कलेक्टर ने दिए निर्देश, पिछले दिनों किया था निरीक्षण

उमरिया। नईदुनिया प्रतिनिधि

कलेक्टर स्वरोचिष सोमवंशी ने जिला मुख्यालय उमरिया में संचालित जिला स्तरीय पोस्ट मैट्रिक व प्री मैट्रिक छात्रावास का निरीक्षण किया और इस दौरान निरीक्षण के दौरान छात्रावास में गंदगी पाई गई। विद्यार्थियों द्वारा गुटखे खाने के प्रमाण मिले तथा मोबाइल भी उपयोग करने की बात सामने आई। इस पर कलेक्टर ने नाराजगी जताते हुए छात्रावास अधीक्षक गुलाब सिंह को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि समय समय पर बच्चों की तलाशी ली जाए तथा उन्हें व्यसन से मुक्त रखने के प्रयास किए जाए।

नशा छोड़ें और मेहनत करें

कलेक्टर ने छात्रों को समझाया कि वे आगे बढ़ने के लिए व्यसन छोड़कर मेहनत से पढ़ाई करें। छात्रावासी विद्यार्थियों से चर्चा करते हुए उन्होंने विद्यार्थियो को समझाइश देते हुए कहा कि अभिभावक कड़ी मेहनत कर आपके जीवन को सुखमय बनाने के लिए पढ़ने के उद्देश्य से भेजते हैं। प्रदेश सरकार की भी मंशा है कि आदिवासी विद्यार्थी गुणवत्ता युक्त शिक्षा प्राप्त कर उच्च पदो पर आसीन हों। सभी के प्रयास तभी सार्थक होंगे, जब आप लोग मन लगाकर पढ़ाई करेंगे और वर्तमान प्रतियोगिता के दौर में अपने आपको साबित करेंगे।

समस्याओं पर भी की चर्चा

कलेक्टर ने विद्यार्थियों के साथ बैठकर उनकी पढ़ाई तथा छात्रावास के सुविधाओं खेलकूद, कोचिंग, पत्र-पत्रिकाओं की उपलब्धता, खाने व नाश्ते की गुणवत्ता पर चर्चा की। उन्होंने विद्यार्थियों से पूछा कि पढ़कर आप क्या बनना चाहते हो , तो किसी विद्यार्थी ने डॉक्टर बनना, किसी ने पुलिस बनना, किसी ने पुलिस अधीक्षक बनना, तो किसी ने व्यवसायी बनना बताया। कलेक्टर ने उन विद्यार्थियों को शारीरिक गतिविधियों में भाग लेने, नियमित दौड़ने, खेलने तथा पढ़ाई की ओर विशेष ध्यान देने की समझाइश दी। भ्रमण के दौरान उन्होंने छात्रावास कैंपस का भ्रमण किया। वहां की साफ सफाई के संबंध में अधीक्षक को निर्देश दिए।

प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड का सीटीओ आवश्यक

उमरिया। जिला खनिज अधिकारी ने बताया है कि मप्र शासन खनिज साधन विभाग मंत्रालय भोपाल के निर्देशानुसार रेत भंडारण में भी प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड से सीटीओ प्राप्त करना आवश्यक किया गया है।

