यहां होती रहती हैं। गवा घाटी में इस तरह की घटनाएं सूखा पड़ने या अतिवृष्टि की स्थिति में बढ़ जाती हैं। क्षेत्र के पूर्व सांसद सुभाष पटेल ने तत्कालीन केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी को समस्या से अवगत करवाया था। गडकरी ने नेशनल हाइवे अथॉरिटी को निर्देशित करने की बात तब कही थी, लेकिन कुछ नहीं हो सका। पूर्व पुलिस अधीक्षक तिलकसिंह ने घुड़सवार पुलिस से क्षेत्र में लगातार पेट्रोलिंग करवाने की बात कही थी, वह योजना भी कागजों में कैद हो गई। क्षेत्र में पुलिस वाहनों से पेट्रोलिंग करती है लेकि न वह कारगर नहीं है।

करेंगे कारगर उपाय : एसपी डीआर तेनीवार ने बताया कि गवा घाटी में पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था करवाई जाएगी। संबंधित क्षेत्र में प्रभावी पेट्रोलिंग के लिए व्यवस्था जल्द की जाएगी।

दो महीने में एक घटना, आरोपित भी पकड़े गए

खंडवा। इंदौर-इच्छापुर हाईवे पर वाहनों की आवाजाही बढ़ने से बदमाशों की नजर है। 5 जून को रात करीब 10.30 बजे कि राना व्यवसायी विनिश पिता मदनलाल जैन (42) निवासी सनावद ड्रायवर मनीष और हेल्पर के साथ सुलगांव, पुनासा और ग्राम मोहना की कि राना दुकानों पर सामान देकर वसूली करते हुए आयशर वाहन से सनावद लौट रहे थे। ग्राम हरवंशपुरा के पास ट्रक खराब होने पर ड्रायवर ने रोक दिया। ट्रक रुकते ही बदमाशों ने विनिश जैन, मनीष और हेल्पर धर्मेंद्र की आंख में मिर्ची डाल दी और 4.50 लाख रुपए लूट ले गए। धनगांव पुलिस ने करीब दो माह बाद आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया है।

मिर्ची-फालिया का उपयोग : इंदौर-इच्छापुर हाईवे पर लूट की वारदातों में बदमाश मिर्ची और फालिया का उपयोग करते हैं। 5 जून को हुई वारदात में भी आरोपितों ने आयशर सवारों से लूट में यही तरीका अपनाया। इस मार्ग पर कुछ वारदातों की रिपोर्ट तक नहीं होती। वारदातों की वजह मार्ग की हालत खराब होना भी है।

पेट्रोलिंग होती है

एसपी शिवदयाल सिंह ने कहा कि हाईवे पर वारदातों को रोकने के लिए धनगांव, देशगांव, छैगांवमाखन, पंधाना और बोरगांव बुजुर्ग में पेट्रोलिंग की व्यवस्था की है। पांच जून की घटना के आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया गया है। घटना के बाद इस रूट पर पर डायल -00 की पेट्रोलिंग भी बढ़ा दी है। पहले टोल पर लगे कै मरों से वारदात करने वाले ट्रेस हो जाते थे। टोल नाके हटने से परेशानी आ रही है।

चलती बाइक से रस्सा पकड़ ट्रक पर चढ़ जाते हैं बदमाश

देवास। जि ले में एबी रोड, भोपाल रोड और इंदौर-बैतूल हाईवे पर एक दशक पहले तक लूट की घटनाएं काफी होती थीं। कंजर गिरोह इन वारदातों को अंजाम देते थे। पिछले एक दशक में लूट की वारदातें लगभग खत्म हो गई हैं, लेकिन चलते वाहनों से सामान चोरी करने की घटनाएं बढ़ गई हैं। एबी रोड पर देवास से मक्सी तक, भोपाल रोड पर देवास से दौलतपुर तक और इंदौर-बैतूल नेशनल हाईवे पर बारीनाका से गुराड़ियां कलां तक चलते वाहनों पर चढ़कर बदमाश तिरपाल काटकर सामान उड़ा देते हैं। हालांकि हाईवे पर लगातार पेट्रोलिंग के चलते इन वारदातों में भी पूर्व की तुलना में कमी आई है।

जिले में ट्रक कटिंग की वारदातों को ज्यादातर कंजर गिरोह के सदस्य अंजाम देते हैं। उनका चोरी का तरीका भी हैरतअंगेज है। रात के समय हाईवे पर चलने वाले ट्रकों का बाइक से दो या तीन बदमाश पीछा करते हैं और बाइक ट्रक के पास ले जाकर एक बदमाश ट्रक का रस्सा पकड़कर ऊपर चढ़ जाता है। बाद में तिरपाल काट सामान फेंकता जाता है और पीछे चल रहे बदमाश वाहनों में सामान लादकर रफूचक्कर हो जाते हैं।

