शहडोल।

आदिवासी अंचल में पर्यावरण को सहेजने के लिए शहडोल एसपी की पत्नी लोगों के बीच जाकर उन्हें जागरूक करने के प्रयास में जुटी हुई हैं। एसपी अनिल सिंह कुशवाह की पत्नी ममता सिंह कुशवाह इन दिनों पुलिस लाइन में शिविर लगाकर लोगों को पर्यावरण संरक्षण का संदेश दे रही हैं। ममता सिंह पिछले 4 सालों में जहां भी रहीं हैं गणेश उत्सव के दौरान वे लोगों को जागरूक करने अपने घर से निकल पड़ती हैं। अभी तक उन्होंने लगभग 400 से ज्यादा शुद्घ मिट्टी से अपने हाथों द्वारा बनी गणेश प्रतिमाओं को स्थापित करवाया है। ममता ने बताया कि चार पहले जब मैं इंदौर में थी तो वहां इससे संबंधित एक वर्कशॉप में गई। वहां मैने खुद पहली बार अपने हाथ से गणेश प्रतिमा बनाया। यह संदेश मुझे इतना भाया कि मैने उसी वक्त ठान लिया कि अब मुझे भी पर्यावरण को बचाने की दिशा में समाज के भीतर अपना योगदान देना है। इसके बाद मैं जिस सोसाइटी में भी रही वहां गणेश उत्सव के पहले लोगों से संपर्क करना शुरू करवा देती थी। उन्हें अपने पास बुलाकर या फिर उनके पास खुद जाकर मैं उन्हें पर्यावरण के प्रति जागरुक करती, उन्हें बताती कि हमें बाजार में मिलने वाले पीओपी के गणेश प्रतिमाओं को स्थापित करने की जगह अपने हाथ से बने शुद्ध गणेश प्रतिमाओं को स्थापित करना चाहिए।

3 घंट में तैयार हो जाती है प्रतिमाः ममता सिंह ने बताया कि अपने हाथ से जो गणेश प्रतिमाएं बनाने के लिए मैं लोगों को जागररूक करती हूं वह सिर्फ 3 घंटे में बनकर तैयार हो जाती हैं। इसे एक खास प्रकार की मिट्टी से तैयार किया जाता है। जो दो से तीन घंटे में सूख जाता और इसके बाद उसमें कलर पैंट, श्रृृंगार आदि करके उसे तैयार कर दिया जाता है। ममता का कहना है कि अपने हाथ से बनाई प्रतिमा में लोगों की भावनाएं ज्यादा जुड़ी होती हैं। इस लिए भी लोगों को ज्यादा से ज्यादा प्रतिमा बनाकर स्थापित करना चाहिए। ममता सिंह ने बताया कि शहडोल में उन्हें लोगों को जागरुक करने के लिए ज्यादा चुनौती का सामना करना पड़ रहा है।