- सब स्टेशन ऑपरेटर से गंदी भाषा में बात करते हुए कार्यपालन यंत्री का ऑडियो हुआ वायरल

बीना। नवदुनिया न्यूज

सोशल मीडिया पर शुक्रवार को मध्यप्रदेश पूर्व क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी में पदस्थ कार्यपालन यंत्री नितिन डेहरिया का सब स्टेशन ऑपरेटर से बात करने का ऑडियो वायरल हुआ है। इसमें कार्यपालन यंत्री ऑपरेटर से कह रहे हैं कि तुम्हारा दिमाग सड़ गया है। नौकरी क्यों कर रहे हो। इसके अलावा भी अशोभनीय भाषा में ऑपरेटर से बात कर रहे हैं। ऑडियो की पुष्टि करने के लिए जब ऑपरेटर से बात की तो उसने पूरी कहानी बताई। साथ ही यह भी बताया कि विद्युत वितरण कंपनी के अधिकारी किस तरह आउटसोर्स कर्मचारियों का शोषण कर रहे हैं।

ऑपरेटर राहुल अहिरवार ने बताया कि सूचनाओं के आदान-प्रदान करने के लिए कार्यपालन यंत्री ने बीना डिवीजन सप्लाई ग्रुप बनाया है। इस ग्रुप में बिजली कंपनी के नियमित कर्मचारियों के अलावा आउटसोर्स कर्मचारियों को जोड़ा गया। गुरुवार को रात के वक्त तेज हवा चलने और बारिश होने के कारण बहुत से फीडर बंद हो गए थे। वह ग्रुप में मैसेज डालकर रामनगर सब स्टेशन ऑपरेटर से जानकारी मांग रहे थे, लेकिन जिस ऑपरेटर की ड्यूटी थी, उसका मोबाइल बंद हो गया था। राहुल की ड्यूटी रात 12 बजे से सुबह 8 बजे तक थी, लेकिन वह दो घंटे पहले सब स्टेशन पहुंच जाते हैं। सब स्टेशन पहुंचते ग्रुप में पड़े मैसेज देखकर ऑपरेटर ने कार्यपालन यंत्री को फोन लगाकर फीडर बंद चालू होने की जानकारी देनी चाही, लेकिन अधिकारी बुरी तरह भड़क गए और कहने लगे कि हम कितनी देर से फोन लगा रहे हैं। तुम्हारा दिमाग सड़ गया है। कर्मचारी ने बताने का प्रयास किया कि उसकी ड्यूटी नहीं थी, वह तो अभी सब स्टेशन पहुंचता है। उससे पहले जिस कर्मचारी की ड्यूटी थी उसका मोबाइल बंद हो गया था, लेकिन अधिकारी ने एक बात नहीं सुनी। अशोभनीय भाषा में बात करते हुए कर्मचारी को बुरी तरह से लताड़ दिया। साथ ही कहा कि नौकरी नहीं करनी है तो घर जाओ। हम किसी दूसरे कर्मचारी को भेजते हैं। यह ऑडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है।

ऐसी कोई बात नहीं है

मैंने किसी से अभद्र या गंदी भाषा में बात नहीं की है और न ही कोई ऐसी बात मेरी जानकारी में है।

नितिन डेहरिया, कार्यपालन यंत्री, बीना डिवीजन

ऐसा भाषा में बात नहीं करना चाहिए

कई बार काम के दबाव में कर्मचारियों से गुस्से में बात हो जाती है, लेकिन किसी से गंदी भाषा में बात नहीं करनी चाहिए। मैं बात करुंगा।

जीडी त्रिपाठी, एसई, सागर

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सफाई न होने से घरों के सामने भर रहा नालियों का पानी

बीना। नवदुनिया न्यूज

बारिश के पहले नालियों की सफाई न होने से शहरवासियों को पहली बारिश में ही दिक्कतों का सामना करना पड़ा। नालियों चोक होने से बारिश का पानी गलियों में भर गया। गुरुवार रात हुई बारिश का पानी दूसरे दिन भी घरों के सामने भरा रहा। इससे कई परिवारों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा। लोगों की शिकायत के बाद भी नालियों की सफाई नहीं कराई जा रही है।