वारदातें कम हुईं : एएसपी, देवास जगदीश डावर ने कहा कि कंजर डेरों में लगातार दबिश दी जाती है। हाईवे पर पेट्रोलिंग भी की जा रही है। कटिंग की वारदातों में पहले से काफी कमी आई है।

45 किमी हाईवे असुरक्षित एक महीने में दो कारें लूटीं

नीमच। जि ले में करीब 45 कि लोमीटर लंबा हाई-वे है लेकिन इस पर 20 जुलाई के बाद से हाईवे पर लूट की दो वारदातें हो चुकी हैं। लूट की एक कोशिश भी सामने आ चुकी है। मादक पदार्थ तस्करों के खिलाफ सर्वाधिक कार्रवाई भी इसी हाईवे पर होती है। जिले से महू-नसीराबाद हाईवे क्रमांक 79 का करीब 45 किमी हिस्सा है। पड़ोसी मंदसौर जिले की सीमा खत्म होने के बाद चल्दू गांव से इसकी शुरुआत होती है। हाई-वे पर मप्र का अंतिम कस्बा नयागांव है। इसके बाद राजस्थान की सीमा लग जाती है। हाईवे पर चार थाने जीरन, नीमच सिटी, नीमच कें ट और जावद की सीमा लगती है।

साढ़े तीन लाख का माल लूटा

भाटखेड़ा फंटे पर 20 जुलाई को रात करीब 3 से 4 बजे के बीच साढ़े तीन लाख रुपए की लूट हुई थी। नवलखा शंकर बाग इंदौर के आशीष पिता जगदीश पाटीदार की कार पंक्चर कर तीन बदमाशों ने लूट की वारदात की थी। जावद और भरभड़िया फंटे के बीच दूसरी वारदात 6 अगस्त की रात हुई। इसमें भी चार बदमाशों ने कार को पंक्चर कर इंदौर क्षेत्र के लोगों से 17 हजार रुपए और अन्य सामान लूटा था।

सुरक्षा इंतजाम बढ़ाए : एसपी राके श कु मार सगर ने कहा कि पूर्व में एक हाई-पेट्रोलिंग पार्टी थी, लेकि न अब तीन हो गई है। लूट के आरोपितों की गिरफ्तारी पर 10-10 हजार रुपए का इनाम घोषित कि या गया है।

घटला ब्रिज इलाका नहीं है सुरक्षित

रतलाम। घाटाबिल्लोद-अजमेर (इंदौर-नीमच हाइवे) के बीच रतलाम जिले का करीब 85 किमी हिस्सा सिमलावदा के पास से माननखेड़ा के बीच आता है। हाईवे पर रतलाम के समीप सेजावता बायपास स्थित घटला ब्रिज और उसके आसपास का क्षेत्र वारदातों के लिए बदनाम है। चोरी और लूट के अलावा यहां चलते ट्रक और कंटेनरों से कंजर गिरोह वारदात करते हैं। फोरलेन बनने के बाद वारदातों में कुछ कमी आई थी लेकिन पिछले दो सालों में घटला ब्रिज और आसपास वारदातें बढ़ गई हैं। पुलिस के आंकड़े साल में 10 से 12 वारदातों की बात कहते हैं, लेकिन हकीकत में हर साल करीब 50 वारदात होती हैं। अधिकतर वाहन चालक बाहरी प्रांतों के होने से चोरी की रिपोर्ट तक दर्ज नहीं कराते है। पुलिस ने एक माह पहले ही कंजर गिरोह के दो सदस्यों को गिरफ्तार कर उनसे कब्जे से रुपए और लूट का सामान बरामद किया था।

कुछ चुनिंदा वारदातें

24 मई-2109- वाहन चालक गुलाबबाग पिता याकुब मलिक (30) निवासी ग्राम गुरनावद जिला मेवात नुहु (हरियाणा) कंटेनर में हैदराबाद से छत के पंखे लेकर जयपुर जा रहा था। 24 मई की रात करीब सवा दस बजे बदनावर चौपाटी से सिमलावदा के बीच बदमाश कंटेनर के पीछे का गेट खोलकर पंखों के 20 कार्टन उड़ा दिए।

4 जून 2019- कार में मंगेतर के साथ जा रहे क्षितिज पिता कमल मूणत (24) निवासी जैन कॉलोनी महलवाड़ा से बदमाशों ने घटला ब्रिज के पास चाकू अड़ा पर्स, मोबाइल फोन लूट लिए।

22 जून 2019-सॉफ्टवेयर कंपनी के अश्विन रावल पिता दिनेश रावल (27) निवासी भैंसलाकला थाना बड़नगर रिश्तेदार से मिलकर लौट रहे थे, घटला ब्रिज के पास बदमाशों ने पचास हजार रुपए, मोबाइल फोन लूट लिया।

पुलिस सतर्कता बरत रही है : एसपी गौरव तिवारी ने कहा कि हाईवे पर लूट की वारदातों को लेकर पुलिस सतर्क है। गत दिनों कुछ आरोपितों को गिरफ्तार भी किया गया है।