Nikita Tomar Love Jihad Case: हरियाणा के बल्लभगढ़ में लव जेहाद के केस में बीकॉम की छात्रा निकिता तोमर की हत्या का केस देशभर में चर्चा का विषय बना हुआ है। सोमवार शाम को यहां के अग्रवाल कॉलेज के बाहर बीकॉम की अंतिम वर्ष की छात्रा निकिता तोमर की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। मंगलवार को पुलिस ने मुख्य आरोपी तौशीफ के साथ ही उसके साथी रेहान को भी गिरफ्तार कर लिया। लव-जिहाद से जुड़े इस मामले में दोनों आरोपितों को मंगलवार को जिला अदालत में पेश करने के बाद हरियाणा पुलिस ने उनको दो दिन की रिमांड पर लिया है। मामले की जांच के लिए एसआईटी (विशेष जांच दल) का गठन किया गया है। इस मामले के विरोध में मंगलवार को दिन भर निकिता के स्वजनों ने विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधियों व राजनीतिक दलों के साथ मिलकर हाईवे पर चक्का जाम किया। उन्होंने दोषियों को कड़ी सजा देने की मांग की।

Nikita Tomar Ballabhgarh Love Jihad Killing Read Full Incident

फरीदाबाद के सेक्टर-23 के संजय कॉलोनी निवासी निकिता तोमर सोमवार शाम को जब अपनी सहेली के साथ अग्रवाल कॉलेज से बाहर निकल रही थी, तब उसे पहले से ही बाहर खड़े दो युवकों ने अपहरण कर कार में बैठा कर साथ ले जाने का प्रयास किया था। जब निकिता नहीं मानी, तो उसकी गोली मार कर हत्या कर दी। पुलिस ने इस मामले में निकिता के भाई नवीन की शिकायत पर मामला दर्ज किया और क्राइम ब्रांच डीएलएफ ने मुख्य आरोपित तौशीफ को सोमवार रात ही गिरफ्तार कर लिया। पांच घंटे तक छानबीन की और मुख्य आरोपित तौशीफ के बाद उसके साथी को भी गिरफ्तार कर लिया। बताया जाता है कि मुख्य आरोपित ने 2018 में भी निकिता का अपहरण किया था। इस मामले में थाना सिटी बल्लभगढ़ में केस दर्ज किया गया था।

21 वर्षीय आरोपित तौशीफ फिजियोथैरेपिस्ट का कोर्स कर रहा है। दूसरा आरोपित रेहान भी उसके साथ ही फिजियोथैरेपिस्ट का कोर्स कर रहा है। दर्ज मामले के अनुसार पुलिस ने वारदात स्थल से ही देशी पिस्तौल बरामद कर ली थी।

Nikita Tomar Ballabhgarh Love Jihad Killing Read Social Media Comments

कुमार विश्वास ने ट्वीट किया है- 'तौसीफ नामक यही राक्षस निकिता के साथ अश्लील हरकत करने पर आपकी ही सरकार की पुलिस में 2018 में नामजद हुआ था, पर आप व आपके शासन का नाकारापन है कि आप उस पिशाच को तब सजा तक न दिला पाए, अब दिन-दहाड़े उसने उसी मासूम बच्ची को गोली मार दी तो आप ज्ञान दे रहे हैं कि सुरक्षा नहीं दे सकते?

नीकिता तोमर तो वह बहादुर बेटी थी जिसने अपनी जान दे दी पर धर्म परिवर्तन के लिए राज़ी नहीं हुई ! बहन हमेशा याद रखेंगे आपके इस बलिदान को..

सनातन धर्म तुम्हारा बलिदान व्यर्थ नही जाने देगा सभी सनातनी आपके बलिदान का बदला अपराधियों को सजा दिलाकर लेंगे?

मासूम बेटी निकिता तोमर के हत्यारे तौसीफ, रेहान और इनके जैसे कुछ लोग सड़क पर घूमते किसी पागल कुत्ते की माफ़िक़ है, इनका ‘माकूल इलाज’ उसी तरह होना चाहिए जैसे पागल कुत्तों का होता है

याद रहे हिंदुओं, तुम्हारी बेटियों ने अगर इस्लाम नहीं स्वीकारा तो वो गोली मार कर "निकिता" बना देंगे !! बाकी तुम्हारे बस का तो कुछ है ही नहीं !

