कहा- तत्काल खाली करें, वरना हो सकता गंभीर हादसा

उज्जैन। प्रदेशभर के कॉलेजों में दाखिले के लिए गुरुवार को उच्च शिक्षा विभाग ऑनलाइन रजिस्टर्ड विद्यार्थियों को सीट आवंटित करेगा। इसी की सूचना विद्यार्थियों को मोबाइल पर एसएमएस से भी मिलेगी। इसके एक दिन पहले बुधवार को लोक निर्माण विभाग ने तेलीवाड़ा स्थित किराये की बिल्डिंग में संचालित शासकीय कालिदास कन्या कॉलेज की बिल्डिंग को जीर्णशीर्ण एवं खतरनाक घोषित कर दिया है। प्राचार्य से कहा है कि सुरक्षा कारणों से भवन तत्काल खाली करें, वरना कभी भी गंभीर हादसा हो सकता है। बिल्डिंग के कॉलम तक फट गए हैं।

कॉलेज की मौजूदा बिल्डिंग का पलास्तर गिरने की घटना सालभर से लगातार सामने आ रही है। पिछले वर्ष भी जान जोखिम में डालकर यहां 1200 से अधिक छात्राओं ने पढ़ाई की। नया शैक्षणिक सत्र 1 जुलाई से प्रारंभ होना है। इसके पहले फीज जमा कर एडमिशन की प्रक्रिया होना है। इसी कड़ी में गुरुवार को विद्यार्थियों को सीट आवंटित होगी। एक बार फिर कॉलेज में चहल-कदमी बढ़ जाएगी। ऐसे में पलास्तर गिरने की बार-बार की घटना को संज्ञान में लेकर कॉलेज की मौजूदा बिल्डिंग का भौतिक सत्यापन लोक निर्माण विभाग के इंजीनियरों ने किया। रिपोर्ट के आधार पर बुधवार को कार्यपालन यंत्री गणेश पटेल ने बिल्डिंग को जीर्णशीर्ण एवं खतरनाक घोषित कर दिया। साथ ही प्राचार्य को कहा कि वे बिल्डिंग तत्काल खाली करें, वरना हादसे के लिए वे जिम्मेदार होंगी। उन्होंने विकल्प स्वरूप कॉलेज की भीतरी गांव में निर्माणाधीन बिल्डिंग के ग्राउंड फ्लोर में शिफ्ट होने को कहा। बताया कि बिल्डिंग का फर्स्ट फ्लोर भी 15 जुलाई तक तैयार हो जाएगा।

बॉक्स

प्रभारी कलेक्टर के निर्देश- तीन दिन में शिफ्ट करो कॉलेज

नगर निगम आयुक्त और प्रभारी कलेक्टर प्रतिभा पाल ने बुधवार को कॉलेज की निर्माणाधीन बिल्डिंग का निरीक्षण किया। कॉलेज प्राचार्य डॉ. सुधा श्रीवास्तव को तीन दिन में कॉलेज नई बिल्डिंग में शिफ्ट करने के निर्देश दिए। एक पत्र उच्च शिक्षा विभाग आयुक्त को भी भेजा।

बॉक्स

प्राचार्य ने आयुक्त को भेजा पत्र, कहा- कॉलेज गिरा तो जिम्मेदारी आप की

समय रहते कॉलेज की बिल्डिंग न बनने और मौजूदा बिल्डिंग की मरम्मत न होने से परेशान प्राचार्य डॉ. सुधा श्रीवास्तव ने उच्च शिक्षा विभाग के आयुक्त को पत्र भेजा। कहा कि कॉलेज की बिल्डिंग गिरती है तो जिम्मेदारी आपकी बनेगी। इस पर आयुक्त ने नाराजगी जताई। जवाबी पत्र में प्राचार्य से कहा कि प्रोटोकॉल के तहत इस अमर्यादित भाषा में पत्र भेजना ठीक नहीं। ये अनुशासनहीनता है। आगे से पत्र व्यवहार ना करें।

बॉक्स

पहले चरण में खाली रह जाएंगी कई कॉलेजों में 50 फीसद सीटें

पहले चरण में कई कॉलेजों में आधी से ज्यादा सीटें खाली रहने का अनुमान कॉलेज प्रबंधन ने लगाया है। शहर के शासकीय माधव आर्ट्स एवं कॉमर्स कॉलेज, कालिदास कन्या कॉलेज, जीडीसी, माधव साइंस कॉलेज में 50 फीसद सीटों पर प्रवेश की संभावना जताई गई है। हालांकि यह स्थिति 1 जून के बाद ही स्पष्ट होगी। खाली सीटों के भरने के लिए एडमिशन का दूसरा चरण अगले माह होगा।

Posted By: Nai Dunia News Network