उज्जैन। श्री महाकालेश्वर ज्योतिर्लिंग के समीप प्लास्टिक के पाइपों में आग लगने से हड़कंप मच गया। यह आग स्मार्टसिटी प्रोजेक्ट के कार्य के लिए खरीदे गए पाइप्स में लगी। आग लगने की घटना की जानकारी जब कंपनी के सीईओ प्रदीप जैन को मिली तो उन्होंने इसे गंभीरता से लिया। उन्होंने कहा कि आग लगी है या लगाई गई है यह जांच का विषय है। गौरतलब है कि कंपनी शहर में 271 करोड़ रुपए ससे 25 किलोमीटर लंबी सड़क का निर्माण कर रही है। इस सड़क में एक सुरंग निर्माण का कार्य किया जाएगा, इस सुरंग में इंटरनेट, बिजली, पानी की पाइपलाइन आदि बिछाने का कार्य किया जाएगा। इसका कार्य त्रिवेणी संग्रहालय और हीरामिल रोड क्षेत्र में चल रहा है हालांकि अभी आग लगने के कारणों का पता नहीं चल सका है। जिसे लेकर जांच की जा रही है। बताया जा रहा है कि इस घटना में बड़े पैमाने पर माल का नुकसान हुआ है।

प्रारंभिक अनुमान के अनुसार घटना में लाखों रुपए मूल्य के पाइप का नुकसान हुआ है। मिली जानकारी के अनुसार आग लगने के बाद जब क्षेत्र में मौजूद लोगों ने घटनास्थल से धुआं उठता देखा तो वे उस ओर दौड़े, कुछ लोगों ने आग बुझाने का प्रयास किया।

इसी दौरान लोगों ने फायर ब्रिगेड को सूचना दी। सूचना मिलने पर दमकल घटनास्थल पर पहुंची और आग पर काबू पाने का प्रयास किया। जब तक मौके पर दमकल पहुंचती उसके पहले आग तेजी से फैल गई और वहां रखे प्लास्टिक पाइप जलने लगे। कुछ ही देर में प्लास्टिक पाइप्स में लगी आग बढ़ गई। इस दौरान लोगों ने पुलिस को घटना की जानकारी दी। कुछ ही देर में पुलिस घटनास्थल पर पहुंच गई। घटनास्थल से उठती आग की लपटें काफी दूर से ही नजर आ रही थीं। कुछ ही देर में मौके पर लोगों की भीड़ लग गई। जिसके बाद पुलिसकर्मियों ने क्षेत्र से लोगों को हटाया।

जब इस घटना की जानकारी अधिकारियों को मिली तो वे भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने घटना को लेकर संबंधितों से जानकारी प्राप्त की। गौरतलब है कि लगभग वर्ष 2017 में मंदिर के बाहर लगी फूल-प्रसादी की दुकान में आग लग गई थी। इस घटना में करीब 4 दुकानें जल कर खाक हो गई थीं और लाखों का नुकसान हुआ था।

Posted By: Lav Gadkari