नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 73वें स्वतंत्रता दिवस के मौके पर लाल किले की प्राचीर से एक नए अभियान की शुरूआत करने का ऐलान किया। उन्होंने कहा कि राष्ट्रपिता महात्मा गांधी जी की जयंती को दो अक्टूबर से पूरे देश में एक साथ प्लास्टिक कचरे से मुक्त करने का अभियान शुरू किया जाएगा। जिस तरह दो अक्टूबर को हमने स्वच्छता अभियान को शुरू किया और उसे सफल बनाया, उसी तरह से इस अभियान को सफल बनाने की जिम्मेदारी भी देश के लोगों की होगी।

स्वच्छता अभियान को भारत में ही नहीं, दुनिया में काफी सराहना मिली। इसका असर भी व्यापक तौर पर देखने को मिला। उन्होंने देश की जनता और खासतौर पर दुकानदारों और व्यापारियों से इस दिशा में योगदान देने की अपील की है। मोदी ने कहा कि उनके विशेष सहयोग की आवश्यकता है और बिना उनके आगे आए देश को इस मुसीबत से मुक्त नहीं किया जा सकता।

पीएम मोदी ने दुकानदारों से कहा कि वह अपने बोर्ड पर कई तरह के बोर्ड लगाते हैं। अब वह एक बोर्ड और लगाएं कि हमसे प्लास्टिक के बैग की अपेक्षा नहीं करें। अपने घरों से कपड़े या जूट का थैला लेकर आइए। साथ ही उन्होंने दुकानदारों और व्यापारियों को सुझाव दिया कि वह दीपावली के मौके पर ग्राहकों को डायरी और कैलेंडर आदि गिफ्ट में देते हैं, जो शायद काम में नहीं आता है।

इस बार वह थैला गिफ्ट करें, जिसमें उनकी दुकान का नाम हो। इससे उन्हें भी फायदा होगा क्योंकि वह थैला लिए व्यक्ति जहां भी जाएगा, उनके बिजनेस का प्रचार करेगा। मोदी ने कहा कि सरकार देश को सिंगल यूज प्लास्टिक यानी सिर्फ एक बार ही इस्तेमाल में लाई जाने वाली प्लास्टिक से मुक्त बनाएगी।

इससे बढ़ेगा रोजगार और कम होगा प्रदूषण

प्रधानमंत्री ने कहा कि देश को प्लास्टिक मुक्त करने से प्रदूषण कम होगा, साथ ही लोगों को रोजगार भी मिलेगा। हम कपड़े और जूट के बैग का इस्तेमाल कर गरीबों, किसानों और विधवाओं की भी मदद कर सकते हैं। इससे उनके जीवन में बदलाव आएगा और रोजगार का सृजन होने से उन्हें आर्थिक मदद मिलेगी। मोदी ने स्टार्टअप, उद्यमियों और टेक्निशियन से आग्रह किया कि वे विचार करें कि प्लास्टिक के रीसाइकिल के लिए हम क्या कर सकते हैं।

पीएम मोदी ने लोगों से अपील की कि दो अक्टूबर के दिन सारा सिंगल यूज प्लास्टिक को जमा करके नगर निगम के पास या स्वच्छता कर्मचारी को देकर देश को सिंगल यूज प्लास्टिक से मुक्त करने में सहयोग दें। उन्होंने बताया कि आम लोगों से जो प्लास्टिक एकत्र किया जाएगा उसे रिसाइक कर विभिन्न तरह के प्रयोग में लाया जाएगा। कई जगहों पर प्लास्टिक का प्रयोग सड़कों के निर्माण में भी हो रहा है।

Posted By: Shashank Shekhar Bajpai