चेन्नई। ISRO के महात्वाकांक्षी अभियान Chandrayaan-2 के हिस्से विक्रम लैंडर के मलबे का चांद पर पता लग गया है और इसके बाद इसकी तस्वीरें भी जारी हो चुकी है। तस्वीरों में बतया गया है कि किस जगह पर विक्रम लैंडर गिरा था और कहां उसका मलबा है। हालांकि, यह सारी जानकारी इसरो या नासा ने नहीं बल्कि चेन्नई के एक इंजीनीयर ने जुटाई है। इस इंजीनियर ने हालांकि, विक्रम लैंडर को ढूंढने के लिए इसरो और नासा के ऑर्बिटर्स द्वारा भेजी गई तस्वीरों का ही एनालीसिस किया था। इस सफलता के बाद अब नासा ने भी इस खोज के लिए चेन्नई के इश इंजीनियर को क्रेडिट दिया है।

अपनी इस सफलता के बाद मीडिया से बाद करतहुए शनमुगा सुब्रमण्यम ने कहा कि मैं एक स्पॉट में कुछ असाधारण ढूंढने में कामयाब रहा और मुझे लगा यह विक्रम लैंडर का मलबा होना चाहिए। इससे लोगों को प्रेरणा मिलेगी।

चेन्नई में एक टेक्नीकल आर्किटेक्ट के रूप में काम करने वाले शनमुगा सुब्रमण्यम एक कम्प्यूटर प्रोग्रामर हैं। मदुराई के रहने वाले शनमुगा ने नासा के Lunar Reconnaissance Orbiter द्वारा जारी की गई चांद की उन तस्वीरों को लिया जो 17 सितंबर, 14 और 15 अक्टूबर के अलावा 11 नवंबर को ली थी। उसके बाद इनकी लगातार स्टडी कर आखिरकार विक्रम लैंडर के मलबे को ढूंढ निकाला।

अपनी इस सफलता के बाद शनमुगा ने नासा को इस खोज के बारे में सूचना दी जिसके बाद नासा ने इसकी पुष्टि के लिए कुछ समय मांगा। आखिरकार नासा ने भी शनमुगा की इस खोज को मानते हुए उनके इसके लिए क्रेडिट दिया है। नासा के डिप्टी प्रोजेक्ट साइंटिस्ट जॉन केलर ने शनमुगा के ईमेल का जवाब देते हुए लिखा है आपके उसे मेल के लिए धन्यवाद जिसमें आपने हमें अपनी खोज की जानकारी दी है। लैंडिंग के पहले और बाद की तस्वीरों में लैंडिंग साइट पर कुछ बदलाव नजर आए हैं। इस जानकारी को लेते हुए LROC टीम ने इसका और एनालिसिस किया और इस जगह को विक्रम लैंडर के टकराने की प्राइमरी जगह के रूप में पाया है।

केलर ने शनमुगा को उनकी कड़ी मेहनत के लिए बधाई देते हुए आगे लिखा है आपको बधाई हो और मुझे इस बात का पूरा विश्वास है कि आपने इसके लिए कड़ी मेहनत और बहुत समय दिया है। हमे खेद है कि हमने आपको देरी से जवाब दिया। इसके बाद नासा ने ट्वीट कर विक्रम लैंडर के खोजे जाने की खबर पूरी दुनिया को दी।

अपनी इस बड़ी खोज को लेकर शनमुगा ने बताया कि मैंने उन दो तस्वीरों के लगातार मिलान किया। एक तरफ नासा द्वारा जारी पुरानी तस्वीरें थीं वहीं दूसरी तरफ नई तस्वीरें थीं जो विक्रम लैंडर के क्रैश होने के बाद जारी हुई थीं। यह काफी कठीन था लेकिन मैंने कोशिश की। मैं बहुत उत्साहित हूं क्योंकि मैंने बहुत कड़ी मेहनत की थी। मुझे स्पेस साइंस में हमेश इंटरेस्टरहा है। मैं कोई भी लॉन्च मिस नहीं करता।

Posted By: Ajay Barve