कोरोना के नए वैरिएंट ओमिक्रॉन से दुनिया फिर दहशत में आ गई है। अब तक यह 57 देशों में फैल चुका है। यहां तक की डेनमार्क में सीवेज के पानी में इसकी पुष्टि हुई है। विश्व स्वास्थ्य संगठन ने भी सभी देशों को अलर्ट रहने को कहा है। इस बीच भारत सरकार भी ओमिक्रॉन को लेकर सतर्क हो गई है। केंद्र सरकार ने राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को निर्देश दिए हैं। कहा कि वे कोविड-19 में इस्तेमाल होने वाली दवाओं को पर्याप्त स्टोक सुनिश्चित कर लें। केस बढ़ने की आशंका को देखते हुए सरकार ने प्रदेशों को अस्पतालों की तैयारी की समीक्षा करने को भी कहा है।

केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव राजेश भूषण ने वीडियो कांफ्रेंस के जरिए ओमिक्रॉन वैरिएंट से निपटने के लिए तैयारी और वैक्सीनेशन की समीक्षा की। उन्होंने राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के स्वास्थ्य सचिवों और एनएचएम के एमडी को निर्देश दिए कि सभी हॉस्पिटलों में पीएसए संयंत्र, वेंटिलेटर और आक्‍सीजन कंसंट्रेटर का परिचालन सही ढंग से हो।

स्वास्थ्य मंत्रालय ने प्रदेशों से कहा कि केंद्र द्वारा दिए गए कई वेंटिलेटरों का इस्तेमाल तक नहीं किया गया। ऐसी घटनाओं की जल्द समीक्षा करने की जरूरत है। जिससे यह सुनिश्चित हो कि सभी पीएसए, ऑक्‍सीजन कंसंट्रेटर और वेंटिलेटर लगाए जाएं। यह देखें कि संयंत्र काम कर रहे हैं या नहीं।

Posted By: Navodit Saktawat