उज्जैन (नईदुनिया प्रतिनिधि)। ज्योतिर्लिंग महाकाल मंदिर में करवाचौथ से एक दिन पहले शनिवार को साह और बहू के रिश्तों की मधुरता का नया रूप दिखाई दिया। झारखंड की एक महिला अपनी बहू के 17 लाख रुपये मूल्य के स्वर्ण आभूषण लेकर आई और भगवान महाकाल को समर्पित कर दिए। बताया बहू लंबे समय से बीमार थी, मृत्यु से पहले उसकी अंतिम इच्छा थी कि महाकाल मंदिर में गहने चढ़ाऊं। इसलिए गहने भगवान महाकाल को भेंट किए हैं।

पीआरओ गौरी जोशी ने बताया झारखंडके बोकारो निवासी सूरत प्यारी अपने पुत्र संजीव कुमार के साथ शनिवार को महाकाल मंदिर पहुंची। उन्होंने 17 लाख रुपये के स्वर्ण आभूषण भगवान महाकाल को भेंट किए। बताया कि बहू रश्मि प्रभा भगवान महाकाल की भक्त थी। कई बार वो भगवान महाकाल के दर्शन करने आ चुकी हैं। हालांकि पिछले कुछ समय से वे गंभीर रूप से बीमार थीं। बहू की अंतिम इच्छा थी कि उनके गहने महाकाल मंदिर में दान किए जाएं, सौभाग्यवती की इस अंतिम इच्छा को पूरा करने का करवाचौथ से अच्छा अवसर नहीं हो सकता था। इसलिए शनिवार को मंदिर आकर गहने दान किए हैं। महाकाल मंदिर प्रशासक गणेश कुमार धाकड़ ने दानदाता सूरत प्यारी व उनके पुत्र संजीव कुमार को कार्यालय में बुलाकर सम्मान किया। साथ ही दान में प्राप्त स्वर्ण सामग्री की रसीद प्रदान की।

दान में यह प्राप्त

दानदाता ने सोने का एक बड़ा व छोटा हार, एक नग माला, दो चूड़ी, दो कंगन, चार जोड़ कान के टाप्स, एक नगर कुंडल, एक नग अंगूठी शामिल है।

Posted By: Nai Dunia News Network

NaiDunia Local
NaiDunia Local