नई दिल्ली। जेट एयरवेज गंभीर वित्तीय संकट से जूझ रही है। इसके चलते पिछले कुछ महीनों से कंपनी ने अपने स्टॉफ को पूरी सैलेरी भी नहीं दी है। ऐसे में जेट कंपनी कर्मचारियों ने शनिवार को नई दिल्ली स्थित इंदिरा गांधी इंटरनेशनल एयरपोर्ट के टर्मिनल-3 पर शांतिपूर्ण प्रदर्शन किया। वे अपने बकाया वेतन की मांग कर रहे थे।

कंपनी अपने कर्मचारियों को इस साल अब तक वेतन नहीं दे पाई है। कभी 119 विमानों के बेड़े वाली कंपनी पर इस वक्त पैसे की कमी की वजह से कंपनी बंद करने का ही संकट है। सरकार के आदेश के मुताबिक शनिवार और रविवार को उसे सिर्फ 6 या 7 फ्लाइट्स को परिचालन में रखना था।

सरकार तलाश रही हल

जेट पर संकट के चलते अब सरकार ने भी हस्तक्षेप किया है। सरकार संकट के फौरी समाधान के तौर पर एक अन्य प्राइवेट एयरलाइन कंपनी स्पाइसजेट को 16 बोइंग 737-800 एनजी विमानों को ड्राई लीज पर लेने की अनुमति प्रदान कर सकती है।

जेट एयरवेज के संकट को अब तक एयरलाइन की व्यक्तिगत समस्या मानती आ रही सरकार को आखिरकार शुक्रवार को इसकी गंभीरता का अहसास हुआ।