COVID 19 Lockdown: तमाम कोशिशों के बाद भी कोरोना महामारी के बढ़ते मामलों ने पूरे देश में चिंंता बढ़ा दी है। मौजूदा स्थिति को देखते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशभर में लॉकडाउन की अवधि 3 मई 2020 तक बढ़ाने की घोषणा की। लॉकडाउन बढ़ने का काफी असर इस अवधि में होने वाली बोर्ड परीक्षा, प्रवेश परीक्षा और भर्ती परीक्षाओं पर पड़ेगा। प्रवेश परीक्षा, प्रतियोगी परीक्षाओं की तारीखें तो निश्चित तौर पर आगे बढ़ाई जाएंगी लेकिन बोर्ड परीक्षाओं को लेकर सभी शिक्षा बोर्डों को बड़े फैसले लेना होंगे।

बता दें कि लॉकडाउन के चलते देश के कई राज्‍यों में शिक्षा बोर्ड ने अपने यहां की परीक्षाएं स्थगित कर दी थी। राज्‍य की बोर्ड परीक्षाओं के अलावा CBSE बोर्ड और CISCE बोर्ड को भी अपनी बोर्ड की परीक्षाएं टालनी पड़ी हैं। ऐसे में अब जब लॉकडाउन की अवधि फिर बढ़ गई है तो ऐसे में अनुमान लगाया जा रहा है कि इन तमाम बोर्ड को कुछ अहम और बड़े फैसले लेना होंगे। मौजूदा स्‍थ‍िति‍ को देखते हुए कुछ राज्य बोर्डों ने लंबित परीक्षाओं का संचालन किए बिना परिणाम जारी करने का निर्णय लिया है।

वहीं CBSE कुछ मुख्‍य व‍िषयों को छोड़कर दूसरे व‍िषयों के ल‍िए इंटरनल असेसमेंट की नीति अपना सकता है। CBSE की बोर्ड परीक्षाओं में 30 लाख से ज्यादा छात्र शाम‍िल हुए। CBSE की ओर से कहा गया है कि अब जब स्पष्ट हो गया है कि देशव्यापी लॉकडाउन 3 मई 2020 तक रहेगा तो ऐसे में बोर्ड एक-दो दिन में स्थिति का आकलन कर परीक्षाओं के संबंध में फैसला करेगा। जल्द ही बोर्ड द्वारा इसकी आधिकारिक सूचना दी जाएगी। CBSE की तरह ही CISCE बोर्ड भी शेष बची परीक्षा के लिए इंटरनल असेसमेंट की नीति अपना सकता है।

बहरहाल स्कूल परीक्षाओं पर आधारित उच्च शिक्षा प्रवेश परीक्षाएं भी लॉकडाउन की तारीख आगे बढ़ने से प्रभावित होंगी। इंजीनियरिंग (JEE Main) और मेडिकल एंट्रेंस परीक्षाएं (NEET) पहले ही लॉकडाउन के कारण आगे बढ़ा दी गई हैं। पूर्व के 21 दिनों के लिए देशव्यापी लॉकडाउन के चलते NTA पहले ही घोषणा कर चुका है कि NEET और JEE मेन मई के अंतिम सप्ताह में आयोजित की जा सकती है.. लेकिन अब ये परीक्षाएं और आगे बढ़ सकती हैं।

इतना ही नहीं नए लॉकडाउन का असर कॉलेज के स्नातक और स्नातकोत्तर पाठ्यक्रम में एडमिशन के लिए होने वाली प्रवेश परीक्षाओं की तारीखें भी आगे बढ़ने की संभावना है।

Posted By: Rahul Vavikar

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