मंत्री बोले-इतने डॉक्टर दे दिए, फिर भी क्यों नहीं मिल रहा इलाज

शिवपुरी। नईदुनिया प्रतिनिधि

प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री तुलसी सिलावट सोमवार शाम शिवपुरी आए। आते ही फक्कड़ कॉलोनी पहुंचे। बीते दिनों जिला अस्पताल में डॉक्टरों की लापरवाही से हुई मरीज बालचंद्र लोधी की मौत हो गई थी चीटियां रेंगती नजर आईं थी। उस पीड़ित परिवार के बीच पहुंचे मंत्री सिलावट ने मुलाकात की और पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली। दो लाख रुपए मिले या नहीं यह भी पूछा। सिलावट ने पीड़ित परिवार को पूरे सहयोग का आश्वासन दिया। मंत्री सीधे जिला अस्पताल पहुंचे और जिला अस्पताल का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान सीएमएचओ डॉ. एएल शर्मा से पूछा कि प्रदेश में सरकार बनने के बाद हमने जिले में इतने डॉक्टर दे दिए, स्टाफ भी दे दिया, फिर लोगों को इलाज क्यों नहीं मिल पा रहा। जो घटनाएं सामने आ रही हैं, वे ठीक नहीं हैं। लोगों को बेहतर उपचार मिले, व्यवहार ठीक हो दवाएं भी दी जाएं, यह सुनिश्चित किया जाए। मंत्री आते ही मेटरनिटी वार्ड में पहुंचे महिला डॉक्टरों से परिचय लिया। पीआईसीयू में भर्ती मुस्कान को देखने गए। यहां उन्हें बताया गया कि कल इसकी हालत खराब थी, आपके आने पर हालात बदल दिए।

डॉक्टर इधर आओ देखो इनकी क्या समस्या है

मंत्री सिलावट ने मेडिकल वार्ड में एक मरीज को खड़े देखा तो उससे बातचीत की। आवाज लगाकर डॉक्टर को बुलाया। इस पर डॉक्टर एसके पिप्पल आए और मरीज रामसेवक को इंजेक्शन लगाकर उपचार शुरू किया।

पीड़ित परिवार बोला-पास में होता है जुआ शराबी मचाते हैं उत्पात

स्वास्थ्य मंत्री जब बालचंद्र के घर पहुंचे तो वहां पर पीड़ित परिवार ने बताया कि उनके घर के आसपास जुआ होता है। यहां पर शराबियों के द्वारा उत्पात मचाते हैं। बालचंद्र की बेटियों ने कहा कि शराबी आए दिन उत्पात करते हैं और जुआ चल रहा है। मंत्री ने कहा कि वह उनकी इस समस्या का एसपी से मिलकर हल करवाएंगे। मंत्री ने एसडीओपी शिवसिंह भदौरिया को निर्देश दिए कि पीड़ित परिवार की समस्या का हल जल्द हो और जो भी इन्हें परेशान कर रहा है, उन पर कार्रवाई करो।

काम करो निडर होकर करो, लापरवाही बर्दाश्त नहीं करूंगा

मंत्री सिलावट ने कहा कि काम करो और निडर होकर करो, लेकिन इस तरह की लापरवाही मैं बर्दाश्त नहीं करूंगा। मंत्री ने कहा कि लापरवाही नहीं होना चाहिए।

डॉक्टर व नर्सों की कमी

अस्पताल प्रबंधन ने बताया कि जिला अस्पताल में डॉक्टर व नर्सों की कमी है। मंत्री ने कहा कि उन्होंने जिला अस्पताल में डॉक्टरों को तैनात किया है। सीएमएचओ डॉ. एएल शर्मा ने कहा कि कुछ डॉक्टरों ने ज्वाइन नहीं किया है। उन्होंने कहा कि मेडिकल कॉलेज के डॉक्टर और नर्स भी हैं, उनसे जिला अस्पताल में काम लिया जाए। महिला डॉक्टरों की तैनाती बैराड़ की गई थी, लेकिन उन्होंने ज्वाइन नहीं किया। इस पर मंत्री ने सीएमएचओ से कहा कि वह उनसे बात करें और उन्हें ज्वाइन करवाएं और उन्हें जिला अस्पताल में पदस्थ कर दें, जबकि बैराड़ के लिए कोई अन्य व्यवस्था देख लें।

मुस्कान को देखने पहुंचे मंत्री

कोलारस के ग्राम बूढ़ी राई से आई 1 साल की कुपोषित मुस्कान को पहले जहां अस्पताल प्रबंधन ने राम भरोसे छोड़ दिया था। मंत्री के दौरे को लेकर वहां स्टाफ को तैनात किया गया तो वहीं मुस्कान के लिए डॉक्टरों की भी तैनाती की गई। मंत्री ने मुस्कान को देखा और उसके उपचार की जानकारी भी डॉक्टरों से ली।

अटेंडर का खाना चखा

जिला अस्पताल में भर्ती एक मरीज के अटेंडर वेटिंग रूम में खाना खा रहे थे मंत्री सिलावट उनके पास पहुंचे। उनसे बातचीत की और उसके टिफिन से एक निवाला लिया और खाया। इस दौरान एक मरीज को उपचार नहीं मिल रहा था इसके बाद डयूटी डॉक्टर को बुलाकर मौके पर बीमार का उपचार कराया गया।

25 कैप्सन-बालचंद्र के घर पहुंचकर उसके परिजनों से बात करते मंत्री सिलावट।

26 कैप्सन-परिजनों की शिकायत के बाद एसडीओपी को निर्देश देते मंत्री।

27 कैप्स्न-अटेंडर के साथ खाना खाते मंत्री।

28 कैप्सन-डॉक्टरों से बात करते मंत्री सिलावट।

29 कैप्सन-मरीज से बात करते मंत्री।

30 कैप्सन-मुस्कान को देखने पहुंचे और उनसे बात की।

स्वास्थ्य मंत्री सिलावट ने कहा 1500 डॉक्टर किए भर्ती

एएनएम भी नहीं थीं हम देंगे बेहतर उपचार

शिवपुरी। स्वास्थ्य मंत्री तुलसी सिलावट ने कहा कि 9 माह हमारे सरकार को हुए हैं। इसके पहले क्या हाल था सब जानते हैं। हमने 1500 डॉक्टरों की भर्ती कर कमी दूर करने का प्रयास किया है। अब भी डॉक्टरों की कमी हैं। एएनएम 2 हजार भर्ती की, जिससे सुदूर गांव में लोगों को उपचार मिल सके। बीते रोज शिवपुरी में चीटिंयां चलने और मरीज बालचंद्र की मौत के मामले में कहा कि जैसे ही मामला पूर्व सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया के संज्ञान में आया था उन्होंने मुझसे बात की जिस पर मैने सुबह ही निर्देश देकर कलेक्टर से कार्रवाई की बात कही। आज भी मैंने कमिश्नर से बात की है कि दोषी लोगों पर कार्रवाई करें और जो निर्दोष हैं उनको न्याय दें यह बात मैंने रास्ते में ही की है। मेडीकल कॉलेज के डॉक्टरों द्वारा चिकित्सा भत्ता लेने के बावजूद निजी अस्पतालों में सेवाएं देने को लेकर मंत्री ने कहा कि इस मामले में जांच कराकर कार्रवाई करूंगा। उन्होंने इसके प्रमाण भी देने को कहा। उन्होंने बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं के लिए समय मांगा और कहा कि यह सरकार दलित शोषित पीडितों के हित में काम कर रही है।

Posted By: Nai Dunia News Network