देश में कोरोना संक्रमण का खतरा अब तक टला नहीं है। कोविड की दूसरी लहर अब धीरे-धीरे कम होने लगी है। जिसके बाद राज्यों में अनलॉक प्रक्रिया शुरू हो गई है। हालांकि इस बीच एक चिंताजनक बात सामने आई है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के एक टीम ने अक्टूबर तक भारत में कोरोना की तीसरी लहर आने का आंशका जताई है। विशेषज्ञों का कहना है कि थर्ड वेव दूसरी लहर के मुकाबले नियंत्रित में होगी। लेकिन महामारी एक और वर्ष बनी रहेगी।

दुनियाभर के 40 स्वास्थ्य विशेषज्ञों, डॉक्टरों, वैज्ञानिकों, वायरोलॉजिस्ट और प्रोफेसरों ने 3 से 17 जून के बीच स्नैप सर्वेक्षण किया है। जिसमें सामने आया है कि भारत में वैक्सीनेशन अभियान तीसरी लहर को कम कर देगा। 21 से अधिक स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने अक्टूबर तक तीसरी लहर आने की बात कही है। वहीं तीन लोगों ने अगस्त की शुरुआत में और 12 लोगों ने सितंबर की संभावना जताई है। एम्स के निदेशक डॉक्टर रणदीप गुलेरिया ने कहा कि कोविड की थर्ड वेव अधिक नियंत्रित में रहेगी, क्योंकि टीकाकरण शुरू हो गया है।

वहीं कोरोना की तीसरी लहर से 18 वर्ष से कम उम्र के बच्चों को अधिक खतरा होगा। नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ मेंटल हेल्थ एंड न्यूरोसाइंसेज में महामारी विज्ञान विभाग के प्रमुख डॉक्टर प्रदीप बनंदूर ने कहा कि इस आबादी के लिए कोई वैक्सीन फिलहाल उपलब्ध नहीं है। ऐसे में स्थिति गंभीर हो सकती है। नारायण हेल्थ के कार्डियोलॉजिस्ट डॉ. देवी शेट्टी का कहना है कि अगर बड़ी संख्या में बच्चे संक्रमित हो गए तो अंतिम समय में कुछ नहीं कर सकते। 30 विशेषज्ञों ने कहा कि भारत में कोरोना वायरस का खतरा एक साल बना रहेगा। 15 लोगों ने कहा कि ये दो साल से कम वक्त तक रहेगा जबकि दो लोगों ने कहा कि खतरा कभी खत्म नहीं होगा।

Posted By: Navodit Saktawat

नईदुनिया ई-पेपर पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करे

नईदुनिया ई-पेपर पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करे

डाउनलोड करें नईदुनिया ऐप | पाएं मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और देश-दुनिया की सभी खबरों के साथ नईदुनिया ई-पेपर,राशिफल और कई फायदेमंद सर्विसेस

डाउनलोड करें नईदुनिया ऐप | पाएं मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और देश-दुनिया की सभी खबरों के साथ नईदुनिया ई-पेपर,राशिफल और कई फायदेमंद सर्विसेस

 
Show More Tags