नरसिंहपुर। नई सरकार के नए नुमाइंदों के साथ जिला योजना समिति की पहली बैठक में बिजली विभाग की अव्यवस्था और बरगी नहर की अनियमितापूर्ण कार्यप्रणाली के चर्चे जोर-शोर से हुए। बैठक में चिनकी बांध के कार्य को रोकने के निर्देश दिए गए हैं। बांध परियोजना के तहत 167 गांवों के डूब क्षेत्र में आने की आशंका व्यक्त की गई थी। करीब 17 हजार 500 एकड़ उपजाऊ भूमि डूब क्षेत्र में आती है। नृसिंह भवन में लगभग 2 घंटे तक चली बैठक में राजस्व एवं पुनर्वास तथा जिले के प्रभारी मंत्री रामपाल सिंह ने चिनकी बांध बहुउद्देशीय परियोजना के कार्य को रोकने के निर्देश दिए हैं।

जिला पंचायत उपाध्यक्ष लाखन सिंह पटैल ने सदन में यह मामला उठाया था, जिसे सभी विधायकों और जियोस सदस्यों ने ध्वनि मत से समर्थन दिया। उल्लेखनीय है कि जनप्रतिनिधियों द्वारा चिनकी परियोजना का विरोध करते हुए 167 गांवों के डूब क्षेत्र में आने की आशंका व्यक्त की गई थी। बताया गया था कि परियोजना के कारण 17 हजार 500 एकड़ उपजाऊ भूमि डूब क्षेत्र में आती है। जनप्रतिनिधियों की मंशा से सहमत होते हुए प्रभारी मंत्री ने चिनकी परियोजना को रोकने के निर्देश दिए और कहा कि जियोस की बैठक की प्रस्तावना में इसे शामिल कर लिया जाए। बैठक में जिला पंचायत अध्यक्ष देवकुंवर परिहार, विधायक गोविंद सिंह पटैल, जालम सिंह पटैल, संजय शर्मा एवं डॉ. कैलाश जाटव सहित जिला सहकारी बैंक अध्यक्ष कैलाश सोनी, जियोस सदस्य पूर्व मंडी अध्यक्ष अश्विनी धौरेलिया, जिला पंचायत सदस्य नितिन सिंह आदि थे।

Posted By:

NaiDunia Local
NaiDunia Local
  • Font Size
  • Close