सिविल अस्पताल के पीछे वाली गली में रहने वाले गोलू ने बताता कि छह माह से उनके घर के सामने की नाली की सफाई नहीं की गई है। वार्ड के लोगों ने इसकी शिकायत नपा अधिकारियों से की थी, लेकिन बारिश के पहले नालियों की सफाई नहीं कराई गई। इस सीजन की पहली बारिश में ही नाली का पानी सड़क पर भर गया। रात के वक्त दो पहिया वाहन से आने-जाने में दिक्कत हुई। इसके अलावा नाली चौक होने से दूसरे दिन शाम तक घर घरों के सामने नाली का पानी भरा रहा। कई लोगों को घर से निकलने में भी दिक्कत हुई। इसी तरह प्रदीप पटेल ने बताया कि उनके घर के सामने भी कल रात से पानी भरा हुआ है। नाली चोक होने से बारिश का पानी सड़क पर भर गया। थोड़ी देर और बारिश होती तो घर के अंदर पानी भर जाता। बावजूद इसके नगरपालिका नाली की सफाई नहीं करा रही है। इससे आने वाले दिनों में और ज्यादा परेशानियों का सामना करना पड़ेगा।

यहां भी भरा पानी

चंद्रशेखर वार्ड के अलावा वीरसावरकर, खिरिया वार्ड सहित गांधी वार्ड की कुछ नालियों का पानी सड़कों पर भर गया। इससे आम लोगों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। वार्डवासियों ने बताया कि मानसून सक्रिय होने से पहले अगर नालियों की सफाई नहीं कराई गई तो लोगों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ेगा, क्योंकि नालियां चोक होने से सड़कों पर बारिश का पानी भरेगा, इससे आम लोगों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ेगा।

1406 एसजीआर 142 बीना। चंद्रशेखर वार्ड की इस तरह भरा घरों के सामने नाली का पानी।

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जनपद में रोकी जा रही विधायक निधि की राशि

- समीक्षा बैठक में विधायक बोले, राशि जारी करने पैसे मांग रहे जनपद वाले

बीना। नवदुनिया न्यूज

पंचायतों में विकास कार्यों के लिए विधायक द्वारा दी जाने वाली राशि को जनपद पंचायत में रोका जा रहा है। विधायक निधि जिस पंचायत के नाम जारी होती है, वहां के सरपंच-सचिव जनपद कार्यालय के चक्कर लगा-लगाकर परेशान हो जाते हैं और कुछ रुपयों के लालच में जनपद स्टाफ राशि जारी नहीं कर रहा। इस तरह के आरोप विधानसभा स्तरीय समीक्षा बैठक में विधायक महेश राय ने लगाए। चूंकि बैठक से सीईओ सुरेंद्र साहू नदारद थे, इसलिए विधायक और एसडीएम ने समय पर राशि जारी करने के लिए एपीओ आरएल नामदेव से कहा।

शुक्रवार की सुबह 11 बजे से आयोजित विधानसभा स्तरीय समीक्षा बैठक को अधिकारियों ने तवज्जो नहीं दी। 11 बजकर 05 मिनट पर तहसील सभागार पहुंचे विधायक को 2-4 अधिकारी मिले। विधायक के पहुंचने की सूचना ऑफिस में बैठे एसडीएम किरोड़ीलाल मीना को दी, वह भी 15 मिनट बाद बैठक के लिए पहुंचे। इसके बाद भी कई विभाग प्रमुख बैठक से गायब रहे। अधूरी जानकारी, बिना तैयारी के अधिकारी पहुंचे। बैठक की शुरूआत लोक निर्माण विभाग से हुई। कंजिया-खिमलासा, कंजिया-बम्होरी दुर्जन सड़क के बारे में विधायक ने पूछा। उसके बाद उन्होंने धंसरा से सनाई की सड़क के बारे में जानकारी ली। एसडीओ एसएस ठाकुर ने कहा कि यह सड़क प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना को हस्तांतरित कर दी गई है। वहीं प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना से पहुंचे सब इंजीनियर केके अग्रवाल ने बताया कि यह सड़क उनके विभाग के पास नहीं है। विधायक ने एसडीएम को बताया कि सड़क की हालत खस्ता है और कभी धोखे से कोई जनप्रतिनिधि उस क्षेत्र में पहुंच गया तो पिट जाएगा। लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों ने बताया कि फंड नहीं होने से सड़कों का काम प्रभावित हो रहा है।

ये प्री-मानसून मेंटनेंस क्या होता है!

