नई दिल्ली। एक तरफ जहां नए ट्रैफिक नियमों का देश के कई स्‍थानों में विरोध हो रहा है, वहीं केंद्रीय परिवहन मंत्री नितिन गडकरी को इसमें विरोध करने जैसी कोई वजह नहीं दिखती। उन्‍होंने कहा है कि यह समझ से परे है। गडकरी ने एक बार फिर दोहराया कि मोटर वाहन कानून के नए प्रावधानों का मकसद जुर्माना जुटाना नहीं, बल्कि दुर्घटनाएं रोकना है।

जीवन बचाने के लिए लागू किया है कानून

गडकरी ने कहा कि उन्हें यह समझ नहीं आ रहा कि दिल्ली के चालक इस कानून का विरोध क्यों कर रहे हैं। यह कानून उनका जीवन बचाने के लिए लाया गया है। सड़क सुरक्षा पर एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि पांच लाख दुर्घटनाओं में 1.5 लाख लोगों की मौत हो जाती हैं। मानव जीवन अमूल्य है। इसे समझना चाहिए।

प्रस्तावित वाहन स्क्रैप पॉलिसी पर जल्द फैसला

गडकरी ने कहा है कि केंद्रीय मंत्रिमंडल प्रस्तावित वाहन स्क्रैप पॉलिसी पर जल्द फैसला करेगा। गडकरी ने यहां एक कार्यक्रम से इतर बातचीत में कहा, 'मैंने पुराने वाहनों को स्क्रैप करने की नीति पर कैबिनेट नोट की फाइल पर हस्ताक्षर कर दिए हैं। वित्त मंत्रालय ने भी इस नोट को मंजूरी दे दी है।' इस नोट को अब संबंधित मंत्रालयों के पास भेजा जाएगा। केंद्रीय मंत्रिमंडल जल्द इस पर फैसला करेगा। प्रस्ताव को मंजूरी मिलने के बाद यह नीति दोपहिया और तिपहिया सहित सभी वाहनों पर लागू होगी।

सरकार ने बनाया था यह प्रारूप

सरकार ने दशकों पुराने 2.8 करोड़ वाहनों को स्क्रैप करने के लिए वर्ष 2016 में वोलेंट्री व्हीकल फ्लीट मॉडर्नाइजेशन प्रोग्र्राम (वी-वीएमपी) का प्रारूप तैयार किया था। मंत्रालय का मानना है कि वाहनों के स्क्रैप होने के बाद कच्चे मामले के मामले में भारत बड़ा हब बन जाएगा और नई गाड़ियों की कीमत 20-30 फीसद कम हो जाएगी।