उज्जैन। महाकाल मंदिर प्रशासन ने भस्मारती की ऑनलाइन बुंकिग सुविधा में 100 सीटों का इजाफा किया है। मंदिर समिति प्रतिदिन 400 भक्तों को ऑनलाइन परमिशन देती है। 100 सीट बढ़ने के बाद अब प्रतिदिन 500 लोगों को अनुमति मिलेगी। इस व्यवस्था से जहां आम भक्तों को अधिक सुविधा मिलेगी। वहीं राजाधिराज महाकाल के खजाने में सालाना अतिरिक्त 3 लाख 60 हजार रुपए आएंगे।

मंदिर समिति भस्मारती दर्शन के लिए प्रतिदिन 1700 लोगों को अनुमति प्रदान करती है। इसमें 400 अनुमति ऑनलाइन दी जाती है। अब इसकी संख्या बढ़ाकर 500 कर दी गई है। ऑनलाइन अनुमति लेने के लिए प्रति व्यक्ति 100 रुपए शुल्क निर्धारित है। अब तक मंदिर समिति को 400 सीटों की बुकिंग पर सालाना 14 लाख 40 हजार रुपए मिलते थे, जो अब बढ़कर 18 लाख रुपए हो जाएंगे।

एक माह पहले करा सकते हैं बुकिंग

भस्मारती की ऑनलाइन बुकिंग सुविधा दर्शनार्थियों के लिहाज से बेहतर है। देश विदेश में कहीं से भी श्रद्घालु घर बैठे एक माह पहले बुकिंग करा सकते हैं। यह व्यवस्था पूरी तरह पारदर्शी है। इससे मंदिर समिति को लाखों रुपए साल की आमदनी भी होती है। बावजूद मंदिर समिति केवल 500 सीट ऑनलाइन के जरिए बुक करती है। मंदिर समिति को इसकी संख्या बढ़ाकर 1000 करना चाहिए। इसके शुल्क में भी वृद्घि की जा सकती है। इससे मंदिर समिति को खासा फायदा होगा।

महापर्वों के समय भी मिलना चाहिए सुविधा

मंदिर समिति श्रावण मास, महाशिवरात्रि जैसे पर्व त्योहारों पर भस्मारती की ऑनलाइन अनुमति को ब्लॉक कर देती है। इसके चलते श्रद्घालुओं को मंदिर के काउंटर से ऑफलाइन अनुमति लेना पड़ती है। बताया जाता है महापर्वों के समय वीआईपी अनुमति अधिक होती है। ऐसे में आम भक्तों से सुविधा छीन वीआईपी को दी जाती है। मंदिर प्रशासन को विशिष्ट अवसरों पर भी इस महत्पूर्ण सुविधा को आम दर्शनार्थियों के लिए निर्बाध चालू रखना चाहिए।

Posted By: Nai Dunia News Network