मध्यप्रदेश राज्य विद्युत मंडल से कार्यपालन यंत्री नितिन डेहरिया बैठक में नहीं पहुंचे थे। जूनियर इंजीनियर सुदीप जैन से विधायक ने पूछा कि ये प्री मानसून मेंटनेंस क्या होता है। जेई के जवाब से असंतुप्ट एसडीएम ने भी बार-बार गुल हो रही बिजली का कारण जानना चाहा, लेकिन जेई सही जवाब नहीं दे पाए। विधायक ने बिजली कटौती, टेढ़े-आड़े खंभे, लटकती केबल, टूटते तारों को लेकर सवाल किए।

क्षेत्र का दौरा नहीं करते सीईओ

जनपद पंचायत की समीक्षा करते हुए विधायक ने कहा कि सीईओ क्षेत्र का दौरा नहीं करते। ऑफिस में कोई आता है तो मिलते नहीं हैं। पिपरासर गांव का सरपंच नल-जल योजना के लिए 25 चक्कर लगा चुका है, उसका काम नहीं हो रहा है। प्रधानमंत्री आवास बन नहीं रहे हैं। पात्रता पर्ची के लिए हितग्राहियों को परेशान किया जा रहा है। गौंची बगसपुर में एक स्टापडैम बनवाया जा रहा था जो एक व्यक्ति के कारण रुका हुआ है। विभागीय अधिकारी कुछ करते नहीं हैं।

सीजन निकलने के बाद बोवनी होगी क्या

कृपि विभाग से आए आरएईओ राजेश षर्मा व राकेश परिहार से विधायक महेश राय ने खाद, बीज की स्थिति जानी। जिस पर दोनों ने किसी तरह के निर्देश या पत्राचार नहीं होने की बात कही। स्टॉक में खाद नहीं आने की जानकारी भी दी। कर्ज माफी, बीज पर अनुदान जैसी योजनाओं के लिए आवंटन नहीं होने की बात कृपि अधिकारियों ने कही।

जमीन मिले तो बने आवास

सीएमओ पीएस बुंदेला, सब इंजीनियर शिवराम साहू, सब इंजीनियर आकांक्षा मिश्रा से विधायक ने प्रधानमंत्री आवास योजना की प्रगति जानी। सीएमओ ने कहा कि जमीन नहीं है, यदि जमीन मिल जाए तो हम आवास बनाकर लोगों को दे देंगे। विधायक ने एसडीएम से औरैया क्षेत्र में 7 एकड़ खाली पड़ी जमीन हस्तांतरित करने के लिए कहा। तीन वार्डों की जांच समय पर पूरी करने, सड़कों पर डामर बिछाने के भी निर्देश दिए।

54 आंगनबाड़ी किराए पर

महिला बाल विकास विभाग से पहुंची परियोजना अधिकारी शशिकांता नायक ने बताया कि शहर में 58 आंगनबाड़ी केंद्र हैं, इनमें से 54 किराए के भवनों में चल रही हैं। इन्हें प्रति माह 750 रुपए किराया दिया जा रहा है। एसडीएम ने रिक्त पदों की जानकारी मांगी। साथ ही लाड़ली लक्ष्मी योजना, प्रसव उपरांत सहायता पर भी सवाल-जबाब किए। बीईओ दिनेश यादव से गणवेश, साइकिल वितरण, पुस्तक वितरण संबंधी जानकारी ली गई। अधूरे पड़े स्कूल भवनों, गिरने योग्य भवनों की भी जानकारी ली।

