मुंबई। अगली बार आप 50 हजार रुपए से ज्यादा कीमत का सोना या चांदी खरीदने पर हो सकता है कि आपको पैन कार्ड या आधार कार्ड की जानकारी देनी पड़ सकती है। वर्तमान में 2 लाख रुपए से ज्यादा की खरीद पर केवाईसी नियमों का पालन करना होता है।

इंडस्ट्री सूत्रों के हवाले से मिल रही जानकारी में यह बात सामने आई है। माना जा रहा है कि एक फरवरी को पेश होने वाले आम बजट में बुलियन और ज्वेलरी की खरीद में 2 लाख रुपए की मौजूदा सीमा को कम करके 50 हजार रुपए तक किया जा सकता है।

जानकारों का मानना है कि काले धन के जमाखोरों के खिलाफ सरकार के अभियान के बीच इस तरह का कदम उठाया जा सकता है। नोटबंदी के बाद बड़े पैमाने पर काले धन के तौर पर मौजूद 500 और 1,000 रुपए के पुराने नोटों से बड़े पैमाने पर ज्वैलरी, बुलियन और रियल एस्टेट में निवेश किया गया।

नाम उजागर नहीं करने के अनुरोध पर कई ज्वैलर्स ने बताया कि नोटबंदी के बाद 500 और 1,000 रुपए के पुराने नोटों के बदले बड़े पैमाने पर सोने-चांदी की हुई बिक्री के कारण सरकार यह उपाय कर सकती है।

इनकम टैक्स, एन्फोर्समेंट डायरेक्टरेट और डिपार्टमेंट ऑफ रेवेन्यू इंटेलिजेंस जैसी रेग्युलेटरी एजेंसियां इसका पता लगाने के लिए बुलियन डीलर्स और ज्वैलर्स की जांच कर रही हैं कि नोटबंदी के ऐलान तुरंत बाद कितनी बिक्री हुई थी।

इंडियन बुलियन एंड ज्वैलर्स एसोसिएशन के नेशनल सेक्रटरी सुरेंद्र मेहता ने बताया कि मेरा अनुमान है कि आगामी बजट में एक लाख रुपए से ऊपर की खरीदारी के लिए केवाईसी को जरूरी किया जाएगा।

Posted By:

नईदुनिया ई-पेपर पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करे

नईदुनिया ई-पेपर पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करे

डाउनलोड करें नईदुनिया ऐप | पाएं मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और देश-दुनिया की सभी खबरों के साथ नईदुनिया ई-पेपर,राशिफल और कई फायदेमंद सर्विसेस

डाउनलोड करें नईदुनिया ऐप | पाएं मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और देश-दुनिया की सभी खबरों के साथ नईदुनिया ई-पेपर,राशिफल और कई फायदेमंद सर्विसेस

जीतेगा भारत हारेगा कोरोना
जीतेगा भारत हारेगा कोरोना