रायसेन। नवदुनिया प्रतिनिधि

अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश तहसील गौहरगंज द्वारा आरोपित नीलेश बमोरिया उर्फ संदीप पुत्र हल्के अहिरवार निवासी ताप्ती स्कू ल के सामने सतलापुर को 3 वर्ष का सश्रम कारावास तथा 300 रुपए के अर्थदंड की सजा सुनाई है। इस मामले में शासन की ओर से पैरवी कर रहे अनिल कु मार तिवारी ने बताया कि फरियादी की बेटी को 28 नवंबर 2018 को मकान मालिक जुम्मन के छोटे भाई बबलू अहिरवार ने उससे कहा था कि नीलेश के साथ भाग जाओ नहीं तो वह उसके मम्मी पापा और उसे जान से खत्म कर देगा। बबलू ने कहा कि अभी टाइम है भाग जाओ नीलेश मोटर साइकि ल सहित नीचे खड़ा है तो वह डर के कारण घर में रखे रुपए निकालकर नीलेश के पास गई तो उसने मोटरसाकि ल पर बैठा लिया और 28 नवंबर 2018 को सुबह 7 बजे निकल कर पहले उसे हिंगलाज मंदिर बाडी घुमाकर अपने घर बरेली ले गया। वहीं पर रात में रखा और नीलेश ने डरा धमका कर रात में उसके साथ दुष्कर्म कि या। अगले दिन नीलेश उसे बाड़ी बस स्टैंड ले गया। जहां नीलेश ने एक लड़के से मोबाइल लेकर लड़की की मां दुर्गा मालवीय को लगभग 3 बजे फोन लगाया। लड़की की मां से बात होने के बाद आरोपित ने उसे बस में बैठा दिया। फरियादी ने थाना सतलापुर में इस आशय की गुम इंसान सूचना दर्ज कराई कि उसकी बेटी की उम्र 12 वर्ष 10 माह है। 28 नवंबर की सुबह 6 बजे से घर पर नहीं है तथा एटीएमए व रुपए भी नहीं हैं। वह इसी बिल्डिंग में रहने वाले नीलेश अहिरवार से बातें करती थीं, उसे शक है कि वही उसे बहला फु सलाकर ले गया है।

छेड़छाड करने वाले आरोपित को एक वर्ष का कठोर कारावास एवं जुर्माना

रायसेन। नवदुनिया प्रतिनिधि

मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी तहसील सिलवानी द्वारा आरोपित रामकु मार पुत्र पृथ्वी कु शवाह निवासी ग्राम खोड़ी थाना गैरतगंज को एक वर्ष का कठोर कारावास तथा 1000 रुपए अर्थदंड की सजा अर्थदंड के व्यतिक्रम पर एक माह की अतिरिक्त सजा भुगताई जाएगी। इस मामले में शासन की ओर से पैरवी कर रहे राजेन्द्र वर्मा ने बताया कि 21 जनवरी 2015 को जब फरियादिया रोज की तरह अपने घर से सकू ल जाने के लिए तिगड्डा पर पैदल आई और बस का इंतजार कर रही थी तभी वहां पर आरोपित अपनी मां के साथ मोटर साईकल से आया और फरियादिया को मोटरसाईकल पर बिठाकर दूसरे तिगड्डे पर छोड़ दिया एवं मां को छोड़ने गया। उसके बाद फरियादिया के पास आरोपित वापस आया एवं सिलवानी छोड़ने को कहा जिस पर फरियादिया ने मना कि या। कि ंतु आरोपित द्वारा पुनः कहने पर फरियादिया आरोपित के साथ सिलवानी जाने के लिए मोटर साईकल पर बैठ गई। सिलवानी जाते समय रास्ते में जमुनिया घाटी पर आरोपित ने मोटरसाइकिल रोक ली और फरियादिया का हाथ पकड़ कर जंगल में चलने के लिए कहा। फरियादिया द्वारा अपने पापा को फोन लगाने की बात कहने पर आरोपित ने फरियादिया को सिलवानी छोड़ने को कहा एवं जान से मारने की धमकी दी। जिस पर फरियादिया अपने स्कू ल सिलवानी पहुंची और अपनी प्रिंसिपल को पूरी घटना बताई और अपने पिता को फोन लगाकर घटना के बारे में बताया।

Posted By: Nai Dunia News Network