कुछ लोग चाह रहे हैं राशन दुकान

खाद्य विभाग से आए कनिप्ठ खाद्य आपूर्ति अधिकारी अमित चौहान से पात्रता पर्ची, राशन दुकानों की जानकारी ली। साथ ही कहा कि राजनीतिक दबाब में आकर ऐसी किसी दुकान के सेल्समैन को बाहर नहीं कर देना जो ईमानदारी से काम करता हो। विधायक ने एसडीएम को बताया कि कुछ लोग दबाब देकर राषन दुकान पर कब्जा करना चाह रहे हैं।

कहां रहता है पशु चिकित्सा विभाग का स्टाफ

पशु चिकित्सक विजया तिवारी से स्टाफ की जानकारी ली। साथ ही कहा कि आपका स्टाफ क्षेत्र में कहीं भी काम नहीं करता। एसडीएम ने पंचायतों में पशु चिकित्सा विभाग से जुड़े कर्मचारियों के नंबर प्रिंट करवाने के लिए कहा। आरईएस, उद्यानिकी, कृषि मंडी की भी जानकारी समीक्षा बैठक के दौरान ली गई।

1406 एसजीआर 141 बीना। शुरूआती 20 मिनट एसडीएम सहित अन्य अधिकारी नहीं पहुंचे बैठक में।

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करंट लगने से एक की मौत

बीना। बिहरना गांव में करंट लगने से एक व्यक्ति की मौत हो गई। यह व्यक्ति अपने घर की छत पर पत्ते डालने के लिए पेड़ पर चढ़कर कटाई कर रहा था। सिर में 11 केवी का करंट लगा और उसकी मौके पर ही मौत हो गई। जानकारी अनुसार बिहरना निवासी 50 वर्षीय पुरपोत्तम पिता मुल्ले रैकवार बकरी चराने घर से सुबह निकला था। गांव के बाहर वह एक पेड़ पर चढ़ा और लकड़ियां तथा कुछ पत्ते काटने लगा। इस दौरान उसका ध्यान पेड़ से सटकर निकली 11 केवी लाइन की तरफ नहीं गया, एकाएक सिर के संपर्क में तार आया और जोर का करंट लग गया। पेड़ से नीचे गिरे पुरषोत्तम को कुछ लोग सिविल अस्पताल लेकर आए, जहां उसे मृत घोपित कर दिया गया। दोपहर बाद पोस्मार्टम हुआ और शव परिजनों के सुपुर्द कर दिया। पुलिस ने मर्ग कायम कर लिया है।

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डॉक्टरों के साथ मारपीट के विरोध में बांधी काली पट्टी

बीना। पश्चिम बंगाल में डॉक्टरों व मेडिकल स्टाफ के साथ आए दिन हो रही मारपीट के विरोध में सिविल अस्पताल स्टाफ व डॉक्टरों ने काली पट्टी बांधकर कार्य किया। साथ ही कहा कि अस्पताल में सुरक्षा व्यवस्थाएं बढ़ाई जानी चाहिए। मध्यप्रदेश चिकित्सा अधिकारी संघ के आव्हान पर सिविल अस्पताल, रेलवे अस्पताल सहित प्राईवेट अस्पतालों में पश्चिम बंगाल के एनआरएस मेडिकल कॉलेज कलकत्ता एवं पूर्ण भारतवर्ष में डॉक्टरों एवं मेडिकल स्टाफ पर हो रहे हमलों के खिलाफ, सरकार द्वारा सुरक्षा दिलाए जाने की मांग के साथ काली पट्टी बांध कर विरोध दर्शाते हुए ओपीडी में मरीजों का इलाज किया गया। इस दौरान डॉ. आरके जैन ने कहा कि दूसरे की जान बचाने वाले डॉक्टर्स आज खतरे में है। सरकारों को इनकी सुरक्षा पर ध्यान देना चाहिए। डॉ. हिमांशु शर्मा, डॉ. वीरेंद्र ठाकुर सहित अस्पताल के अन्य कर्मचारियों ने भी बीना अस्पताल में सुरक्षा गार्ड या पुलिस चौकी खोले जाने की मांग की।

1406 एसजीआर 143 बीना। काली पट्टी बांधकर मरीजों की जांच करते डॉक्टर।