शाजापुर। कोरोना संक्रमित व्यक्तियों के उपचार के लिए ग्राम पंचायतों को मेडिकल किट उपलब्ध कराएं।

उक्त निर्देश कलेक्टर दिनेश जैन ने शुक्रवार को सम्पन्ना हुई जिला स्तरीय संकट प्रबंधन समूह की बैठक में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. आर निदारिया को दिए। बैठक में संकट प्रबंधन समूह के सदस्य अम्बाराम कराड़ा, महेन्द्र सिंह धनघर, नवीन राठौर, दिनेश शर्मा, क्षितिज भट्ट, मनोहर विश्वकर्मा, संतोष बराड़ा, पूर्व सरपंच रंथभंवर अशोक पाटीदार, जिला

पंचायत सीईओ मिशा सिंह, अपर कलेक्टर मंजूषा विक्रांत राय, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक टीएस बघेल, होमगार्ड कमाण्डेंट विक्रम सिंह,

डॉ. मोहसीन खान भी उपस्थित थे। इस अवसर पर वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान ने संकट प्रबंधन समूह के

सदस्यों को संबोधित करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश दिये।

बैठक में कलेक्टर जैन ने टीकाकरण से छूटे हुए 15 से 17 वर्ष के बच्चों के टीकाकरण के लिए रणनीति बनाने के लिए कहा। इसके लिए मोबाईल टीम लगाए। कलेक्टर ने कहा कि शालात्यागी एवं विद्यालयों में अध्ययन नहीं करने वाले बच्चों के टीकाकरण के लिए भी ग्राम पंचायत से लिस्ट प्राप्त कर मोबाईल टीम के माध्यम से टीकाकरण कराएं। ग्राम पंचायतों में संक्रमित मरीजों के उपचार के लिए दवाईयों की किट पहले से भिजवाएं। प्रत्येक प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र एवं सिविल हास्पिटल में फीवर क्लिनिक शुरू करें। चिकित्सकों की कमी पर आयुष विभाग के चिकित्सकों की ड्यूटी लगाएं। कलेक्टर ने आरआरटी टीम के लिए रेडक्रास सोसायटी से एक माह के लिए किराए से वाहन लेने के निर्देश दिये।

मरीजों से वीडियो कॉल लगाकर चर्चा की

जिला कोविड कमाण्ड एवं कन्ट्रोल सेंटर से अम्बाराम कराड़ा ने होम आईसोलेटेड कोरोना पॉजिटिव छह मरीजों से वीडियो कॉल लगाकर चर्चा की। संक्रमित मरीजों के स्वास्थ्य की जानकारी लेते हुए उन्हें दवाईयों का नियमित सेवन करने एवं कोरोना उपयुक्त व्यवहार का पालन करने के लिए कहा। साथ ही संक्रमित मरीजों से उन्होंने कहा कि जरा भी तकलीफ हो तो कन्ट्रोल सेंटर में फोन लगाकर सूचना दें। साथ ही अपने परिवार जनों को संक्रमण न फैले इसका भी ध्यान रखें। उन्होंने आरती, विक्रमसिंह, सुयश, शाहरूख, कमलेश एवं विशाल से वीडियो कॉल लगाकर चर्चा की। सभी संक्रमित मरीजों से स्वस्थ्य होने की जानकारी दी। इस मौके पर कलेक्टर दिनेश जैन ने कन्ट्रोल रूम में तैनात कर्मियों को निर्देश दिये कि किसी मरीज द्वारा कोई तकलीफ बतायी जाती है तो उसे तत्काल अधिकारियों को बताएं।

Posted By: Nai Dunia News Network

NaiDunia Local
NaiDunia Local