90 हजार का प्रापर्टी टैक्स व साढ़े 18 हजार का जलकर जमा

उमरिया। मुख्य नगर पालिका अधिकारी उमरिया एसके गढपले ने बताया कि शहर सरकार आपके द्वार कार्यक्रम का शुभारंभ नगर पालिका परिषद उमरिया द्वारा गांधी जयंती 2 अक्टूबर से किया गया जो कि 22 अक्टूबर 2019 तक चलाया जायेगा जिसमे शहर के विभिन्न वार्डों में कैंप लगाकर व घर-घर जाकर लोगों को ई नगर पालिका एप डाउनलोड करवा कर उसके माध्यम से नगर पालिका अंतर्गत मिलने वाली सेवाओं जैसे पानी टैंकर लेना, जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र बनवाना आदि व अपनी शिकायत को ऑनलाइन के माध्यम से करने के बारे में बताया जा रहा है। ई-नगर पालिका के माध्यम से प्रापर्टी टैक्स, वाटर टैक्स भी जमा करवाया जा रहा है। 2 अक्टूबर से 16 अक्टूबर तक नगर के वार्ड क्र 15, 03, 04, 05, 01, 06, 07, 08, 09, 10, 11 व 12 में कैंप लगाकर उपरोक्त जानकारी प्रदान की गई व अभी तक कुल 90 हजार रुपए का प्रापर्टी टैक्स व 18415 रुपए का जलकर जमा किया गया है। 324 एप डाउन लोड करवाए गए।

उड़द के उपार्जन के लिए 433 किसानों का पंजीयन

उमरिया। जिला आपूर्ति अधिकारी बलमेंद्र सिंह परिहार ने बताया कि जिले में उडद के 433 किसानो ने उपार्जन हेतु पंजीयन कराया है। उन्होंने बताया कि किसान तिल उपार्जन हेतु 25 अक्टूबर तक अपना पंजीयन करा सकते हैं। उड़द हेतु उमरिया में 62, चंदिया में 32, कौडिया में 17, बडखेरा में 36, ददरौडी में 39, पथरहठा में 25, बिलासपुर में 27, करकेली में 40, घुनघुटी में 2, चौरी में 3, मानपुर में 5, बल्हौड में 1, नवगवां में 2, गढपुरी में 6, कोठिना में 5, बकेली में 1, कठार में 15, सिगुडी में 7, इंदवार में 2, भरेवा में 29, कोटरी में 41, अमरपुर में 3, पडवार में 3, चिल्हारी में 9, छांदाखुर्द में 3, सलैया में 0, कुम्हरवाह डोडका में 2, मालाचुआ में 2 तथा पिंड्रा के 3 व कियोस्क के माध्यम से 11 किसानो ने पंजीयन कराया है।

डेंगू को लेकर स्वास्थ्य विभाग अलर्ट

उमरिया। प्रदेश में डेंगू के खतरे को देखते हुए उमरिया जिले के स्वास्थ्य विभाग ने भी अलर्ट जारी कर दिया है। सीएमएचओ डॉ राजेश श्रीवास्तव ने बताया कि आम लोग भी इसे लेकर सावधान रहें। बुखार के साथ-साथ यदि तेज सिरदर्द, आंखों के आसपास व मांसपेशियों में दर्द तथा शरीर पर चकते बनना आदि लक्षणों में से दो या दो से अधिक लक्षण दिखाई देने पर कोई भी व्यक्ति डेंगू का मरीज हो सकता है। कभी-कभी रोगी को होने वाला सामान्य बुखार भी डेंगू हो सकता है। इसलिए डेंगू होने पर तुरंत चिकित्सक से परामर्श लें। इन लक्षणों के साथ-साथ मसूड़ों अथवा आंखों से रक्त स्त्राव अथवा रक्त में प्लेटलेट्स का कम होना आदि गंभीर प्रकार के डेंगू बुखार के सूचक हैं। ऐसी स्थिति में मरीज को अस्पताल में चिकित्सक की सलाह के अनुसार उपचार लेना चाहिए। इसके साथ-साथ डेंगू से बचाव के लिए कुछ सावधानियां बरतने को भी कहा है। उन्होंने कहा है कि घर में पानी के कंटेनर ढंककर रखें, सप्ताह में एक बार पानी के कंटेनर को अवश्य खाली करें, पैराथृम नामक दवा को कैरोसिन में मिलाकर आसपास छिड़काव किया जा सकता है। पूरी बांह के कपड़े पहनें तथा शरीर को ढंककर रखें। सोते समय मच्छरदानी का उपयोग करें। नीम के पत्तों का धुंआ करें तथा खिड़की दरवाजों पर जाली लगवाएं।

Posted By: Nai Dunia News Network