भारत में ओमिक्रोन: कोरोना वायरस के खतरनाक रूप ओमिक्रोन की भारत में एंट्री हो चुकी है। भारत समेत पूरी दुनिया के सामने यही सवाल है कि अब इस वायरस से कैसे बचा जाए? इस बीच, दक्षिण अफ्रीका से अच्छी खबर आई है। यहां डॉक्टरों ने कहा है कि जिन लोगों ने कोरोना वैक्सीन के दोनों डोज लगवाएं हैं, उन पर Omicron आसानी से हमला नहीं कर पा रहा है। दक्षिण अफ्रीकी मेडिकल एसोसिएशन की अध्यक्ष एंजेलिक कोएत्ज़ी ने समाचार एजेंसी एएनआई को बताया कि अभी तक हम यह पता लगा गए है कि टीका ओमिक्रोन से बचाव करहेगा, क्योंकि हर आयु वर्ग और अन्य तरह की बीमारियों के बावजूद, जिन लोगों को टीका लगाया गया है, उन्हें माइल्ड Omicron (हल्की बीमारी) ही पाया जा रहा है।

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कोवैक्सीन भी है Omicron से बचाव में कारगर

इस बीच, भारत से खबर है कि इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च (ICMR) के एक अधिकारी ने दावा किया है कि अन्य Covid-19 टीकों की तुलना में Covaxin Omicron वेरिएंट के खिलाफ अधिक प्रभावी हो सकती है।

आईसीएमआर के एक अन्य अधिकारी ने कहा, कोवैक्सिन एक संपूर्ण विषाणु-निष्क्रिय टीका है। यह पूरे वायरस को कवर करता है, इसलिए यह इस अत्यधिक उत्परिवर्तित नए संस्करण के खिलाफ काम कर सकता है। पहले यह पाया गया था कि कोवैक्सिन अल्फा, बीटा, गामा और डेल्टा जैसे सभी प्रकारों के खिलाफ प्रभावी थी। इसलिए, हम उम्मीद करते हैं कि यह नए संस्करण के खिलाफ भी प्रभावी होगी।

Posted By: Arvind Dubey