विदिशा। सूखाग्रस्त घोषित विदिशा जिले में गर्मी के दिन आते ही सूखे के हालात भयावह होते जा रहे हैं। नदी-नालों और कुओं का पानी धरातल की ओर जाने लगा है। शहर के किनारे से गुजरने वाली बेतवा नदी में भारी जल स्तर घट गया है।

रंगई स्थित बाढ़ वाले गणेश मंदिर के पास बनाए गए स्टाप डेम में कुछ दिनों पहले तक लबालब पानी भरा हुआ था। डेम से बहने वाला झरना मनमोहता था। लेकिन आज इस पूरे क्षेत्र में सूखे के हालात दिखाई देने लगे हैं। कल-कल बहने वाली नदी में डबरों में पानी नजर आने लगा है। यही हालात जिले की अन्य प्रमुख नदियों में भी बनने लगे हैं। पर्यावरण को भारी नुकसान पहुंचाने के कारण जिले को सूखे के संकटों से जूझना पड़ रहा है।

इन हालातों के बीच युवाओं द्वारा गठित चलो आज कुछ अच्छा करते हैं ग्रुप के द्वारा किया जा रहा पौधारोपण उम्मीद की किरण दिखाई दे रहा है। ग्रुप ने इस बार शहर में एक हजार पौधे रोपने का लक्ष्य निर्धारित किया है। इसी के तहत रविवार को ग्रुप के युवा सदस्यों ने विदिशा हाईवे बायपास के किनारे पौधारोपण किया। जल संकट से निपटने के लिए पौधारोपण अभियान को और अधिक बढ़ावा देने की जरूरत है।

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