मुरैना। नईदुनिया प्रतिनिधि

खिलाड़ियों के साथ खेल एवं युवक कल्याण विभाग खिलवाड़ कर रहा है। ग्रीष्मकालीन खेल प्रशिक्षण शिविर की शुरूआत 5 मई से हुई थी। 15 दिन का समय बीत जाने के बाद भी ब्लॉक स्तर पर शिविर की शुरूआत नहीं हुई है। ब्लॉक स्तर पर शिविर शुरू करने के लिए अभी तक विभाग बैठक ही नहीं कर पाया है। इधर जिला स्तर पर आयोजित होने वाले शिविर से लोकप्रिय खेलों केा हटाने के कारण फार्म भरने की आखरी तारीख तक महज 14 सौ रजिस्ट्रेशन ही हो पाए हैं। इस साल खेल शिविर के आयोजन में बड़ी लापरवही बरती गई है। यही वजह है कि दो बार आखिरी तारीख बढ़ाने के बाद भी बेहद कम रजिस्ट्रेशन हो पाए हैं। 19 मई तक जिला मुख्यालय पर करीब 9 सौ खिलाड़ियों ने शिविर के लिए पंजीकरण कराया था। 20 मई तक 1400 रजिस्ट्रेशन होने के बाद पोर्टल बंद हो गया है। यानि इस बार मुख्यालय पर सिर्फ 1400 खिलाड़ी ही शिविर में हिस्सा लेंगे। बाकी खिलाड़ी कियॉस्क पर फार्म भरने के लिए लिए जा रहे 40 से 50 रुपए फीस और जानकारी के अभाव में शिविर में हिस्सा नहीं ले पाएंगे। इससे उन्हें नुकसान होगा।

ब्लॉक में शिविर हो रहे लेट

ब्लॉक स्तर पर जिला मुख्यालय के साथ ही शिविरों की शुरूआत नहीं हुई है। सुस्ती का आलम यह है कि ब्लॉक स्तर पर शिविर शुरू करने के लिए होने वाली बैठक भी अभी नहीं हुई है। यानि ब्लॉक स्तर पर खिलाड़ी 25 या 20 दिन ही खेल प्रशिक्षण प्राप्त कर पाएंगे। हो सकता है कि यह शिविर और भी कम समय के लिए लगे। क्योंकि ब्लॉक स्तर पर रजिस्ट्रेशन के लिए अभी पोर्टल पर फार्म भरे जाने शुरू नहीं हुए हैं।

क्रिकेट नहीं होगा शुरू

शिविर में सबसे ज्यादा संख्या क्रिकेट के खिलाड़ियों की रहती है। लेकिन पिछले साल की तुलना में इस साल क्रिकेट और बास्केटबॉल को शिविर का हिस्सा नहीं बनाया गया है। इसलिए भी खिलाड़ियों की संख्या घटी है। वहीं खेल विभाग के अधिकारियों ने यह भी साफ कर दिया है, कि इस बार शिविर में क्रिकेट को शामिल किया ही नहीं जाएगा।

कथन

ऊपर से निर्देश है कि हम कम से कम 6 खेल और इससे अधिक खेल अपनी इच्छा के अनुसार शामिल कर सकते हैं। यही वजह है कि इस बार क्रिकेट को शामिल नहीं कया गया है। आखरी तारखी तक 14 सौ रजिस्ट्रेशन हुए हैं। ब्लॉक में कैंप शुरू करने के लिए अभी बैठक होनी है।

प्रशांत कुशवाह, संभागीय खेल अधिकारी मुरैना

फोटो 2ए- शिविर में खेलते खिलाड़ी- फाइल फोटो

Posted By: Nai Dunia News Network