7th Pay Commission latest news। केंद्रीय कर्मचारियों को दीपावली से पहले बड़ी खुशखबरी मिल सकती है। केंद्र सरकार दीपावली से पहले केंद्रीय कर्मचारियों का महंगाई भत्ता (Dearness Allowance) बढ़ाने का ऐलान कर सकती है। गौरतलब है कि बीते 18 महीने से केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनरों का महंगाई भत्ता रुका हुआ है। ऐसे में केंद्र सरकार इस महंगाई भत्ते की राशि को जल्द ही रिलीज करने का ऐलान कर सकती है। सूत्रों के मुताबिक महंगाई भत्ते से जुड़ा मामला अब प्रधानमंत्री मोदी तक पहुंच गया है और प्रधानमंत्री के अमेरिकी दौरे से वापस आने के बाद इस संबंध में बड़ी घोषणा की जा सकती है।

पेंशनर्स ने लिखी थी PM मोदी को चिट्ठी

गौरतलब है कि भारतीय पेंशनर्स मंच (BMS) ने बीते दिनों इस संबंध में प्रधानमंत्री मोदी को भी पत्र लिखा था और केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनरों के महंगाई भत्ते (DA) और महंगाई राहत (DR) के एरियर का बकाया देने के लिए PM मोदी से अपील थी। वित्त मंत्रालय ने कोरोना महामारी के चलते मई 2020 में महंगाई भत्ते में बढ़ोतरी को 30 जून 2021 तक के लिए रोक दिया था और फिर 1 जुलाई 2021 से इसे बहाल करने के लिए का आदेश दिया था।

इससे पहले नेशनल काउंसिल ऑफ JCM के सचिव (स्टाफ साइड) शिव गोपाल मिश्रा ने कहा कि बीते 18 महीने से का एरियर अभी नहीं दिया गया है। इस संबंध में केंद्र सरकार से बात चल रही है। कर्मचारियों की डिमांड को देखते हुए उम्मीद है कि सरकार एरियर देने का फैसला जल्द कर सकती है और इसके लिए बीच का रास्ता निकाला जा सकता है।

बीते 18 महीने से अटका है कर्मचारियों के महंगाई भत्ता

गौरतलब है कि केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनरों का महंगाई भत्ता बीते 18 महीने से अटका हुआ है। ऑफिस मेमोरेंडम के वित्त मंत्रालय के तहत व्यय विभाग ने कहा कि केंद्र सरकार के कर्मचारियों को दिए जाने वाले DA मूल वेतन के मौजूदा 17 फीसदी से बढ़ाकर 28 फीसदी किया जाएगा।

1 जुलाई से महंगाई भत्ता 28 भत्ता मिलेगा

गौरतलब है कि केंद्र सरकार ने कर्मचारियों के लिए महंगाई भत्ते को 1 जुलाई से बढ़ाकर 28 प्रतिशत कर दिया है। केंद्रीय मंत्रिमंडल ने 1 जुलाई से केंद्र सरकार के कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए महंगाई भत्ते (DA) और महंगाई राहत (DR) में 11 प्रतिशत की बढ़ोतरी को मंजूरी दी थी। सरकार के इस फैसले से 48 लाख से अधिक कर्मचारियों और 65 लाख पेंशनभोगियों को लाभ होगा। महंगाई भत्ते की नई दर 17 फीसदी से बढ़कर अब 28 फीसदी हो चुकी है।

Posted By: Sandeep Chourey