निकिता ने तौसीफ को धर्म परिवर्तन और शादी के लिए मना किया तो तौसीफ ने उसको दिन दहाड़े गोली से मार दिया.... अतः अब भाईचारे को लगाओ तिलांजलि और इनकी असलियत पहचानो वरना किसी दिन मियाँ भाई तुम्हें भी “चारा” बनाके खा जाएंगे

टुकड़े टुकड़े गैंग, अवॉर्ड वापसी गैंग, बॉलीवुड गैंग, कांग्रेस और वामपंथी गैंग, सभी को लकवा मार गया है, निकिता के लिए एक शब्द तक नहीं बोला किसी ने क्योंकि वह हिंदू की बेटी थी ना ।।

मासूम लाडकियो की मौतो का सिलसिला किससे रुकेगा...?? गांधी के चरखे से...? बाबा आंबेडकर के संविधान से...?? या फिर गोडसे की गोली से..?

हिंदू बेटी #निकिता की हत्या करने वाला जिहादी #मोहम्मदतौफीक हरियाणा से #कांग्रेसविधायकआफ़ताबअहमद का चचेरा भाई है...!! क्या प्रियंका वाड्रा और राहुल गांधी निकिता के न्याय के लिए हरियाणा जाएंगे जैसे वो हाथरस गए थे...?? क्या प्रियंका और राहुल इंडिया गेट पर कैंडल मार्च करेंगे जैसे उन्होंने अशिफा के लिए किया था..??? क्या ग़ुलाम गैंग अपने DP पर निकिता की फ़ोटो लगाएंगे जैसे अशिफा की लगायी थी..?? और क्या ये पूरी चांडाल चौकड़ी (मीडीया, वामपंथी, बॉलीवुड और विपक्ष) निकिता के लिए न्याय माँगेंगे जैसे अशिफा के लिए माँग रहे थे..???

निकिता का अपहरण तौफीक ने 2018 में भी किया था। निकिता के परिवार ने FIR कराया। फिर इस मजहबी ने सपरिवार माफी मांगी, और जैसा कि हिंदू करते हैं, निकिता के परिवार ने माफ कर दिया! आज बेटी हाथ से चली गई। उनका एजेंडा फिक्स है, लेकिन तुम देते रहो माफी!

किसी ने लड़की को "आई लव यू" कहा , लड़की ने मजाक में टाल दिया।

उसने फिर कहा कि "मैं मर जाऊंगा तुम्हारे बिना, जी नहीं पाऊंगा।"

लड़की जानती है कि निहायत ही मूर्ख और गधा प्रजाति का बन्दा है।इसको क्या कहा जाए।

बार बार पीछे पड़ा रहा...प्यार का इजहार करता रहा...लड़की मना करती रही....वो कहता रहा कि मैं मना लूंगा एक दिन...लड़की नहीं मानी...सीधा इंकार कर दिया।

उसने कहा कि अगर प्यार नहीं था शादी नही करनी थी तो बातें क्यों कि ..इसलिए तू गन्दी है तो अब तुझे जीने का हक़ नहीं।

या दूसरा तरीका कहो तो इज्जत से जीने का हक़ नहीं।

लड़के ने चौराहे पर गोली मार उड़ा दिया।

कांड खतम... मोहब्बत समाप्त.....

लेकिन हर लड़की की मौत ऐसे थोडे न होती।

कितनी ही लड़कियां मना करती, कितने ही अखण्ड मूर्ख लड़के जो प्राइवेट कॉलेजों से पढकर बड़के इंजीनियर हो गए या मैनेजमेंट में बड़े अफसर बन गए वो भी उनका पीछा नहीं छोड़ते।

ये तो फिर भी जाहिल आदमी था...

अपने बीच के पढ़े लिखे सभ्रांत परिवारों के ऐसे मजनू छाप लड़को को पकड़िए।

कम से कम उनका उत्साह वर्धन ही न करिए।

एक समय "राम सीता" का नाम अपने पापी मुहं से लेने वाले ऐसे लड़के इनकार पर लड़की को दो मिनट में "धंधे वाली" बना देते।

ऐसे गंदे घिनौने गिरगिटों से तो संभालिये अपनी बहन बेटियों को।

ऐसे लोग हमारे आस पास ही है।

इन नीच सोच वालों के घावों या कहें ईगो पर मरहम लगाने की जगह इनकी असली जगह इनको दिखाए....

बदलाव वहीं से आना शुरू होगा।

गरिमा मिश्रा कात्यायन

Posted By: Arvind Dubey

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